रेखा गुप्ता (Rekha Gupta) भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सदस्य हैं. रेखा गुप्ता दिल्ली की मुख्यमंत्री हैं (Delhi CM). 20 फरवरी को उन्होंने रामलीला मैदान में शपथ ग्रहण किया. वह दिल्ली की चौथी महिला सीएम बनीं. दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 (Delhi Assembly Election 2025) के लिए पार्टी ने उन्हें दिल्ली के शालीमार बाग सीट से उम्मीदवार चुना था. उन्होंने इस चुनाव में आम आदमी पार्टी की बंदना कुमारी को 29,595 वोटों से हराकर जीत हासिल की.
रेखा गुप्ता शालीमार बाग (Shalimar Bagh Councilor) से पार्षद हैं. वे यहां से तीसरी बार पार्षद चुनी गई हैं. वह पहले भी एमसीडी (MCD) में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुकी हैं और कॉलेज के शुरुआती दिनों से ही बीजेपी से जुड़ी हुई हैं.वह दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ की पूर्व महासचिव और अध्यक्ष, पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की सदस्य और पार्टी की दिल्ली राज्य इकाई की महासचिव हैं.
वह वर्ष 1996-1997 में दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) की अध्यक्ष बनीं. वह 2007 में उत्तरी पीतमपुरा (वार्ड 54) से दिल्ली पार्षद चुनाव के लिए चुनी गईं. वह 2012 में उत्तरी पीतमपुरा (वार्ड 54) से दिल्ली पार्षद चुनाव के लिए फिर से चुनी गईं.
दिल्ली के यमुनापार क्षेत्र के विकास को गति देने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 728 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की मंजूरी दी है. इन परियोजनाओं का उद्देश्य सड़कों का पुनर्निर्माण, चौड़ीकरण और बुनियादी ढांचे को मजबूत करना है, जिससे यातायात और प्रदूषण नियंत्रण में सुधार होगा.
दिल्ली सरकार ने 'विकसित दिल्ली क्रेडिट लोन स्कीम' शुरू कर स्टार्टअप्स और MSMEs को बड़ी राहत दी है. इस योजना के तहत 10 करोड़ रुपये तक का बिना गारंटी लोन मिलेगा. सरकार की गारंटी पर मिलने वाले इस लोन से युवाओं, छोटे कारोबारियों और महिला उद्यमियों को लाभ होगा.
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का कहना है कि दिल्ली में पिछले कई वर्षों से झुग्गी बस्तियों की स्थिति में कोई सुधार नजर नहीं आया है. कांग्रेस के विधायक पंद्रह साल और आम आदमी पार्टी के विधायक ग्यारह साल तक रहे. लेकिन झुग्गी बस्तियों में बुनियादी सुविधाओं जैसे शौचालय और स्नान घर आदि की कमी बनी हुई है. महिलाओं को खुले में स्नान करना पड़ता है क्योंकि वहां कोई उचित व्यवस्था नहीं है.
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मुख्यमंत्री पब्लिक सर्विस सेंटर में झुग्गी-झोपड़ी इलाकों में विकास कार्यों का उद्घाटन और शिलान्यास किया. इस मौके पर उन्होंने कहा कि यह पहली बार है जब झुग्गी-झोपड़ी में रहने वालों के लिए 700 करोड़ रुपये का बजट दिया गया है. मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने पार्क, सुरक्षा, सड़क, साफ़-सफ़ाई और पीने के पानी जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने का फैसला किया है. उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने लोगों में डर फैलाया था कि भाजपा मुफ़्त बिजली और पानी बंद कर देगी, लेकिन अब लोग निश्चिंत हैं.
मुबारकपुर की शर्मा कॉलोनी में महीनों से जलजमाव और गंदगी से लोग परेशान थे. आजतक की रिपोर्ट के बाद दिल्ली सरकार एक्शन में आई. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और डिप्टी सीएम प्रवेश वर्मा ने स्थायी समाधान का वादा किया है.
दक्षिणी दिल्ली में रहने वालों के लिए बड़ी खुशखबरी है. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में हुई फाइनेंस कमेटी की मीटिंग में 1471 करोड़ रुपये के मेगा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट को मंजूरी दी गई है.
