सोनिया गांधी, राजनेता
सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) जिनका असली नाम अंटोनिया एडवीज अल्बिना मायनो है (Sonia Gandhi original name), इटली में पैदा हुईं भारतीय राजनेता हैं. वह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की अध्यक्ष हैं.
उनका जन्म 9 दिसंबर 1946 को एक रोमन कैथोलिक परिवार में विसेंजा के करीब स्थित एक गांव लूसियाना में हुआ था (Sonia Gandhi Date of Birth). बाद में, वह भाषा की पढ़ाई करने के लिए कैम्ब्रिज, लंदन गईं जहां उनकी मुलाकाता भूतपूर्व भारतीय प्रधानमंत्री राजीव गांधी से हुई (Sonia Education).
साल 1968 में सोनिया और राजीव की शादी हुई (Sonia Marriage) जिनके दो बच्चे राहुल (Rahul Gandhi) और प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) हुए . साल 1991 में अपने पति की हत्या (Rajiv Gandhi Assassination) के बाद उन्होंने राजनीति में प्रवेश किया और 1998 में कांग्रेस पार्टी की लीडर बनीं (Sonia Political debut).
उनके नेतृत्व में, कांग्रेस ने 2004 लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज करते हुए अन्य राजनीतिक दलों के सहयोग से सरकार बनाई. सोनिया गांधी सबसे लंबे वक्त – लगातार 10 साल – तक कांग्रेस की अध्यक्ष रहने का कीर्तिमान बना चुकी हैं (Longest Serving Congress President). उन्होंने दिसंबर 2017 में कांग्रेस अध्यक्ष का पद छोड़ा जिसे उनके बेटे राहुल गांधी ने संभाला, लेकिन उन्हें एकबार फिर से, राहुल के पद त्याग करने के बाद 2019 में उन्हें कांग्रेस पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष का पदभार संभालना पड़ा.
नेशनल हेराल्ड मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने सोनिया गांधी, राहुल गांधी और अन्य को ED की याचिका पर जवाब दाखिल करने के लिए तीन सप्ताह का समय दिया है. ED ने ट्रायल कोर्ट के चार्जशीट पर संज्ञान नहीं लेने के फैसले को चुनौती दी है.
NEET पेपर लीक मुद्दे पर जारी आंदोलन के बीच Sonia Gandhi ने Narendra Modi सरकार पर निशाना साधते हुए शिक्षा व्यवस्था में सुधार और जवाबदेही की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों के साथ सख्ती बरत रही है और उनके मुद्दों को नजरअंदाज कर रही है।
देश भर में नीट( NEET) पेपर लीक को लेकर CJP का प्रदर्शन जारी है, ऐसे में अब सोनिया गांधी भी इनके समर्थन में खड़ी हो गई है और उन्होंने मोदी सरकार पर तीखा हमला होला है.
नीट विवाद और छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के विरोध में पीएम आवास के बाहर विपक्ष का बड़ा धरना हुआ. दिनभर चले घटनाक्रम में सरकार से बातचीत, तीखी बयानबाजी, पुलिस कार्रवाई और नेताओं की हिरासत तक क्या-क्या हुआ, पढ़िए पूरी टाइमलाइन.
कांग्रेस नेता सोनिया गांधी नई दिल्ली स्थित मंदिर मार्ग थाने में पहुंचीं. इसी थाने में प्रियंका गांधी को पुलिस ने हिरासत में लेकर रखा हुआ था. बाद में पुलिस ने रात 9 बजे के करीब उन्हें रिलीज कर दिया.
कांग्रेस ने दिल्ली में इंदिरा भवन के नाम से अपना नया मुख्यालय बना लिया है, लेकिन आज भी कांग्रेस ने अपने पुराने दफ्तर 24 अकबर रोड पर कब्जा बरकरार रखा है. कांग्रेस ने इस 24 अकबर रोड वाले दफ्तर का किराया 13 साल से अदा नहीं किया है. जानिए बीजेपी के 11 अशोक रोड वाले कार्यलय की जानकारी आरटीआई से क्या मिली?
कांग्रेस ने टीएमसी के साथ संभावित विलय की अटकलों को सिरे से खारिज कर दिया है। कांग्रेस महासचिव K. C. Venugopal ने कहा कि Mamata Banerjee और Abhishek Banerjee के साथ हुई बैठक में केवल राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई थी, न कि किसी विलय पर। उन्होंने ऐसी खबरों को "बेबुनियाद अफवाह" बताया।
कांग्रेस ने महंगाई, बेरोजगारी और पेपर लीक के खिलाफ देशव्यापी अभियान का ऐलान किया है. बैठक में राहुल गांधी की टिप्पणी चर्चा में रही.
कांग्रेस और टीएमसी ने पिछले कुछ वक्त से चल रहीं विलय की अटकलों को खारिज कर दिया है. दोनों दलों का कहना है कि हालिया बैठकों में सिर्फ राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई है.
