पंजाब विधानसभा चुनाव की तैयारियों के तहत कांग्रेस ने संगठनात्मक स्तर पर अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं. पार्टी ने चुनावी रणनीति को मजबूत करने के लिए कई अहम समितियों का गठन किया है और वरिष्ठ नेताओं को अहम जिम्मेदारियां सौंपी हैं. पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को चुनाव प्रचार समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है.
इस बीच कांग्रेस नेता मनीष तिवारी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, 'है बड़ा कोई अवगुण उसमे जिसे कोई हुनर आवे.' इस पोस्ट को अब उनके रिएक्शन के तौर पर देखा जा रहा है.
तिवारी ने कहा, काश मेरे पास लोगों और संस्थाओं की असुरक्षा का कोई इलाज होता. कांग्रेस ने पिछले 45 सालों में बहुत कुछ दिया है और मैंने दशकों से अपना पूरा वयस्क जीवन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सेवा में समर्पित किया है.
मनीष तिवारी ने कहा कि, जो होना है, सो होगा. दरअसल, उन्होंने एक रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया दी जिसमें गया कि बताया गया है कि पंजाब के लिए नए कार्यकारी अध्यक्ष और चुनाव समितियां नियुक्त करने के बाद मनीष तिवारी को दरकिनार कर दिया गया.
बता दें, कांग्रेस ने ये अहम बदलाव ऐसे समय पर किए हैं, जब पंजाब विधानसभा चुनाव की तैयारियां धीरे-धीरे तेज हो रही हैं. सभी राजनीतिक दल अपनी-अपनी चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुटे हैं. कांग्रेस को उम्मीद है कि वरिष्ठ नेताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपने से संगठन को मजबूती मिलेगी और चुनावी अभियान को गति मिलेगी.
कांग्रेस के महासचिव के.सी. वेणुगोपाल की ओर से जारी विज्ञप्ति के अनुसार, कांग्रेस अध्यक्ष ने पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए विभिन्न समितियों के गठन को मंजूरी दी है.
पार्टी ने वरिष्ठ नेताओं को अलग-अलग समितियों की जिम्मेदारी भी सौंपी है. विजय इंदर सिंगला को चुनाव प्रबंधन एवं समन्वय समिति का अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि सुखजिंदर सिंह रंधावा को कोर समिति की कमान सौंपी गई है. वहीं, डॉ. अमर सिंह को मैनिफेस्टो समिति की जिम्मेदारी दी गई है.
मौसमी सिंह