सिक्किम (Sikkim) भारत का एक राज्य है. यह उत्तर - पूर्व में स्थित है (State of India). इसकी सीमा, उत्तर और उत्तर पूर्व में चीन से, पूर्व में भूटान, पश्चिम में नेपाल और दक्षिण में पश्चिम बंगाल से लगती है. सिक्किम सिलीगुड़ी कॉरिडोर के भी करीब है, जो बांग्लादेश की सीमा से लगा हुआ है. यह सबसे कम आबादी वाला और भारतीय राज्यों में दूसरा सबसे छोटा राज्य है. राज्य में 6 जिले हैं (Districts of Sikkim). सिक्किम की राजधानी गंगटोक (Gangtok) है, सबसे बड़ा शहर भी है (Capital of Sikkim).
राज्य का लगभग 35 फीसदी भाग खंगचेंदज़ोंगा राष्ट्रीय उद्यान से घिरा हुआ है (Sikkim Geographical Location).
पूर्वी हिमालय में स्थित, सिक्किम अपनी जैव विविधता के लिए प्रसिद्ध है. भारत की सबसे ऊंची चोटी और पृथ्वी पर तीसरी सबसे ऊंची चोटी, कंचनजंगा इस राज्य में स्थित है.
आधुनिक सिक्किम एक बहुजातीय और बहुभाषी भारतीय राज्य है. राज्य की आधिकारिक भाषाएं अंग्रेजी, नेपाली, सिक्किमी और लेप्चा हैं. राज्य में संस्कृति और परंपरा से जुड़े अतिरिक्त आधिकारिक भाषाओं में गुरुंग, लिम्बु, मगर, मुखिया, नेवारी, राय, शेरपा और तमांग शामिल हैं. प्रमुख धर्म, हिंदू धर्म और बौद्ध धर्म हैं (Sikkim, Religion and Languages).
सिक्किम की अर्थव्यवस्था काफी हद तक कृषि और पर्यटन पर निर्भर है. 2019 तक, भारतीय राज्यों में राज्य का पांचवां सबसे छोटा सकल घरेलू उत्पाद था, हालांकि यह सबसे तेजी से बढ़ने वाले राज्यों में भी है.
सिक्किम भारत में इलायची उत्पादन का सबसे बड़ा हिस्सा है, जो ग्वाटेमाला के बाद दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मसाला उत्पादक है.
सिक्किम निचले हिमालय के एक पारिस्थितिक हॉटस्पॉट में स्थित है, जो भारत के तीन पारिस्थितिक क्षेत्रों में से एक है (Sikkim Economy).
राज्य के जंगलो में जीवों और वनस्पतियों की विविधता है. इसकी ऊंचाई के कारण अल्पाइन और टुंड्रा वाले पौधों की एक विस्तृत विविधता है. सिक्किम का लगभग 81 प्रतिशत क्षेत्र इसके वन विभाग प्रशासन के अंतर्गत आता है (Sikkim Forest).
नक्शे पर मौजूद होने के बावजूद रेलवे की दुनिया में आज भी लापता यह भारत का इकलौता राज्य है, जहां स्टेशन पहुंचने के लिए सरहद पार करनी पड़ती है.
कश्मीर से लेकर सिक्कम, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पहाड़ों पर बर्फबारी हुई है. ऊंचे पहाड़ी क्षेत्र अब बर्फ की सफेद चादर से ढकने लगे हैं. पहाड़ों पर बर्फबारी से न सिर्फ प्राकृतिक सुंदरता बढ़ी है बल्कि क्षेत्रीय तापमान में भी गिरावट आई है. कश्मीर के गुलमर्ग, सोनमर्ग में भी पर्यटकों का जमावड़ा लगा है. देखिए रिपोर्ट.
कश्मीर में भारी बर्फबारी हुई है. बड़ी संख्या में लोग यहां सुंदर नजारों का आनंद लेने पहुंच रहे हैं और बेहतरीन पलों को जी रहे हैं. वहीं कई जगहों पर बर्फबारी के कारण लोगों को परेशानी का सामना भी करना पड़ रहा है.
