बेंगलुरु घूमने आई एक विदेशी महिला ने कैब ड्राइवर पर टोल के नाम पर ज्यादा पैसे मांगने का आरोप लगाया है. महिला का दावा है कि जब उसने कहा कि पहले Uber से किराया कन्फर्म कर लेते हैं, तो ड्राइवर ने कथित तौर पर उसे बीच रास्ते उतरने के लिए कह दिया. इसके बाद महिला ने दूसरी Uber बुक की और उसी रास्ते पर पहुंची, लेकिन इस बार उससे कोई एक्स्ट्रा टोल चार्ज नहीं लिया गया. महिला ने सोशल मीडिया पर पूरी घटना साझा कर पुलिस और Uber से जांच की मांग की है.
बेंगलुरु घूमने आई थीं. कैब बुक की. रास्ता शुरू हुआ. सब ठीक चल रहा था. फिर टोल आया. यहीं से सफर का पूरा मूड बदल गया. विदेशी महिला का आरोप है कि Uber ड्राइवर ने उससे टोल के नाम पर अतिरिक्त पैसे मांग लिए. महिला को लगा कि टोल का पैसा उसके किराए में पहले से जुड़ा हुआ है.

इसलिए उसने एक सीधी सी बात कही. Uber से पूछ लेते हैं. यानी अगर सच में एक्स्ट्रा पैसा देना है तो कंपनी से कन्फर्म कर लेते हैं. लेकिन महिला का दावा है कि ड्राइवर को यह बात पसंद नहीं आई. उसने कथित तौर पर महिला से कहा कि गाड़ी से उतर जाओ.
अब जरा जगह भी समझिए. महिला के मुताबिक, यह कोई शांत जगह नहीं थी, जहां आराम से कैब से उतरा जा सके. ड्राइवर ने कथित तौर पर एक व्यस्त तीन-तरफा चौराहे के पास गाड़ी रोक दी थी. महिला ने उतरने से मना कर दिया. उसका कहना है कि वह बीच रास्ते उतरकर खुद को असुरक्षित महसूस कर रही थी.
इसके बाद ड्राइवर ने कथित तौर पर गाड़ी किनारे लगाई और उस पर चिल्लाने लगा. आखिर में महिला को कैब से उतरना पड़ा. अब अगला सवाल था, जाना कहां है? मंजिल अभी बाकी थी. इसलिए महिला ने दूसरी Uber बुक की. उसके मुताबिक, करीब 10 मिनट इंतजार करने के बाद दूसरी कैब आई. दूसरे ड्राइवर ने भी वही रास्ता लिया. वही रूट. वही टोल. लेकिन इस बार कोई अतिरिक्त पैसे नहीं मांगे गए.
महिला का दावा है कि दूसरे ड्राइवर ने बिना किसी एक्स्ट्रा टोल चार्ज के उसे उसकी मंजिल तक पहुंचा दिया. अब महिला के दिमाग में एक सवाल तो आया ही होगा. अगर दूसरे ड्राइवर ने पैसे नहीं मांगे, तो पहले ड्राइवर ने क्यों मांगे? महिला ने इसके बाद Uber से संपर्क किया. उसके मुताबिक, कंपनी ने उसे बताया कि टोल पहले से ही उसके Uber किराए में शामिल था.

इसके बाद महिला ने पूरी घटना सोशल मीडिया पर शेयर कर दी. उसने Uber और पुलिस से मामले की जांच करने की मांग की. साथ ही उस कैब का रजिस्ट्रेशन नंबर भी शेयर किया, जिसका इस्तेमाल उसने पहले सफर में किया था. मामला सोशल मीडिया पर पहुंचा तो पुलिस एक्शन में आ गई. पुलिस ने महिला की पोस्ट पर बताया कि शिकायत को संबंधित विभाग के पास भेज दिया गया है.
अब जांच में असली तस्वीर सामने आएगी. क्या ड्राइवर ने सच में टोल के नाम पर अतिरिक्त पैसे मांगे थे? क्या किराए में वह टोल पहले से शामिल था? क्या महिला को बीच रास्ते उतरने के लिए कहा गया? और अगर उसी रूट पर दूसरे ड्राइवर ने बिना एक्स्ट्रा पैसे लिए सफर पूरा किया, तो पहले ड्राइवर ने ज्यादा पैसे क्यों मांगे? इन सवालों के जवाब फिलहाल जांच के बाद ही मिलेंगे.
ड्राइवर की ओर से इस पूरे मामले पर कोई जवाब सामने आया है या नहीं, यह भी स्पष्ट नहीं है. एक ही रास्ता था. एक ही टोल था. दो कैब ड्राइवर थे. पहले सफर में टोल के पैसे को लेकर विवाद हुआ. दूसरे सफर में उसी टोल से गुजरने के बावजूद कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं लिया गया. फिलहाल बेंगलुरु की यह कैब राइड सोशल मीडिया पर सवाल बनकर घूम रही है.