8वां वेतन आयोग एक्शन मोड में काम कर रहा है. अभी चेन्नई में आयोग की बैठक हो रही है. इस बीच कर्मचारी और पेंशन में तगड़ी बढ़ोतरी की मांग कर रहे हैं. मांग है कि उनकी सैलरी करीब 3 गुना तक बढ़नी चाहिए. हालांकि, आयोग ने अभी तक फाइनल रिपोर्ट तैयार नहीं की है.
रिपोर्ट तैयार होने के बाद भी सरकार के मंजूरी का इंतजार होगा. फिर 8वें वेतन आयोग में सैलरी बढ़ोतरी का ऐलान किया जाएगा. लेकिन अगर हम 7वें वेतन आयोग के फॉर्मूले को फॉलो करें और 2.57 गुना फिटमेंट फैक्टर मान लें, तो कर्मचारियों की सैलरी में तगड़ा इजाफा होगा.
आइए जानते हैं चपरासी (ग्रुप-डी/पे मैट्रिक्स लेवल-1), टीचर (पे मैट्रिक्स लेवल-6/7) और क्लास-1 ऑफिसर (लेवल-10) की बेसिक सैलरी कितनी हो जाएगी?
चपरासी की कितनी बढ़ेगी सैलरी?
ग्रुप-डी यानी लेवल 1 के कर्मचारियों का अभी बेसिक सैलरी ₹18,000 है, जो 8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 2.57 बढ़कर ₹46,260 हो जाएगी. इसके बाद डीए और HRA जैसे अलाउंस जुड़ेंगे.
टीचर की कितनी बढ़ जाएगी सैलरी?
7वें वेतन आयोग में टीचर की सैलरी यानी लेवल 6 के कर्मचारियों की बेसिक सैलरी ₹35,400 है. लेकिन 8वां वेतन आयोग लागू होने के बाद 2.57 फिटमेंट फैक्टर रखने पर ये बेसिक सैलरी ₹90,978 हो जाएगी. एक प्राइमरी या टीजीटी टीचर की बेसिक सैलरी 91 हजार रुपये के करीब पहुंच जाएगी.
ऑफिसर यानी लेवल-10 के कर्मचारियों की बेसिक सैलरी
इन कर्मचारियों की बेसिक सैलरी अभी ₹56,100 है, लेकिन अगर सरकार 2.57 फिटमेंट फैक्टर रखती है तो यह सैलरी ₹1,44,177 हो सकती है. इसका मतलब है कि अधिकारियों की बेसिक सैलरी 1.44 लाख रुपये हो जाएगी.
पेंशन कितनी बढ़ेगी?
अगर किसी रिटायर्ड कर्मचारी की मिनिमम पेंशन ₹9,000 है, तो यह बढ़कर सीधे ₹23,130 हो सकती है. लेकिन फिटमेंट फैक्टर 2.57 गुना रहना जरूरी है.