सुपरसोनिक मिसाइल
सुपरसोनिक मिसाइल (Supersonic Missile) सबसे तेज गति वाला मिसाइल होता है जो ध्वनि की गति यानी मैक-1 (Mach-1) से अधिक है. अधिकांश सुपरसोनिक मिसाइलें मैक-2 (Mach-2) और मैक-3 (Mach-3) के बीच की गति से उड़ती है, जो कि 2,300 मील प्रति घंटे तक होती है (Speed of Supersonic Missile).
जापान भारत के मिसाइल रेंजों का उपयोग लंबी दूरी के हथियारों, टाइप-25 एंटी-शिप मिसाइल और छोटे हमलावर ड्रोन के परीक्षण के लिए करना चाहता है. जापान के पास इतने बड़े रेंज वाला इलाका नहीं है.
ब्रह्मोस-2 रूसी जिरकॉन मिसाइल पर आधारित हाइपरसोनिक वर्जन हो सकता है. 7408 km/hr से अधिक गति हो सकती है. रूसी स्क्रैमजेट और भारतीय इलेक्ट्रॉनिक्स का मेल हो सकता है.
रक्षा मंत्रालय ने ब्रह्मोस एयरोस्पेस के साथ 661.50 करोड़ का डील किया है. नौसेना के युद्धपोतों के लिए फायर कंट्रोल सिस्टम और लॉन्चर खरीदें जाएंगे. 68 प्रतिशत स्वदेशी सामग्री का इस्तेमाल होगा.
बलूचिस्तान के आसमान में चमकीली वस्तु दिखाई पड़ी है. इसे बैलिस्टिक मिसाइल लॉन्च माना जा रहा है. कुछ रिपोर्ट्स में हाइपरसोनिक परीक्षण और री-एंट्री व्हीकल का भी जिक्र है. 23 सितंबर का अघोषित परीक्षण फेल होने का शक है.
रूस ने यूक्रेन के कई शहरों पर ओनिक्स-एम, जिरकॉन, इस्कंदर-एम समेत मिसाइलों और सैकड़ों ड्रोन से हमला किया. कीव, द्निप्रो समेत 10 क्षेत्रों में असर हुआ है. यूक्रेन ने ज्यादातर खतरे रोके लेकिन नुकसान हुआ है.
प्रधानमंत्री मोदी की वियतनाम के पीएम ली मिन हंग से मुलाकात में ब्रह्मोस मिसाइल डील को जोर मिलने की उम्मीद है. वियतनाम दक्षिण-पूर्व एशिया का तीसरा देश बनेगा. फिलीपींस और इंडोनेशिया पहले खरीद चुके हैं.
ब्रिक्स समिट के लिए रूसी राष्ट्रपति पुतिन भारत दौरे पर हैं. मोदी-पुतिन मुलाकात में S-400 की बची डिलीवरी, अतिरिक्त बैटरियां, ब्रह्मोस-एनजी अपग्रेड, Su-30MKI का सुपर सुखोई अपग्रेड और Su-57E पर चर्चा संभव है.
संसदीय समिति ने हाइपरसोनिक मिसाइल, सुपरसोनिक ग्लाइड हथियार और छठी पीढ़ी के लड़ाकू विमानों के लिए अलग बजट हेड बनाने की सिफारिश की है. डीआरडीओ इन पर तेजी से काम कर रहा है.
भारत और UAE ब्रह्मोस मिसाइल व आकाशतीर एयर डिफेंस सिस्टम की डील पर शुरुआती चर्चा कर रहे हैं. यह सौदा UAE की सुरक्षा मजबूत करेगा और भारत के रक्षा निर्यात को नई ऊंचाई देगा.
पाकिस्तान ने नई सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल फतह-3 पेश किया है. चीन की HD-1 पर बेस्ड यह मिसाइल 5 हजार km/hr की रफ्तार से 450 किमी तक मार कर सकती है. भारत के ब्रह्मोस का जवाब मानी जा रही है.
पाकिस्तान ने नई सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल फतह-3 पेश की है. चीन की तकनीक पर आधारित यह मिसाइल 450 किमी तक मार करने में सक्षम बताई जा रही है.
भारतीय सेना ने पूर्वी कमांड के अभ्यास प्रलयंकर में लैंड-बेस्ड ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफल प्रदर्शन किया. वीडियो में मिसाइल की तैनाती और लॉन्च की प्रक्रिया दिखाई गई. यह अभ्यास सेना की सटीकता, गति और लड़ाकू तैयारियों को दर्शाता है.
ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के समर्थन में B-1B लांसर बॉम्बर मिडिल ईस्ट के आसमानों में उतारा. यह भारी पेलोड और तेज रफ्तार वाला रणनीतिक विमान है.
