करवा चौथ पर व्रत रखने वाली महिलाओं को सुबह जल्दी उठकर सरगी तैयार करनी पड़ती है. इसके लिए कई महिलाएं रात में ही तैयारी शुरू कर देती हैं, ताकि सूर्योदय से पहले खाना खाकर व्रत शुरू कर सकें. लेकिन क्या हो अगर सुबह-सुबह रसोई में खाना बनाने के बजाय गरमा-गरम पराठे और चाय सीधे आपके घर पहुंच जाएं? सोशल मीडिया पर एक महिला ने इसी आइडिया के साथ फूड डिलीवरी कंपनी जोमैटो से खास मांग की है. उनका वीडियो इंटरनेट पर चर्चा में है.
इस महिला का नाम आर्ची सहगल है. वह एक रिलेशनशिप और सक्सेस मेंटर हैं. उन्होंने जोमैटो से अपील की है कि कंपनी करवा चौथ के दिन सुबह 4 बजे सरगी की डिलीवरी शुरू करे. उनका कहना है कि जब महिलाएं पति की लंबी उम्र के लिए पूरे दिन व्रत रखती हैं, तो उन्हें सुबह 3 बजे उठकर खाना बनाने के लिए अपनी नींद क्यों छोड़नी पड़े?
'व्रत मुझे रखना है, खाना बनाने के लिए नींद क्यों छोड़ूं?'
आर्ची सहगल ने अपने वीडियो में मजाकिया अंदाज में जोमैटो से सवाल किया कि जब व्रत महिलाओं को रखना है और पूरे दिन भूखे-प्यासे रहना है, तो सुबह-सुबह खाना बनाने की जिम्मेदारी भी उन्हीं पर क्यों हो? उन्होंने कहा कि पति की लंबी उम्र के लिए व्रत रखना है, अपनी उम्र थोड़ी कम करनी है. उनकी मांग है कि जोमैटो करवा चौथ के दिन सुबह 4 बजे महिलाओं के घर सरगी पहुंचाने की सुविधा शुरू करे. इससे महिलाओं को सुबह उठकर रसोई में ज्यादा समय नहीं बिताना पड़ेगा और वे आराम से सरगी खाकर अपना व्रत शुरू कर सकेंगी.
सरगी की थाली में क्या-क्या चाहती हैं आर्ची?
आर्ची चाहती हैं कि सुबह 4 बजे उनके घर गरमा-गरम आलू के पराठे, सफेद मक्खन, फेनियां और कड़क अदरक वाली चाय पहुंच जाए. सरगी में खाए जाने वाले ये पकवान कई महिलाओं को पसंद होते हैं. उन्होंने मजाकिया अंदाज में यह भी कहा कि अगर सरगी देर से पहुंची, तो पाप लगेगा. उनका कहना है कि अगर जोमैटो यह सुविधा शुरू कर देता है, तो देशभर की महिलाएं कंपनी को ढेर सारी दुआएं देंगी. उनका यह आइडिया उन महिलाओं के लिए भी मददगार हो सकता है, जो शादी के बाद अपने परिवार से दूर दूसरे शहरों में रहती हैं और जिन्हें सरगी की तैयारी खुद करनी पड़ती है.
सोशल मीडिया पर लोगों ने किया समर्थन
आर्ची के इस सुझाव पर सोशल मीडिया यूजर्स ने भी अपनी राय दी. कई लोगों को यह आइडिया पसंद आया और उन्होंने जोमैटो को टैग करके ऐसी सुविधा शुरू करने की मांग की. कुछ यूजर्स ने सरगी के लिए एक खास थाली शुरू करने का सुझाव भी दिया. लोगों ने खाने के मेन्यू को लेकर भी सुझाव दिए. किसी ने पनीर के पराठे शामिल करने की बात कही, तो किसी ने नारियल और अनार वाली सरगी की थाली का सुझाव दिया. कुछ महिलाओं ने यह भी बताया कि उन्हें ऐसी सुविधा की जरूरत महसूस होती है, खासकर तब जब वे अपने परिवार से दूर रहती हैं.
डिलीवरी पार्टनर्स की मेहनत पर भी उठे सवाल
हालांकि, इस आइडिया को लेकर सभी लोग एकमत नहीं हैं. कुछ यूजर्स ने सुबह 4 बजे डिलीवरी करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा और काम के समय को लेकर सवाल उठाए. उनका कहना है कि महिलाओं को सुविधा देना अच्छी बात है, लेकिन इसके लिए डिलीवरी पार्टनर्स की परेशानी और आराम का भी ध्यान रखना चाहिए. फिलहाल यह सोशल मीडिया पर दिया गया एक सुझाव है. जोमैटो ने ऐसी किसी खास सरगी डिलीवरी सेवा को शुरू करने की आधिकारिक घोषणा नहीं की है.