उन्नाव
उन्नाव (Unnao) भारत के राज्य उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) का एक शहर और जिला है. उन्नाव लोक सभा के अंतर्गत छह विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र हैं (Unnao, Assembly Constituency). इसका क्षेत्रफल 4,558 वर्ग किमी है.
2011 की जनगणना के आंकड़ों के मुताबिक उन्नाव की जनसंख्या लगभग 31 लाख है. यहां हर एक वर्ग किलोमीटर में 682 लोग रहते हैं (Unnao Population). इस जिले की 66.37 फीसदी जनसंख्या साक्षर है. इनमें पुरुष 75.05 फीसदी और महिलाओं की साक्षरता दर 56.76 फीसदी है (Unnao Literacy). इस जिले का लिंग अनुपात 868 है (Unnao, Sex ratio).
उन्नाव जिला लखनऊ और कानपुर के बीच में स्थित है. इस जिले की शुरूआत सई नदी के साथ होती है. यह लखनऊ से लगभग 60 किलोमीटर और कानपुर से लगभग 18 किलोमीटर की दूरी पर है. दोनों शहरों को जोड़ने वाले मुख्य राजमार्ग और रेलमार्ग यहां से गुजरते हैं. उन्नाव जिला मुख्यालय से 6 किमी की दूरी पर शारदा नहर के तट पर प्रियदर्शी नगर (हिन्दूखेड़ा) स्थित है.
पौराणिक मान्यता के अनुसार उन्नाव के गंगा तट के परियर नामक स्थल पर बैठकर महर्षि वाल्मीकि ने दुनिया का पहला महाकाव्य रामायण लिखी थी. मान्यता यह भी है कि लव-कुश ने अपने पिता और भगवान राम की सेना को यहीं परास्त किया था (Unnao History).
उन्नाव कई महान साहित्यकोरों की जन्मभूमि रहा है जिनमें सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला, डॉ॰ शिवमंगल सिंह सुमन, और आल्हा सम्राट लल्लू बाजपेई प्रमुख हैं (Unnao Writer Poet).
साइबर ठगों ने उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले के जेल अधीक्षक से ही 50 लाख की ठगी कर ली. ठगों ने जेल अधीक्षक से यह ठगी बेटी को मेडिकल कॉलेज में एडमिशन दिलाने के नाम पर की.
सोशल मीडिया पर एक विधायक का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने सवर्ण समाज के त्याग और उन पर फिल्मों में दिखाए जाने वाले चित्रण पर खुलकर अपनी राय रखी है. उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के फैसलों और क्षत्रिय धर्म की व्याख्या करते हुए समाज से बड़ा हृदय रखने की अपील की है.
सेंगर ने जेल में खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए सजा निलंबन की मांग की थी लेकिन सीबीआई और पीड़िता ने इसका कड़ा विरोध किया. कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए राहत देने से इनकार किया. सेंगर पहले से ही उन्नाव बलात्कार मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे हैं. इस फैसले को उनके लिए बड़ा कानूनी झटका माना जा रहा है.
उन्नाव के बांगरमऊ क्षेत्र में पारिवारिक कलह ने खौफनाक रूप ले लिया. आए दिन होने वाले झगड़ों के बाद एक पति ने पहले पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी और फिर खुद छत से फंदे पर लटककर जान दे दी. सुबह घर में सन्नाटा देख पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी. घटना से इलाके में दहशत फैल गई.
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में पारिवारिक कलह के चलते एक पति ने ऐसा कदम उठाया जिससे लोगों की रूह कांप गई. उसने पत्नी की हत्या कर खुद छत से फंदे से लटकर अपनी भी जान दे दी. घटना की वजह पति पत्नी की बीच आए दिन लड़ाई झगडा होना बताया जा रहा है. पु
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. एक युवक को लगातार आ रहे सपनों के बाद जब पीपल के पेड़ के नीचे खुदाई की गई, तो वहां से अष्टधातु की खाटू श्याम की मूर्ति निकली. इस खबर के फैलते ही ग्रामीणों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है.
लखनऊ-उन्नाव सीमा पर एक ट्रक और स्कॉर्पियो में टक्कर हो गई. जिसमें बीजेपी युवा मोर्चा मंडल के महामंत्री की मौत हो गई. हादसा इतना भयानक था कि कार के परखच्चे उड़ गए. जबकि कार में सवार सभी 7 लोग अंदर ही फंसे रहे गए.
बृजभूषण शरण सिंह ने उन्नाव रेप केस में दोषी ठहराए गए कुलदीप सिंह सेंगर का बचाव करते हुए उन्हें निर्दोष बताया है. दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा कुलदीप सिंह सेंगर की सजा निलंबित किए जाने पर उठे सवालों को लेकर उन्होंने कहा कि जब कोर्ट सजा देती है तो उसका सम्मान किया जाता है, लेकिन सजा निलंबन पर सवाल उठाना अदालत पर अविश्वास दर्शाता है.
उन्नाव रेप कांड में सजा भुगत रहे पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की बेटी ऐश्वर्या सेंगर ने अपने पिता के पक्ष में महत्वपूर्ण बयान दिया है. उन्होंने न्याय प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए कहा है कि उनके पिता के लिए बेगुनाही के मजबूत सबूत मौजूद हैं, लेकिन उन्हें नजरअंदाज किया जा रहा है. ऐश्वर्या सेंगर ने प्रकरण में न्यायिक प्रणाली की जांच की आवश्यकता पर बल दिया ताकि सच्चाई सामने आ सके.
