
आंध्र प्रदेश में चक्रवात अर्नब के बाद जनजीवन को सामान्य करने के लिए सरकारी टीमें लगातार काम कर रही हैं. मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू पिछले चार दिनों से चक्रवात के असर और राहत-बचाव के काम की लगातार निगरानी कर रहे हैं. वह प्रभावित इलाकों का दौरा भी कर रहे हैं और अधिकारियों के साथ बैठक कर बिजली, सड़क और संचार व्यवस्था बहाल करने के काम की समीक्षा कर रहे हैं.
सरकार के मुताबिक, प्रभावित इलाकों में बिजली बहाल करने का काम तेजी से चल रहा है. एपीईपीडीसीएल के तहत बिजली कटौती से प्रभावित 5,404 गांवों में से 4,881 गांवों में बिजली बहाल कर दी गई है. यानी करीब 90 फीसदी गांवों में बिजली लौट चुकी है. प्रभावित 552 बिजली सब-स्टेशनों में से 513 को भी बहाल कर दिया गया है.
चक्रवात के कारण कई जगह पेड़ गिरने से सड़कें बंद हो गई थीं. सड़क एवं भवन विभाग की सड़कों पर गिरे सभी 2,270 पेड़ों को हटा दिया गया है. 137 जगहों पर यातायात प्रभावित हुआ था, जिनमें से 119 जगहों पर रास्ता बहाल कर दिया गया है.मोबाइल नेटवर्क को भी ठीक किया जा रहा है. चक्रवात से प्रभावित 1,045 मोबाइल टावरों में से 661 को बहाल कर दिया गया है. बाकी टावरों पर भी काम जारी है.

फसलों को भी हुआ नुकसान
चक्रवात और बारिश से 16 जिलों में 3,52,254 हेक्टेयर कृषि फसलें पानी में डूब गईं. इसके अलावा 23,211 हेक्टेयर बागवानी फसलें प्रभावित हुई हैं. फसल नुकसान का आकलन करने के लिए केंद्र की टीमें राज्य का दौरा करेंगी. राज्य सरकार ने जमीन पर हुए नुकसान की पूरी जानकारी केंद्र के सामने रखने और मदद लेने की तैयारी की है.

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा है कि जब तक आखिरी प्रभावित व्यक्ति तक मदद नहीं पहुंच जाती और सभी समस्याएं दूर नहीं हो जातीं, तब तक काम जारी रखा जाए. सरकार का कहना है कि बिजली, सड़क और संचार व्यवस्था को जल्द से जल्द सामान्य करने के लिए टीमें लगातार मैदान में काम कर रही हैं.