स्विट्जरलैंड के क्रांस-मोंटाना में नए साल की रात हुए भीषण बार अग्निकांड को लेकर जांच में नई जानकारियां सामने आई हैं. अधिकारियों ने बताया कि बार की जांच 2016 और 2018 में हुई थी, लेकिन 2019 के बाद कोई निरीक्षण नहीं हुआ. नगर पालिका के पुनर्गठन के बाद निगरानी में खामी उजागर हुई है.
स्विट्जरलैंड के एक लक्ज़री क्लब में न्यू ईयर ईव पर लगी भीषण आग में अब तक 47 लोगों की मौत हो चुकी है और 115 से अधिक घायल हैं. सोशल मीडिया पर आग की शुरुआत साउंडप्रूफिंग फोम से होने का दावा वायरल है, लेकिन स्विस अधिकारियों ने पुष्टि नहीं की है.
स्विट्जरलैंड के क्रांस मोंटाना में नए साल के जश्न में भड़की भीषण आग में मरने वालों की संख्या 47 हो गई है...अचानक भड़की आग ने पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया...मरने वालों में ज्यादातर युवा थे...
स्विट्जरलैंड के एक क्लब में न्यू ईयर पार्टी के दौरान लगी भीषण आग में अब तक 41 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 100 से अधिक लोग झुलस गए हैं. पुलिस ने इस हादसे को आतंकी हमला न मानते हुए इसे आगजनी की घटना कहा है. घटना मोंटाना के बाद क्रॉस मोंटाना क्लब में हुई.
विश्व शांति दिवस के मौके पर पोप लियो XIV ने दुनिया को संबोधित किया. इसी के साथ उन्होनें सेंट पीटर बेसिलिका में विशेष प्रार्थना सभा का नेतृत्व भी किया. पोप नियो ने बढ़ते सैन्य खर्च और संरक्षणो पर चिंता व्यक्त की. वहीं दूसरी ओर स्विट्जरलैंड के क्रांस मोंटाना में न्यू पार्टी के दौरान भीषण आग हादसे में 40 लोगों की मौत हो गई.
स्विट्जरलैंड के क्रैंस-मोंटाना स्की रिज़ॉर्ट में नए साल की पूर्व संध्या पर एक लग्जरी बार के बेसमेंट में धमाके और आग से 47 लोगों की मौत हो गई, 115 घायल हैं. हादसे की जांच जारी है.
नए साल की खुशियों के बीच स्विट्जरलैंड से दर्दनाक खबर आई. एक स्विस बार में हुए जोरदार ब्लास्ट ने जश्न को मातम में बदल दिया. पुलिस ने घटना में 47 लोगों की मौत की पुष्टि की है, जबकि 100 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. हालांकि पुलिस ने इसे आतंकी हमला मानने से फिलहाल इनकार किया है.
नए साल पर स्विटजरलैंड के एक बार में ब्लास्ट हुआ है. ताजा अपडेट के मुताबिक इस धमाके में 40 लोगों की मौत हुई है. स्विस पुलिस के अनुसार ये धमाका एक बार में हुआ है. लेकिन धमाके की वजह का अब तक पता नहीं चल पाया है.
स्विट्जरलैंड की राजधानी बर्न में ऑफिस जाने का तरीका दुनिया में सबसे अनोखा है. यहां लोग ट्रैफिक जाम से बचने के लिए आरे नदी में तैरकर दफ्तर पहुंचते हैं. यह सफर न केवल मुफ्त है, बल्कि यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज साइट के खूबसूरत नजारों के बीच से गुजरता है.
स्विट्ज़रलैंड के सशस्त्र बलों के प्रमुख थॉमस सुसली ने कहा है कि देश किसी फुल-स्केल सैन्य हमले से खुद का बचाव करने में सक्षम नहीं है. इसलिए पुराने उपकरणों को एडवांस किया जा रहा है. हालांकि, उन्होंने दावा किया कि साइबर हमलों से लड़ने के लिए देश तैयार है.
बीते तीन साल से ज्यादा वक्त से यूक्रेन और रूस की जंग की वजह से यूरोप में सुरक्षा खतरा बढ़ता जा रहा है. इससे दुनिया का सबसे समृद्ध माना जाने वाला देश स्विट्ज़रलैंड के आर्म्ड फोर्सेज के चीफ थॉमस सुसली ने बढ़ते रूसी खतरे को लेकर चिंता ज़ाहिर की है.
