मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल छठ के पावन अवसर पर शनिवार की शाम बुराड़ी स्थित बजरंगी घाट पहुंचे. जहां उन्होंने भगवान भाष्कर की आराधना की और लोगों को छठ महापर्व की बधाई दी. उधर मुख्यमंत्री के साथ मौजूद बुराड़ी विधानसभा से आम विधायक पार्टी के विधायक संजीव झा, पूर्वांचलियों का हवाला देते हुए दिल्ली बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी पर तंज कसते नजर आये.
ने कहा, 'आपके लिए दिल्ली सरकार ने सारी सुविधाएं घाट पर दी हैं. पांच साल पहले दिल्ली में 73 घाट होते थे. अब छोटे बड़े मिलाकर 1200 घाट कर दिए हैं. आपका एक घर बिहार में है. आप वहां से आए. आपने दिल्ली को अपना घर बनाया. हम चाहते हैं यहां आपको सारी सुविधा मिलें.'
यमुना के बजरंगी घाट पर डूबते सूरज देव को अर्घ्य दे कर छठी मैया का आशीर्वाद लिया
बोल, छठी मैया की जय!
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) >दिल्ली के दो करोड़ लोग मेरे परिवार- केजरीवाल
इस दौरान अरविंद केजरीवाल ने कच्ची कॉलोनियों में कराए गए काम भी गिनाए. उन्होंने घाट पर आए लोगों से कहा, 'आप लोग कच्ची कालोनियों में रहते हैं. वहां पांच साल लगकर मैंने खुद हर तरह की सुविधा दी. कालोनियों में गली, नाली, पानी की लाईन और सीवर की लाईनें डाली गईं हैं.'
आगे केजरीवाल बोले, 'कुछ कालोनियों में काम पूरा होना रह गया है. एक डेढ़ साल में वहां भी गली, नाली, पानी की लाईन और सीवर लाईन डल जाएगी. इसके लिए बजट पास हो गया है. पहले मेरे परिवार में छह लोग थें. अब मैं जब से मुख्यमंत्री बना हूं पूरी दिल्ली के दो करोड़ लोग मेरे परिवार का हिस्सा हैं.'
संजीव झा ने गिनाए 'आप' के काम
वहीं 'आप' विधायक संजीव झा ने सरकार के काम गिनाते हुए कहा, 'पिछली पांच साल में मुख्यमंत्री ने छठ के लिए जो काम किया है, उससे साफ है कि छठ महापर्व और पूर्वांचल के लोगों में उनकी कितनी आस्था है. दिल्ली में अरविंद केजरीवाल सरकार के कामों से सबसे ज्यादा पूर्वांचल के लोगों को फायदा हुआ है. मुख्यमंत्री भी कहते हैं, कि पूर्वांचल के लोगों का अस्पतालों में हो रहे इलाज से मुझे बहुत संतुष्टि मिलती है.
आगे उन्होंने कहा, 'मोहल्ला क्लीनिक से लेकर मुफ्त बिजली का सबसे ज्यादा फायदा पूर्वांचल के लोगों को हो रहा है. तीन दिन पहले भाजपा के लोगों ने छठ घाट बनने से रोका. आम आदमी पार्टी ने घाट बनवाया. मनोज तिवारी जी अब इस इस बात को समझ लें कि पूर्वांचल के लोगों के साथ हम लोग मजबूती से खड़े हैं.'
बता दें कि जल्द ही दिल्ली में विधानसभा चुनाव है और यहां पूर्वांचलियों का एक बड़ा वोट बैंक है. ऐसे में तमाम राजनीतिक दलों ने पूर्वांचलियों को अपनी तरफ आकर्षित करने के लिए बयानबाजी तेज कर दी है.