नए साल की शुरुआत में हिमालयी राज्यों सिक्किम और जम्मू कश्मीर में भारी बर्फबारी हुई है. उत्तरी सिक्किम के यमथांग वैली, जीरो पॉइंट, थुम थांग वैली, नथुला पास, बाबा मंदिर और चांगू झील पर बर्फबारी ने मौसम को सर्दियों की चरम सीमा तक पहुंचा दिया है. जम्मू कश्मीर के श्रीनगर और लद्दाख के ऊंचे इलाके भी बर्फ से ढक गए हैं, जिससे सड़कों पर आवाजाही बंद हो गई. बर्फबारी ने पर्यटन को बढ़ावा दिया है, पर्यटक सफेद वादियों का आनंद ले रहे हैं.
सिक्किम के गोएचा ला ट्रेकिंग रूट पर दुखद घटना हो गई. यूपी से ट्रेकिंग के लिए पहुंचे एक 45 वर्षीय व्यक्ति की करीब 12,000 फीट की ऊंचाई पर तबीयत बिगड़ गई. साथियों और गाइड्स ने प्राथमिक उपचार दिया और रेस्क्यू की कोशिश भी की गई, लेकिन दुर्गम रास्ते और ऊंचाई की वजह से समय रहते अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका और ट्रेकर की मौत हो गई.
सर्दियों में अगर आप मनाली या गोवा से हटकर कुछ नया और सुकून भरा अनुभव करना चाहते हैं, तो उत्तर-पूर्व (North East) की वादियां आपका इंतजार कर रही हैं. यहां न सिर्फ आपको कुदरत का करिश्मा देखने को मिलेगा, बल्कि सर्दियों की छुट्टियों को यादगार बनाने के लिए बेहतरीन शांति और रोमांच भी मिलेगा.
सिक्किम में चीन की सीमा के पास जीरो पॉइंट इलाके में भारी बर्फबारी हो रही है. यह स्थान सिक्किम का अंतिम पर्यटन स्थल माना जाता है. लाचुंग और चुनथांग में भी पिछले तीन दिनों से बर्फबारी जारी है. आज सुबह जीरो पॉइंट पर ताज़ा बर्फबारी हुई, जिससे पूरे क्षेत्र पर सफेद चादर जैसी बर्फ जम गई है.
सिक्किम में चीन सीमा के पास स्थित जीरो पॉइंट, लाचुंग और चुनथांग में भारी बर्फबारी हो रही है, जिससे पूरा इलाका बर्फ की सफेद चादर से ढक गया है. लाचुंग और चुनथांग में पिछले 3 दिनों से बर्फबारी हो रही है, जबकि जीरो पॉइंट पर आज सुबह ताजा बर्फबारी हुई है. इस बर्फबारी के कारण तापमान में भारी गिरावट आई है, लेकिन पर्यटकों के लिए यह एक रोमांचक अनुभव बन गया है.
लाचुंग और चुंगथांग अपनी प्राकृतिक खूबसूरती और शांत वातावरण के लिए जाने जाते हैं.
अक्टूबर 2025 में जम्मू-कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड में बर्फबारी हो गई. ला नीना प्रभाव से दिसंबर-फरवरी तक सर्दी सामान्य से ठंडी (0.5-1°C कम) रहेगी. उत्तर भारत में कोल्ड वेव, दिल्ली में न्यूनतम 4-6°C. फसलें प्रभावित होगीं. पर्यटन को फायदा, लेकिन यात्रा में सावधानी जरूरी है.
हिमाचल प्रदेश और सिक्किम में बर्फबारी हुई है. हिमाचल प्रदेश के कई पहाड़ी इलाकों में बर्फ की सफेद चादर बिछ गई है. किन्नर जिले में कई जगहों पर बर्फबारी से पारा शून्य पहुंच चुका है, जिससे निचले इलाकों में ठंड बढ़ गई है. लाहौल स्पीति, कुल्लू और चंपा समेत कई इलाकों में सीजन की पहली बर्फबारी हुई है.
भारत के लगभग हर राज्य तक रेल नेटवर्क फैला हुआ है, लेकिन सिक्किम अब भी देश का एकमात्र राज्य है जहां ट्रेनें नहीं चलतीं. पहाड़ी इलाके की चुनौतियों के बीच सिवोक-रंगपो रेल परियोजना पर काम जारी है और जल्द ही सिक्किम भी भारतीय रेलवे नेटवर्क से जुड़ जाएगा.