पुतिन-मोदी शिखर सम्मेलन में आज रक्षा सौदों पर सबकी नजरें हैं. SU-57 फाइटर जेट (84+ विमान), S-500 एयर डिफेंस सिस्टम, अतिरिक्त S-400 रेजिमेंट, ब्रह्मोस-एनजी और Su-30 अपग्रेड पर बड़े ऐलान संभावित हैं. भारत में जॉइंट प्रोडक्शन और टेक्नोलॉजी ट्रांसफर पर जोर रहेगा. डिफेंस सेक्टर में उत्साह दिख रहा है. डिफेंस कंपनियों के शेयरों में उछाल की उम्मीद भी है.
आजतक के वर्ल्ड एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा कि भारत-रूस परमाणु सहयोग में बड़ी घोषणा जल्द आने वाली है. पुतिन ने कहा कि मोदी किसी के दबाव में नहीं झुकते. S-400, Su-57 जैसे सौदों पर बोले- हम सिर्फ हथियार नहीं, तकनीक और विश्वास साझा करते हैं. ब्रह्मोस, टी-90, कलाश्निकोव भारत में ही बन रहे हैं.
भारत को Su-57 इसलिए चाहिए क्योंकि चीन के J-20 व पाकिस्तान के आने वाले स्टील्थ जेट्स का मुकाबला करना है. IAF में सिर्फ 31 स्क्वाड्रन बची हैं, AMCA 2035 तक आएगा. रूस 100% तकनीक ट्रांसफर और भारत में उत्पादन का ऑफर दे रहा है. पुतिन की यात्रा में डील फाइनल हो सकती है. यह तुरंत ताकत और आत्मनिर्भरता दोनों देगा.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का स्पेशल विमान IL-96-3000 प्यू अब से कुछ ही घंटों में भारत की सरज़मीं पर लैंड करेगा. यह विमान 'हवा में उड़ता किला' है, जिसके सामने मिसाइलें भी फेल हो जाती हैं. पुतिन की अभेद्य सुरक्षा के लिए भारत में 5-लेयर सुरक्षा कवच तैयार है.
पुतिन 4-5 दिसंबर को भारत आ रहे हैं. इस दौरे में ब्रह्मोस मिसाइल के नए वर्जन पर बात पक्की है. हल्का ब्रह्मोस-NG हर फाइटर जेट पर लगेगा, रेंज 400 किमी से ज्यादा. लंबी रेंज वाली ब्रह्मोस 1000-1500 किमी तक मार करेगा. हाइपरसोनिक मिसाइल प्रोजेक्ट भी शुरू होगा. ऑपरेशन सिंदूर के बाद सेना को और खतरनाक ब्रह्मोस चाहिए. भारत-रूस की यह डील दुश्मनों की नींद उड़ा देगी.
Battle Ready Bharat: भारतीय सेना ने ब्रह्मोस की नई 800+ किमी रेंज वाली मिसाइल का सफल कॉम्बैट लॉन्च किया. अब पाकिस्तान का आखिरी कोना भी निशाने पर है. हल्की, तेज और घातक यह मिसाइल जमीन, समुद्र व हवा से मार कर सकती है. ऑपरेशन सिंदूर में दुश्मन के 11 एयरबेस तबाह करने वाली ब्रह्मोस अब भारत की सबसे बड़ी ताकत बन गई है.
फ्रांस की सैफ्रान कंपनी अब भारत में राफेल के M88 फाइटर जेट इंजन की पूरी असेंबली और Hammer घातक मिसाइलें बनाएगी. हैदराबाद में M88 इंजन लाइन और BEL के साथ जॉइंट वेंचर से मिसाइल प्रोडक्शन होगा. 100% टेक्नोलॉजी ट्रांसफर, हजारों नौकरियां और आत्मनिर्भर रक्षा के लिए बड़ा कदम. भारत जल्द ही जेट इंजन बनाने वाला देश बनेगा.
पाकिस्तान के परमाणु हथियार भारत के अधिकांश हिस्सों तक पहुंच सकते हैं, लेकिन भारत की मल्टी-लेयर्ड डिफेंस सिस्टम उन्हें आसमान में ही नष्ट करने की क्षमता रखते हैं. पाकिस्तान फाइटर जेट के जरिए भारत में घुसकर बम गिराने की हिम्मत नहीं कर सकता. मिसाइलें ही आखिरी रास्ता बचेगा, उसे रोकने के लिए भारत में बीएमडी सिस्टम (फेज I/II), एस-400, आकाश और रडार नेटवर्क है.