गुजरात के सुरेंद्रनगर जिले के थानगढ़ तालुका में दुनिया भर में मशहूर तरनेतर मेले में इस बार लड्डू कॉम्पिटिशन लोगों के बीच खास आकर्षण का केंद्र रहा. रूरल ओलंपिक्स के तहत आयोजित इस अनोखे कॉम्पिटिशन में 28 कंटेस्टेंट्स ने हिस्सा लिया. 30 मिनट तक चले इस मुकाबले में विंचिया तालुका के ओरी गांव के रहने वाले बलवंतभाई राघवानी ने 28 लड्डू खाकर लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम किया. तरनेतर मेले में स्पोर्ट्स, यूथ एंड कल्चरल एक्टिविटीज डिपार्टमेंट, स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ गुजरात और डिस्ट्रिक्ट ट्रेनिंग सेंटर की मिली-जुली पहल से इस लड्डू कॉम्पिटिशन का आयोजन किया गया. लोक संस्कृति से जुड़े इस अनोखे मुकाबले को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुटे.
कॉम्पिटिशन में 25 से 75 साल की उम्र के कुल 28 कंटेस्टेंट्स ने हिस्सा लिया. नियम के मुताबिक सभी प्रतिभागियों को 30 मिनट के अंदर दाल और चीनी लगे बेसन के लड्डू खाने थे. मुकाबला शुरू होते ही कंटेस्टेंट्स ने तेजी से लड्डू खाना शुरू कर दिया और दर्शकों में भी उत्साह बढ़ता गया.
15 मिनट में कई कंटेस्टेंट हुए बाहर
कॉम्पिटिशन के शुरुआती 15 मिनट में ही कई कंटेस्टेंट्स औसतन 15 लड्डू खाकर मुकाबले से बाहर हो गए. इसके बाद मुकाबला कुछ प्रतिभागियों के बीच सिमट गया. आखिरी दौर में पांच कंटेस्टेंट्स के बीच पहला स्थान हासिल करने के लिए जोरदार मुकाबला देखने को मिला. जैसे-जैसे लड्डुओं की संख्या बढ़ती गई, दर्शकों का उत्साह भी बढ़ता गया. जब कंटेस्टेंट्स 22, 24 और 26 लड्डुओं तक पहुंचे तो वहां मौजूद लोगों ने तालियां बजाकर उनका हौसला बढ़ाया. कॉम्पिटिशन के आखिरी मिनटों में मुकाबला और भी रोमांचक हो गया.
आखिरकार पिछले साल के विजेता बलवंतभाई राघवानी ने एक बार फिर बाजी मार ली. विंचिया तालुका के ओरी गांव के रहने वाले बलवंतभाई ने 30 मिनट में कुल 28 लड्डू खाए और पहला स्थान हासिल किया. कॉम्पिटिशन के नियमों के मुताबिक इस मुकाबले में सिर्फ एक विनर घोषित किया जाना था. लगातार दूसरी बार जीत हासिल करने वाले बलवंतभाई को 2 हजार रुपये का कैश प्राइज दिया गया.
मेले में जुटी बड़ी संख्या में भीड़
लड्डू कॉम्पिटिशन के दौरान दर्शकों में भी काफी उत्साह देखने को मिला. मुकाबले के आखिरी दौर में जैसे-जैसे प्रतिभागी ज्यादा से ज्यादा लड्डू खाते गए, वैसे-वैसे वहां मौजूद लोगों की दिलचस्पी बढ़ती गई. तालियों के बीच बलवंतभाई राघवानी ने 28 लड्डू पूरे किए और लगातार दूसरी बार विजेता बने. जिला कलेक्टर जी. एच. सोलंकी ने कहा कि लोगों के जबरदस्त जोश और रिस्पॉन्स ने कॉम्पिटिटर्स को सच्ची खुशी दी है. उन्होंने कहा कि तरनेतर मेला सिर्फ एक कल्चरल हेरिटेज ही नहीं, बल्कि खुशी, जोश और भाईचारे का भी सिंबल है. इस मौके पर असिस्टेंट सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस वैदिका बिहानी, प्रोविंशियल ऑफिसर के. एन. कच्चा, डिस्ट्रिक्ट स्पोर्ट्स डेवलपमेंट ऑफिसर पार्थ चौहान और दूसरे अधिकारी भी मौजूद थे.