पश्चिम सिक्किम के सर्दुंग लामा गांव में लगातार तीन दिन की भारी बारिश के कारण भूस्खलन हुआ, जिसमें पंचायत अध्यक्ष राजेन गुरंग और उनके पांच मवेशी मलबे में दब गए. स्थानीय लोगों ने बचाव प्रयास किए, लेकिन वे बच नहीं सके. इससे पहले रांबी में भी भूस्खलन से चार लोगों की मौत हुई थी.
क्या भारत में सब जगह ट्रेनें पहुंच चुकी है या फिर कई ऐसे भी राज्य है जहां अभी तक ट्रेन नहीं पहुंची है?
पश्चिम सिक्किम के यांगथांग में लैंडस्लाइड के चलते चार लोगों की मौत और तीन अब भी लापता हैं. लैंडस्लाइड की चपेट में आने से तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई. राहत-बचाव अभियान में जुटी पुलिस टीम ने स्थानीय ग्रामीणों और SSB के जवानों की मदद से एक अस्थायी लकड़ी के पुल के सहारे बाढ़ग्रस्त ह्यूम नदी को पार कर दो घायल महिलाओं को सुरक्षित बाहर निकाला.
मॉरीशस के प्रधानमंत्री नवीन रामगुलाम अपने तीन दिवसीय भारत दौरे पर है. कल शाम गुलाम दशाश्वमेध घाट पर गंगा आरती में शामिल हुए. जहां उत्तर प्रदेश की उप राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया. आज पीएम गुलाम अयोध्या पहुचेंगे जहां सीएम आदित्यनाथ योगी उनका स्वागत करेंगे. वहीं दूसरी तरफ सिक्किम में भूस्खलन से 4 लोगों की मौत हो गई.
पश्चिम सिक्किम में देर रात हुए एक दर्दनाक भूस्खलन के चलते चार लोगों की मौत हो गई है और तीन अन्य लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं. इस लैंडस्लाइड की चपेट में आने से तीन लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. घटना के बाद, स्थानीय ग्रामीणों और एसएसबी के जवानों की मदद से पुलिस टीमों ने एक बड़ा राहत और बचाव अभियान शुरू किया. बचाव दल ने बाढ़ ग्रस्त क्योंम नदी को एक अस्थायी लकड़ी के पुल के सहारे पार करके दो घायल महिलाओं को बाहर निकाला.
पश्चिम सिक्किम के यांगथांग विधानसभा क्षेत्र के अपर रिंबी में आधी रात में भूस्खलन हुआ है. इस घटना में चार लोगों की मौत हो गई और तीन लोग लापता हैं. सिक्किम में हुए लैंडस्लाइड का वीडियो काफी डरावना है.
पश्चिमी सिक्किम के यांगथांग में देर रात भूस्खलन से बड़ा हादसा हुआ. इसमें चार लोगों की मौत हो गई और तीन लापता हैं. पुलिस व स्थानीय लोगों ने अस्थायी पुल बनाकर दो महिलाओं को बचाया, लेकिन एक ने अस्पताल में दम तोड़ दिया. दूसरी की हालत गंभीर बनी हुई है.
भारतीय सेना के PARA (SF) और नौसेना के MARCOS ने सिक्किम में 17000 फीट की ऊंचाई पर 30 अगस्त से 5 सितंबर 2025 तक युद्ध डाइविंग प्रशिक्षण किया. ठंडे पानी में 17 मीटर गहरी डाइविंग, रात में युद्ध अभ्यास और कठिन इलाकों में ट्रेनिंग हुई. यह अभ्यास सेनाओं की एकजुटता, हिम्मत और हर चुनौती के लिए तैयारियों को दर्शाता है.
जम्मू-कश्मीर से लेकर केरल तक, बादल फटने के 7 खतरनाक जोन देश के लिए चुनौती बने हुए हैं. फ्लैश फ्लड और भूस्खलन जैसे खतरे जान-माल और संपत्ति को नुकसान पहुंचा रहे हैं. वैज्ञानिकों के मुताबिक, जलवायु परिवर्तन और मानवीय गतिविधियां इस समस्या को बढ़ा रही हैं.