Sawan 2026: सनातन धर्म में देवाधिदेव महादेव को समर्पित पवित्र सावन का महीना अत्यंत फलदायी, आध्यात्मिक और ऊर्जावान माना जाता है. इस वर्ष सावन मास का शुभारंभ 30 जुलाई 2026 से हो गया है. वास्तु शास्त्र और ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, घर का मुख्य प्रवेश द्वार सिर्फ आने-जाने का रास्ता नहीं, बल्कि ब्रह्मांडीय ऊर्जाओं के प्रवेश का मुख्य केंद्र होता है. घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार बनाए रखने और भगवान शिव व माता लक्ष्मी की कृपा प्राप्त करने के लिए सावन के पहले दिन से लेकर पूरे महीने कुछ विशेष वास्तु उपायों को अपनी दैनिकचर्या में शामिल करना बेहद चमत्कारी परिणाम देता है. आइए जानते हैं उन 4 अचूक उपायों के बारे में जिन्हें सावन के दौरान रोजाना करने से घर की दरिद्रता दूर होती है.
1. हल्दी के जल का छिड़काव (रोजाना सुबह) वास्तु शास्त्र के अनुसार, हल्दी का संबंध गुरु ग्रह और सकारात्मक ऊर्जा से होता है. सावन के पवित्र महीने में हर रोज सुबह स्नानादि से निवृत्त होकर एक लोटे जल में एक चुटकी हल्दी मिला लें. इसके बाद इस पवित्र जल का छिड़काव रोजाना अपने घर के मुख्य द्वार और उसकी चौखट के आसपास करें. माना जाता है कि इस उपाय से घर में मौजूद तमाम नकारात्मक ऊर्जाएं नष्ट होती हैं और घर में सुख-समृद्धि का वास होता है.
2. मुख्य द्वार पर 'ॐ' का शुभ चिह्न हिंदू संस्कृति में 'ॐ' को ब्रह्मांड की मूल ध्वनि माना गया है. भगवान शिव की आराधना और मंत्र साधना का आधार भी यही अक्षर है. सावन के पहले दिन अपने घर के मुख्य दरवाजे के दोनों ओर या बीच में कुमकुम, सिंदूर या अष्टगंध से 'ॐ' का पवित्र चिह्न अवश्य बनाएं. इसे रोजाना साफ रखें और यदि यह हल्का पड़ जाए, तो सावन के दौरान हर सोमवार को इसे दोबारा ताज़ा कर लें. यह चिह्न किसी भी प्रकार की बुरी नजर, बाधा या नकारात्मक शक्तियों को आपकी दहलीज के बाहर रोकने में सहायक होता है.
3. आम के पत्तों और फूलों का तोरण सावन का महीना प्रकृति और हरियाली का प्रतीक है. इस पावन मास में ताजे आम के पत्तों और गेंदे के पीले फूलों की माला (तोरण) बनाकर अपने मुख्य द्वार पर जरूर लगाएं. जब पत्ते और फूल सूख जाएं, तो सावन के हर सोमवार को नया और ताजा तोरण लगा लें. आम के पत्तों का तोरण घर में सकारात्मकता को आकर्षित करता है .
4. फूलों की सुंदर रंगोली (रोजाना) सावन के आगमन पर घर के मुख्य द्वार को सजाना बेहद शुभ माना जाता है. सावन के पूरे महीने रोज सुबह प्रवेश द्वार के बाहर ताजे फूलों से या चावल के आटे और हल्दी से एक आकर्षक रंगोली सजाएं. रंगोली केवल सौंदर्य ही नहीं बढ़ाती, बल्कि घर में आने वाले मेहमानों और सकारात्मक ऊर्जा का स्वागत करती है. सावन के महीने में की जाने वाली यह सजावट आपके घर में पूरे साल आनंद, उल्लास और शिव कृपा का माहौल बनाए रखेगी.