जापान के पूर्वी तट पर एक मध्यम तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया. अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण यानी यूएसजीएस के अनुसार यह भूकंप हासाकी शहर से करीब 156 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में समुद्र के अंदर आया. इसकी तीव्रता 6.1 मापी गई और गहराई मात्र 10 किलोमीटर रही. समय था 6 नवंबर 2026 को सुबह 10:39 यूटीसी, जो जापानी स्थानीय समय के अनुसार शाम करीब 7:39 बजे का है.
यह भूकंप होन्शु द्वीप के पूर्वी तट के पास कांटो क्षेत्र से दूर समुद्र में आया. टोक्यो से भी इसकी दूरी काफी है, इसलिए शहरों में तेज झटके की संभावना कम रही. जापान मौसम विज्ञान एजेंसी और अन्य स्रोतों ने पुष्टि की कि कोई सुनामी चेतावनी जारी नहीं की गई. गहराई कम होने के बावजूद समुद्री स्थान होने से लहरों का खतरा नहीं बना. शुरुआती रिपोर्ट्स में किसी बड़े नुकसान या हताहत की खबर नहीं आई है. कुछ क्षेत्रों में हल्के झटके महसूस किए गए होंगे, लेकिन जापान की मजबूत इमारतें और तैयारी ऐसी घटनाओं को संभालने में सक्षम हैं.
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जापान में भूकंप क्यों आम हैं?
जापान प्रशांत रिंग ऑफ फायर पर स्थित है जहां कई टेक्टोनिक प्लेट्स मिलती हैं. प्रशांत प्लेट जापानी प्लेट के नीचे धंसती रहती है, जिससे लगातार भूकंप आते रहते हैं. 6.1 तीव्रता का भूकंप मध्यम माना जाता है. यह इमारतों को नुकसान पहुंचा सकता है लेकिन अच्छी तैयारी वाले देश में असर सीमित रहता है. जापान में भूकंप रोधी निर्माण, अलर्ट सिस्टम और नियमित अभ्यास आम हैं, इसलिए ऐसी घटनाएं अक्सर बड़े संकट में नहीं बदलतीं.
स्थानीय अधिकारियों ने सामान्य निगरानी जारी रखने की सलाह दी है. अगर कोई आफ्टरशॉक आए तो सतर्क रहना चाहिए. जापान जैसी जगहों पर भूकंप की भविष्यवाणी मुश्किल है, लेकिन तैयारी से जान-माल का नुकसान काफी कम हो जाता है. यह घटना फिर याद दिलाती है कि प्राकृतिक आपदाओं के प्रति जागरूकता कितनी जरूरी है.
आजतक साइंस डेस्क