बड़े पर्दे से संसद के मंच तक, सांसद और एक्टर रवि किशन पिछले कुछ सालों से हर जगह चर्चा में हैं. 1992 में बॉलीवुड में कदम रखने वाले रवि किशन ने बॉलीवुड में कई यादगार रोल जरूर किए थे, मगर लापता लेडीज और मामला लीगल है जैसे प्रोजेक्ट्स से जनता ने एक तरह से उनके दमदार एक्टिंग टैलेंट को रीडिस्कवर किया है.
इसी बीच राजनीति में भी उनका करियर बड़ी कामयाबी के साथ आगे बढ़ रहा है और वो गोरखपुर, उत्तर प्रदेश से सांसद भी हैं. पंचायत आजतक के मंच पर मेहमान बनकर पहुंचे रवि किशन ने राजनीति और एक्टिंग करियर के बीच बैलेंस बनाने पर भी बात की.
पंचायत आजतक में रवि किशन ने एक्टिंग को अपनी 'ऑक्सीजन' कहते हुए बताया कि इसकी वजह से वो कैसे पॉलिटिक्स में अपना बेहतर योगदान दे पाते हैं. रवि किशन ने कहा, 'एक्टिंग मेरी ऑक्सीजन है. मेरे खर्चे हैं, मैं खर्चीला आदमी हूं. शौकीन हूं अच्छी चीजों का, अच्छे कपड़ों का. फिल्म सेट मेरा ये खर्च संभाल लेता है, मुझे किसी चीज की टेंशन नहीं है.'
रवि किशन ने कहा कि एक्टिंग से, खर्च को लेकर रहने वाली बेफिक्री उन्हें बिना किसी 'लालच' राजनीति करने के लिए मोटिवेट करती है. उन्होंने कहा, 'राजनीति में मैं किसी लालच में नहीं हूं. मैं जब गरीब था तो कोई मेरी मदद नहीं करता था. मैं लोगों की वही मदद करने के लिए राजनीति में हूं.' रवि किशन ने कहा कि उन्होंने जरूरतमंद लोगों के लिए ट्रेन के टिकट भी बुक किए हैं और उनके संसदीय क्षेत्र में कोई जहां भी उनसे मदद चाहता है, उसे वो मदद जरूर करते हैं.
रवि किशन ने पंचायत आजतक के मंच पर ये भी बताया कि एक्टिंग में आज जो कामयाबी उन्हें मिल रही है, उसके लिए उन्होंने 34 साल इंतजार किया है. उन्होंने कहा, '90s में मैं आया था, तो मेरे साथ कई हीरो आए थे, सब आगे निकल गए मैं पीछे रह गया था, लेकिन मैंने इंतजार किया और आज मेरा वक्त आया है.' रवि किशन बोले कि राजनीति के चलते उन्हें अपने एक्टिंग कमिटमेंट को बहुत लिमिटेड रखना पड़ता है, लेकिन वो कोशिश करते हैं कि इस बैलेंस को बनाकर रखें.
रवि किशन के एक्टिंग करियर की बात करें तो उनकी पॉपुलर वेब सीरीज मामला लीगल है का दूसरा सीजन इसी साल आया है. आजकल वो थिएटर्स में कमाल कर रही अजय देवगन की फिल्म धमाल 4 में नजर आ रहे हैं. जल्द ही वो मिर्जापुर: द मूवी में भी नजर आएंगे.