अमेरिका का A-10 थंडरबोल्ट II दुनिया का सबसे मशहूर ग्राउंड अटैक एयरक्राफ्ट है. इसे सब वॉरथॉग भी कहते हैं. यह जेट सिर्फ एक काम के लिए बनाया गया था – दुश्मन की जमीन पर टैंक, बख्तरबंद गाड़ियां और सैनिकों को तबाह करना. Photo: Reuters
ईरान युद्ध 2026 में इस जेट ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में ईरानी फास्ट-अटैक बोट्स पर भारी हमले किए. कई जमीनी टारगेट भी नष्ट किए. अमेरिकी सेना कह रही है कि A-10 ने ईरान की नौसेना की छोटी नावों को हंट और किल करके बहुत बड़ा नुकसान पहुंचाया. यह जेट इतना मजबूत है कि दुश्मन के गोले लगने पर भी उड़ता रहता है. Photo: Getty
यह सिंगल-सीटर, दो-इंजन वाला सबसोनिक अटैक एयरक्राफ्ट है. लंबाई 16.26 मीटर, विंगस्पैन 17.53 मीटर है. अधिकतम स्पीड 706 किमी/घंटा है, लेकिन युद्ध में धीरे उड़ता है ताकि जमीन पर निशाना साध सके. Photo: AFP
कॉम्बैट रेंज 1200 किलोमीटर से ज्यादा और फेरी रेंज 4600 किलोमीटर है. अधिकतम ऊंचाई 13700 मीटर है. सबसे खास हथियार है GAU-8 एवेंजर 30mm रोटरी कैनन – एक मिनट में 3900 राउंड दाग सकता है. इसमें डिप्लेटेड यूरेनियम वाले गोले होते हैं जो टैंक को चीर देते हैं. Photo: USAF
11 हार्डपॉइंट्स पर मिसाइलें (AGM-65 मेवरिक), बम, रॉकेट और ईंधन टैंक लगा सकता है. कुल 7260 किलो हथियार ले जा सकता है. कॉकपिट के चारों तरफ 540 किलो टाइटेनियम आर्मर है जो गोले और मिसाइलों से बचाता है. Photo: Getty
A-10 पहली बार 1972 में उड़ा और 1977 में अमेरिकी एयर फोर्स में शामिल हुआ. यानी 2026 में यह करीब 50 साल पुराना हो चुका है. लेकिन अभी रिटायर नहीं हुआ क्योंकि इसका कोई सही विकल्प नहीं मिला है. Photo: Reuters
यह जेट पहले गल्फ वॉर 1991 में इस्तेमाल हुआ जहां 8100 सॉर्टी उड़ाकर 987 इराकी टैंक, 2000 गाड़ियां और 1200 तोपें बर्बाद कीं. उसके बाद अफगानिस्तान, इराक युद्ध, कोसोवो और अब ईरान युद्ध 2026 में सक्रिय है. Photo: Reuters
ईरान में इसने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में ईरानी फास्ट-अटैक क्राफ्ट पर हमले किए. कई जमीन के टारगेट भी खत्म किए. रिपोर्ट्स के मुताबिक सैकड़ों ईरानी नावें और वाहन नष्ट हुए. Photo: Getty
ईरान युद्ध में A-10 को खासतौर पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में ईरानी नौसेना की तेज नावों को नष्ट करने के लिए भेजा गया. अमेरिकी ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ ने कहा कि A-10 हंटिंग एंड किलिंग फास्ट-अटैक क्राफ्ट कर रहा है. सैकड़ों नावें और ग्राउंड टारगेट नष्ट हुए. Photo: Getty
यह जेट धीमी स्पीड से उड़ता है इसलिए जमीन पर छोटे-छोटे टारगेट को सटीक निशाना लगा सकता है. आधुनिक जेट्स जैसे F-35 बहुत तेज उड़ते हैं और महंगे हैं, इसलिए लंबे समय तक एक जगह पर नहीं रुक सकते. Photo: Reuters
आज के F-35, F-22 जैसे स्टेल्थ जेट्स हवाई युद्ध और लंबी दूरी के हमलों के लिए बने हैं, लेकिन जमीन पर सैनिकों की मदद करने में A-10 सबसे बेहतर है. यह जेट बहुत सस्ता चलता है. लंबे समय तक एक जगह पर घूम सकता है. भारी आर्मर से सुरक्षित है. Photo: Reuters
30mm कैनन से टैंक को एक ही गोले में उड़ा सकता है. आधुनिक जेट्स महंगे हैं. रखरखाव मुश्किल और दुश्मन की एंटी-एयरक्राफ्ट से जल्दी नष्ट हो सकते हैं. A-10 को गोले लगने पर भी उड़ता रहता है. इसी वजह से ईरान युद्ध में इसे फिर से सक्रिय किया गया और यह तबाही मचा रहा है. Photo: AFP
A-10 वॉरथॉग 50 साल पुराना है लेकिन अभी भी अमेरिका की सबसे ताकतवर ग्राउंड अटैक मशीन है. ईरान युद्ध में इसने सैकड़ों नावें और टारगेट नष्ट किए. इसकी स्पीड कम, आर्मर मजबूत और कैनन भयानक है.आधुनिक जेट्स हवाई युद्ध में अच्छे हैं पर जमीन पर सैनिकों की मदद करने में A-10 अब भी बेजोड़ है. Photo: Reuters