भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मछार की बहादुरी अब अमेरिकी कांग्रेस तक पहुंच गई है. उन्हें अमेरिकी संसद में खास सम्मान दिया गया है. इस सम्मान में उस फ्लाइट के क्रू और यात्रियों का भी जिक्र है, जिन्होंने आतंकी हमले को नाकाम करने में मदद की. फिलहाल स्मित मछार की सेहत को लेकर भी राहत की खबर है. भारतीय दूतावास के मुताबिक उनकी सेहत में लगातार सुधार हो रहा है.
इस सम्मान की सबसे खास बात यह है कि इसमें स्मित मछार का नाम शामिल किया गया है. अमेरिकी कांग्रेस में किसी व्यक्ति के नाम के साथ इस तरह सम्मान होना रेयर माना जाता है और इसे बड़ी बात कहा जाता है. स्मित मछार के साथ फ्लाइट के क्रू और यात्रियों की भूमिका को भी सम्मान दिया गया है, जिन्होंने मिलकर हमले को नाकाम करने में मदद की.
मामला 30 सितंबर का है. फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी. विमान में करीब 174 यात्री सवार थे. उड़ान के बीच फर्स्ट ऑफिसर ने कॉकपिट में स्मित मछार पर विमान की इमरजेंसी क्रैश एक्स से हमला किया. इसके बाद उसने विमान का कंट्रोल लेने की कोशिश की.
हमले में कैप्टन मछार गंभीर रूप से घायल हो गए. इसके बावजूद उन्होंने हमलावर का सामना किया. उन्होंने अपनी बची ताकत से कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया. इसके बाद ऑफ-ड्यूटी पायलट कॉकपिट में पहुंचे. क्रू और यात्रियों ने मिलकर हमलावर को काबू किया. इस दौरान विमान तेजी से नीचे आया था. प्रस्ताव में कहा गया है कि फ्लाइट ने 30 सेकंड से भी कम समय में 14 हजार फीट से ज्यादा ऊंचाई खो दी थी. बाद में विमान को सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतारा गया.
नाम से सम्मान का जिक्र क्यों खास?
अमेरिकी कांग्रेस में प्रस्ताव पेश होना अपने आप में एक औपचारिक प्रक्रिया है. लेकिन इस प्रस्ताव की खासियत यह है कि इसमें एक व्यक्ति का नाम लेकर उसके साहस को सम्मान देने की बात कही गई है. कांग्रेस के प्रस्ताव में किसी व्यक्ति का नाम शामिल किया जाना रेयर और बड़ी बात है. यही वजह है कि स्मित मछार के नाम से पेश हुआ यह प्रस्ताव चर्चा में है.
स्मित मछार की सेहत में सुधार
फिलहाल, कैप्टन स्मित मछार की सेहत को लेकर भी अच्छी खबर सामने आई है. अबू धाबी स्थित भारतीय दूतावास ने बताया कि स्मित लगातार ठीक हो रहे हैं और अपनी सेहत वापस पा रहे हैं. दूतावास उनके परिवार, डॉक्टरों और स्थानीय अधिकारियों के लगातार संपर्क में है.
दूतावास ने कहा है कि स्मित और उनके परिवार को हर संभव मदद दी जा रही है. साथ ही उनकी सेहत में सुधार और जल्द रिकवरी के लिए प्रार्थना करने वाले सभी लोगों का शुक्रिया भी अदा किया गया है. ऐसे में स्मित मछार के लिए अमेरिकी कांग्रेस में पेश हुआ यह प्रस्ताव इसलिए खास है, क्योंकि इसमें उनका नाम सीधे शामिल किया गया है. एक भारतीय पायलट की बहादुरी का जिक्र अब अमेरिकी संसद के आधिकारिक प्रस्ताव तक पहुंच गया है.