ईरान-US में छिड़ी नई जंग! होर्मुज पर MQ-9 ड्रोन तबाह, UAE पर भी ड्रोन की बरसात

ईरान ने होर्मुज के ऊपर अमेरिकी एमक्यू-9 ड्रोन गिराने और यूएई के अल मिनहाद बेस पर अमेरिकी ठिकानों को दर्जनों विस्फोटक ड्रोन से निशाना बनाने का दावा किया. तेहरान ने इसे लारक द्वीप पर अमेरिकी हमले का जवाब बताया, जबकि राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने कहा कि ईरान जंग नहीं चाहता, लेकिन किसी भी आक्रामकता का निर्णायक जवाब देगा.

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अमेरिकी हमले के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है. (Photo- ITG) अमेरिकी हमले के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है. (Photo- ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 31 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 10:32 AM IST

ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड यानी IRGC ने दावा किया है कि उसने होर्मुज स्ट्रेट के ऊपर अमेरिकी MQ-9 लॉन्ग-रेंज ड्रोन को मार गिराया है. ईरानी एयर डिफेंस ने मिसाइल से अमेरिकी ड्रोन को निशाना बनाया, जिसके बाद वह फारस की खाड़ी में जा गिरा. अमेरिकी तरफ से अभी इस दावे की तत्काल पुष्टि नहीं हुई है.

इसी बीच ईरान ने UAE में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर भी बड़ा हमला करने का दावा किया है. ईरानी सेना के मुताबिक, सोमवार सुबह अल मिनहाद एयरबेस पर अमेरिकी सैनिकों और हेलिकॉप्टरों को निशाना बनाकर दर्जनों विस्फोटक ड्रोन दागे गए. ईरानी सेना ने इसे लारक आईलैंड पर अमेरिकी हमले के जवाब में की गई कार्रवाई बताया है.

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ईरानी सेना ने कहा कि अल मिनहाद विदेशी सेनाओं के लिए एक महत्वपूर्ण लॉजिस्टिक्स और एयर ट्रांसपोर्ट हब है. ईरान ने अमेरिकी सैनिकों के खिलाफ आगे भी जवाबी कार्रवाई जारी रखने की चेतावनी दी है.

लारक आईलैंड पर अमेरिका ने क्यों किया हमला?

लारक आईलैंड पर अमेरिकी हमले के बाद ईरान और अमेरिका के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है. अमेरिका ने लारक पर कार्रवाई को ईरानी गतिविधियों के खिलाफ जरूरी कदम बताया था, जबकि ईरान ने इसे आक्रामक कार्रवाई करार दिया है. इनके अलावा राष्ट्रपति ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिकी सेना खार्ग आईलैंड पर भी हमले किए हैं. अब होर्मुज में अमेरिकी ड्रोन को मार गिराने का ईरानी दावा और UAE के अमेरिकी बेस पर ड्रोन हमले की खबर इस तनाव को और बढ़ा रही है.

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ईरान युद्ध नहीं चाहता- मसूद पेजेशकियान

ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने कहा है कि उनका देश जंग नहीं चाहता. किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में शंघाई सहयोग संगठन के नेताओं की बैठक में शामिल होने के लिए तेहरान से रवाना होते वक्त पेजेशकियन ने कहा कि ईरान दुनिया को साफ संदेश दे चुका है कि वह युद्ध नहीं चाहता.

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लेकिन उन्होंने साथ ही चेतावनी दी कि किसी भी हमले की स्थिति में ईरान चुप नहीं बैठेगा और हमलावरों के खिलाफ “निर्णायक जवाब” देगा. पेजेशकियन ने कहा कि क्षेत्र में अस्थिरता और अशांति किसी भी देश के हित में नहीं है और इससे सभी के लिए मुश्किलें पैदा होंगी.

इस बीच होर्मुज स्ट्रेट और खाड़ी क्षेत्र में हालात पर पूरी दुनिया की नजर है. एक तरफ ईरान अमेरिकी सैन्य ठिकानों और ड्रोन को निशाना बनाने का दावा कर रहा है, तो दूसरी तरफ अमेरिका की ओर से अभी MQ-9 ड्रोन गिराए जाने के दावे की पुष्टि नहीं हुई है. ऐसे में आने वाले वक्त में दोनों देशों की अगली सैन्य कार्रवाई बेहद अहम होगी.

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