घूमने का मतलब हमेशा बजट ट्रिप नहीं होता, क्योंकि दुनिया में कुछ जगहें ऐसी भी हैं जहां एक दिन बिताने का खर्च आपकी पूरी महीने की कमाई पर भारी पड़ सकता है. अगर आप भी जानना चाहते हैं कि 2025 में वो कौन-सी जगहें हैं जहां कदम रखते ही जेब हल्की हो जाती है, तो यह लिस्ट आपको चौंका सकती है.
दुनिया में सबसे महंगा न सोना है न हीरा. एक चीज ऐसी है जिसकी कीमत बहुत ज्यादा है. अगर ये एक ग्राम मिल जाए तो पूरे भारत को 10-12 दिन बिजली सप्लाई हो सकती है. एक ग्राम 4 हिरोशिमा पर गिराए गए परमाणु बम के बराबर ऊर्जा रखता है. इसकी कीमत है- 62.5 लाख करोड़ रुपए प्रति ग्राम.
अगर आप Russia घूमने का प्लान बना रहे हैं तो ये गाइड आपके लिए है. जानें India to Russia flight cost, visa fee, stay options, food budget और total trip cost लगभग ₹80,000–₹1,00,000 में. Moscow और St. Petersburg जैसे खूबसूरत शहरों को कम बजट में कैसे explore करें?
हाल में स्विट्जरलैंड ने अपने वोटर्स के सामने बड़ा प्रस्ताव रखा. इसके तहत पुरुषों की तरह ही महिलाओं के लिए भी सैन्य सेवा की अनिवार्यता की बात थी, हालांकि इसे खारिज कर दिया गया. इस बीच ये बात भी उठ रही है कि पांच सौ सालों से न्यूट्रल रहते आया ये देश अचानक अपनी सेनाएं क्यों बढ़ा रहा है.
ट्रंप के ऊंचे टैरिफ से अमेरिका का F-35 प्रोग्राम बुरी तरह प्रभावित हो रहा है. 2025 में पुर्तगाल, स्पेन ने सौदे रद्द किए. भारत ने F-35 खारिज किया. स्विट्जरलैंड-कनाडा रिव्यू कर रहे हैं. 150+ जेट रद्द किए गए हैं. अरबों डॉलर का नुकसान हुआ है. अमेरिका फर्स्ट नीति अमेरिका के अपने हथियार प्रोग्राम पर उल्टी पड़ रही है.
सोचिए, आंखों पर पट्टी बंधी हो, सामने स्वादिष्ट खाना रखा हो, लेकिन आप उसे देख न पा रहे हों बस स्वाद का एहसास महसूस कर रहे हों. भारत समेत कई देशों में ऐसे अनुभव तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं, जिसकी कहानी जानकर आप हैरान रह जाएंगे.
दुनिया में कुछ ऐसे देश हैं जहां लग्जरी कोई सपना नहीं, बल्कि रोजमर्रा की बात है. वहां की सड़कों से लेकर एयरपोर्ट तक सब कुछ इतना परफेक्ट है कि सफर खुद एक अनुभव बन जाता है.
सिंगापुर, न्यूजीलैंड, ऑस्ट्रेलिया, स्विट्जरलैंड और आयरलैंड — ये पांच देश लग्जरी ट्रैवल के लिए माने जाते हैं. साफ-सुथरी सड़कों, डिजिटल सुविधाओं और पारदर्शी सिस्टम के साथ यहां की यात्रा हर ट्रैवलर के लिए एक royal experience बन जाती है.
अभिजीत बनर्जी और एस्थर डुफ्लो, 2019 के नोबेल विजेता अर्थशास्त्री, 1 जुलाई 2026 से स्विट्जरलैंड की ज्यूरिख यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर बनेंगे. वे “लेमन सेंटर फॉर डेवलपमेंट, एजुकेशन एंड पब्लिक पॉलिसी” शुरू करेंगे, जहां गरीबी, विकास और सरकारी नीतियों पर रिसर्च होगी और छात्रों को पढ़ाया जाएगा.
Switzerland के Glaciers ने पिछले 12 महीनों में अपनी बर्फ का 3% हिस्सा खो दिया है. ये इतिहास में चौथा सबसे बड़ा नुकसान है.