उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपराधियों को लगातार चेतावनी देते रहे हैं कि सुधर जाओ, वरना इलाज कर दिया जाएगा. इसका एक उदाहरण मेरठ में देखने को मिला, जहां स्क्रैप कारोबारी पर जानलेवा हमले का आरोपी शूटर रवीश खुद SSP ऑफिस पहुंच गया.
रवीश ने पुलिस के सामने खुद सरेंडर कर दिया. कैमरे पर शूटर रवीश ने दावा किया कि उसे डर था कि गिरफ्तारी के दौरान पुलिस उसके पैर में गोली मार सकती है. आरोपी के मुताबिक, इसी डर के चलते उसने भागने के बजाय खुद पुलिस के सामने पहुंचकर सरेंडर करना बेहतर समझा. अपराधी का डर कैमरे पर कबूला कि 'पुलिस पैर में गोली मार सकती है’ इसके डर से खुद पहुंचा SSP ऑफिस.
यूपी के ही सीतापुर जिले में रविवार सुबह एक घर में आग लगने से 11 साल के बच्चे की मौत हो गई, जबकि उसकी मां और बहन गंभीर रूप से झुलस गईं. पुलिस ने यह जानकारी दी. अपर पुलिस अधीक्षक दुर्गेश कुमार सिंह के मुताबिक, गोपालपुर गांव में तीन कमरों के मकान में सुबह करीब 6 बजे आग लगी. शुरुआती तौर पर आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है.
अस्पताल में मृत घोषित किया गया
आग जब घर में फैली, उस समय 11 साल का कृष्णा सो रहा था. वह गंभीर रूप से झुलस गया और उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. उसकी मां गौरी (40) और बहन काजल (17) भी गंभीर रूप से झुलस गईं. दोनों को जिला अस्पताल ले जाया गया. हालत गंभीर होने के कारण बाद में उन्हें लखनऊ के एक उच्च चिकित्सा केंद्र के लिए रेफर कर दिया गया.
पुलिस के मुताबिक, आग लगने के समय परिवार के सदस्य अलग-अलग कमरों में सो रहे थे. आग और धुआं देखकर पड़ोसियों ने अधिकारियों को सूचना दी और आग बुझाने में मदद शुरू की.बाद में दमकल कर्मी मौके पर पहुंचे और स्थानीय लोगों की मदद से आग पर काबू पाया. अपर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मीटर बोर्ड में शॉर्ट सर्किट को आग लगने की संदिग्ध वजह माना जा रहा है.