ऐश्वर्या ने कहा कि वह इस बात से इनकार नहीं करतीं कि उनके पिता विधायक रहे हैं, लेकिन उन्होंने यह भी जोड़ा कि दूसरे पक्ष का परिवार भी राजनीति से दूर नहीं रहा है. उन्होंने कहा कि वर्ष 2022 में पीड़िता की मां विधानसभा चुनाव लड़ चुकी हैं, जो किसी भी तरह से एक छोटी राजनीतिक भूमिका नहीं कही जा सकती.
प्रधानी चुनाव की रंजिश, नाबालिग से रेप, पिता की हत्या, सीबीआई जांच, उम्रकैद और अब कुलदीप सिंह सेंगर की जमानत पर 'सुप्रीम' रोक. यह मामला एक बार फिर सुर्खियों में है. लेकिन नाबालिग पीड़िता के साथ हुए इस बेरहम कांड की कहानी का आगाज़ साल 2002 से होता है. पढ़ें, सेंगर और पीड़िता के परिवार की पूरी कहानी.
उन्नाव रेप केस में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद कुलदीप सेंगर की बेटी ने अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होनें कहा कि उन्हें बलात्कारी की बेटी कहा जाता है. साथ ही अनुरोध किया कि गलत फहमी ने फैलाई जाए, जो भी सवाल हो आप पूछ ले. उन्होनें बताया कि पीड़िता के पिता के मौत के वक्त कुलदीप सेंगर शहर में ही नहीं थे.
उन्नाव रेप मामले में सजा काट रहे कुलदीप सेंगर को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है. सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट के उस निर्णय पर रोक लगा दी है जिससे पीड़ित पक्ष को राहत मिली थी. इस मामले में पीड़िता के वकील हर्षित मौर्य ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले की वजह बताई है. देखिए.
उन्नाव रेप केस मामले पर कांग्रेस नेता तारिक रहमान ने दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा कुलदीप सेंगर की रिहाई पर अपनी प्तिरक्रिया दी. उन्होनें कहा कि जिस प्रकार उसके साथ व्यवहार हुआ, उसके लिए कड़ी कार्रवाई की आवश्यकता थी. उसे पूरी सहानुभूति मिलनी चाहिए थी, जो नहीं मिली. इसके कारण वह मजबूर होकर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने पर मजबूर हो गया.
सुप्रीम कोर्ट ने आज उन्नाव रेप केस में दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा कुलदीप सेंगर को राहत मिलने के बाद अपना फैसला सुनाया है. उन्होनें कहा कि हाई कोर्ट से एक राहत मिली है जिसमें बेल पर स्टे लगा दिया गया है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि अपराधी को अन्य मामलों में छोड़ा नहीं जाएगा.
सुप्रीम कोर्ट ने 2017 के उन्नाव दुष्कर्म मामले में पूर्व बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को दिल्ली हाई कोर्ट से मिली जमानत पर रोक लगा दी है. ट्रायल कोर्ट ने सेंगर को दोषी मानते हुए उन्हें इस मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई है.
उन्नाव रेप केस मामले में कुलीप सेंगर पर तीन गंभीर आरोप हैं. पहला, पोक्सो एक्ट के तहत नाबालिग के साथ रेप का मामला है. दूसरा, पेट्रेशन यौन उत्पीड़न और तीसरा, आईपीसी की धारा 376 के अंतर्गत रेप का मामला. इसके अतिरिक्त परिवार को धमकाने के साथ पिता की हत्या के आरोप भी सामने आए हैं, जिसके कारण दस साल की सजा भी मिली है.
उन्नाव रेप केस पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद पीड़िता ने अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि कोर्ट ने उनके साथ सही न्याय किया है जबकि पहले केवल दो जजों ने उन्हें नुकसान पहुंचाया था. पीड़िता ने बताया कि वह एक पति खो चुकी हैं और चाहती हैं कि उनके बच्चों को न्याय मिले. सुप्रीम कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी है.
दिल्ली हाईकोर्ट ने पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर की सजा को सस्पेंड किया था, लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट ने इस आदेश पर स्टे लगा दिया है. सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि जमानत मिलने के बावजूद कुलदीप सेंगर जेल से बाहर नहीं आ सकता है. यह आदेश सेंगर के खिलाफ चल रहे कानूनी कार्रवाई के मद्देनजर दिया गया है.
सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर की सजा सस्पेंड करने के दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश पर स्टे लगा दिया है. सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि जमानत मिलने के बाद भी कुलदीप सेंगर जेल से बाहर नहीं आ सकता है.
पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर की सजा सस्पेंड करने के दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश पर सुप्रीम कोर्ट ने स्टे लगा दिया है. सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि जमानत मिलने के बावजूद सेंगर जेल से बाहर नहीं आ सकेगा. इस आदेश के बाद न्याय प्रक्रिया में एक महत्वपूर्ण मोड़ आया है जो कुलदीप सेंगर के मामलों से जुड़ा हुआ है.