तृणमूल कांग्रेस रोज टूट रही है. पंचायत से लेकर संसद तक. लेकिन, ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी खामोश हैं. वे पिछले दिनों दिल्ली में सोनिया गांधी और राहुल गांधी से मुलाकातें करते रहे. चर्चा ये चल रही है कि कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस का मर्जर हो सकता है. लेकिन, यही चर्चा कई सवालों को भी जन्म दे रही है?
बंगाल चुनाव के बाद तृणमूल कांग्रेस में आया भूचाल समय के साथ बढ़ रहा है. हर दिन ममता की सेना से सैनिक, सेनापति भागते ही जा रहे हैं. पहले विधायकों ने बगावत की अब सांसदों ने. ममता का कुनबा पूरी तरह से छिन्न भिन्न हो चुका है. लेकिन इस बीच खबर ये आ रही है कि ममता घर वापसी की तरफ भी बढ़ रही हैं. ममता की जिस तरह से 10 जनपथ से निकटता बढ़ रही है और पिछले तीन दिनों में बार बार सोनिया गांधी और ममता की मुलाकात ने तरह तरह की चर्चाएं तेज कर दी हैं.
ममता बनर्जी के प्रति राहुल गांधी और अधीर रंजन चौधरी का व्यवहार पहले भी अलग अलग रहा है. लेकिन, पश्चिम बंगाल पहुंचकर राहुल गांधी भी अब ममता बनर्जी के साथ अधीर रंजन चौधरी की ही तरह पेश आने लगे हैं - असल में, ये सब ममता बनर्जी के एक्शन के प्रति ही कांग्रेस का रिएक्शन लगता है.
अशोक गहलोत के निशाने पर एक बार फिर सचिन पायलट आ गए हैं. लेकिन, इस बार तो अशोक गहलोत ने बीजेपी के बहाने सचिन पायलट और सचिन पायलट के बहाने कांग्रेस नेतृत्व तक को सवालों के कठघरे में खड़ा कर दिया है - आखिर अशोक गहलोत कौन सा राजनीतिक संदेश देना चाहते हैं?
अशोक गहलोत ने कांग्रेस अध्यक्ष पद को लेकर एक बार फिर बड़ा दावा किया है। उनका कहना है कि Sonia Gandhi और पार्टी नेतृत्व उन्हें राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाने का फैसला कर चुके थे, लेकिन एक कथित साजिश के कारण पूरा घटनाक्रम बदल गया।
कर्नाटक की राजनीति में इस हफ्ते बड़ा बदलाव हुआ है. सिद्धारमैया ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है. डीके शिवकुमार अब प्रदेश की राजनीति और पार्टी दोनों में मजबूत हो गए हैं. लेकिन पुराने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया चुप बैठने के मूड में नहीं हैं.
कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया की दिल्ली यात्रा ने कांग्रेस के अंदर राजनीतिक हलचल को और तेज कर दिया है. खराब मौसम के कारण उनकी विशेष फ्लाइट दिल्ली की बजाय पहले जयपुर में उतारी गई. गुरुवार रात होने वाली बैठक को शुक्रवार सुबह तक के लिए टाल दी गई है.
इस्तीफे के बाद सिद्धारमैया दिल्ली जा रहे हैं. उनकी यह यात्रा सिर्फ एक आम दौरा नहीं है. कांग्रेस पार्टी उन्हें राज्यसभा जाने और दिल्ली में एक बड़ी भूमिका निभाने के लिए मनाना चाहती है. राहुल गांधी खुद उनसे मिलेंगे. सोनिया गांधी से भी मुलाकात होगी.
तमिलनाडु के सीएम विजय दिल्ली में कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात किए बिना ही गुरुवार दोपहर चेन्नई वापस लौट गए. दोनों नेताओं के बीच सुबह होने वाली ये बैठक व्यस्त शेड्यूल के कारण नहीं हो सकी, जिसके बाद अब 11 जून को मुलाकात की नई तारीख तय की गई है.
राहुल गांधी समेत कांग्रेस के कई बड़े नेताओं ने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के उनकी 35वीं पुण्यतिथि पर को श्रद्धांजलि अर्पित की. राहुल गांधी ने अपने पिता के साथ पुरानी तस्वीर साझा करते हुए उनके सपनों का भारत बनाने का संकल्प लिया.
कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी रुटीन चेकअप के बाद घर लौट आई हैं. उन्हें बुधवार सुबह गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था. इससे पहले मार्च में भी उनकी तबीयत बिगड़ने पर दिल्ली के सर गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराया गया था.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2029 के आम चुनाव से महिला आरक्षण कानून लागू करना चाहते हैं, और उसके लिए संसद के विशेष सत्र में संशोधन विधेयक लाए जा रहे हैं. एक विधेयक परिसीमन को लेकर है, जिसका विपक्षी दल खासकर दक्षिण भारत के नेता कड़ा विरोध कर रहे हैं - क्या बीजेपी ने कोई जोखिम भरा कदम बढ़ाया है?