दिल्ली सरकार ने राशन कार्ड की पात्रता सीमा बढ़ाकर वार्षिक पारिवारिक आय 1.20 लाख रुपये कर दी है, जिससे लंबे समय से खाद्य सुरक्षा से वंचित गरीब परिवारों को राहत मिलेगी. नए नियमों के तहत आय प्रमाणपत्र अनिवार्य होगा, सेल्फ वेरिफिकेशन खत्म किया गया है और संपत्ति, आयकर, सरकारी नौकरी, चार पहिया वाहन व अधिक बिजली खपत वालों को योजना से बाहर रखा गया है.
CM रेखा गुप्ता ने एक कार्यक्रम के दौरान अपने छात्र संघ से जुड़े दिनों के यादों को साझा किया. उन्होनें बताया कि वो छात्र संघ का हिस्सा रही हैं और इसी वजह से जब भी छात्र संघ के लोगों से मिलती हैं तो उन्हें काफी अच्छा महसूस होता है. छात्र संघ से लेकर आज तक का उनका सफर बहुत खास रहा है.
CM रेखा गुप्ता ने एक कार्यक्रम के दौरान दिल्ली विश्वविद्यालय से अपना गहरा नाता बताया. उन्होनें साझा किया कि 'मैंने दिल्ली विश्वविद्यालय से पढ़ाई की है और कॉलेज के दिन मेरी जिंदगी में खास महत्व रखते हैं. दिल्ली यूनिवर्सिटी से मेरा गहरा नाता है क्योंकि मैंने वहीं से शिक्षा प्राप्त की. ये अनुभव मेरे लिए जीवन की महत्वपूर्ण यादें लेकर आता है.'
दिल्ली सरकार की इस योजना की खास बात इसका वित्तीय मॉडल है. पर्यावरण विभाग पारदर्शी टेंडर से विशेषज्ञ एजेंसी का चयन करेगा. यह एजेंसी देखेगी कि किन योजनाओं से कार्बन क्रेडिट बन सकते हैं और कैसे कमाई की जा सकती है.
दिल्ली सरकार राजधानी में स्वच्छ पीने के पानी की समस्या को दूर करने के लिए करीब 50 हजार करोड़ रुपये की लागत से पूरी पानी की पाइपलाइन बदलने की योजना पर काम कर रही है. दिल्ली में 16,000 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन में से करीब 95 फीसदी जर्जर हो चुकी है, जिसकी वजह से गंदा पानी, लीकेज और 55 फीसदी तक पानी की बर्बादी हो रही है.
दिल्ली विधानसभा में भाषण के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता भावुक हो गईं और आम आदमी पार्टी पर मीम बनाकर उनका मजाक उड़ाने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि उनकी छोटी-सी भाषाई गलतियों, जैसे AQI को AIQ कहना या अंग्रेजों की जगह कांग्रेस कह देना, को लेकर सोशल मीडिया पर उन्हें निशाना बनाया जाता है, जिससे उन्हें गहरी तकलीफ होती है.
दिल्ली में सीवेज मिले दूषित पानी की आपूर्ति के मुद्दे पर आजतक की रिपोर्ट का संज्ञान रेखा गुप्ता सरकार ने लिया है. जल मंत्री प्रवेश वर्मा दिल्ली विधानसभा में इस मुद्दे पर बयान देंगे. मालवीय नगर से बीजेपी विधायक सतीश उपाध्याय ने भी अपने इलाके में गंदा पानी सप्लाई होने की बात कही.
दिल्ली के कई इलाकों में सरकारी पाइपलाइनों के जरिए सीवर मिला काला और जहरीला पानी घरों तक पहुंच रहा है, जिससे हजारों लोग गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं. नामधारी कॉलोनी और मयूर विहार फेस-2 जैसे इलाकों में पिछले महीनों से नलों से बदबूदार और झाग वाला पानी आ रहा है. दिल्ली जल बोर्ड के आंकड़े भी इस प्रदूषण की पुष्टि करते हैं.
आज दस्तक देंगे देश की राजधानी दिल्ली में पुलिस-प्रशासन की नाक के नीचे फल फूल रहे वसूली गैंग की. दिल्ली की सड़कों पर आम लोगों की जेब पर खुलेआम डाका डाला जा रहा है. सबकुछ पार्किंग के नाम पर हो रहा है, लेकिन पार्किंग वसूली का पूरा खेल अवैध है, गैरकानूनी है. न पार्किंग का ठेका है, न पार्किंग वसूलने की इजाजत, लेकिन दिल्ली के पार्किंग माफिया अलग-अलग इलाकों में आम लोगों से पैसे वसूल रहे हैं.
दिल्ली विधानसभा से उठा एक बयान अब सियासी तूफान बन गया है. सीएम रेखा गुप्ता के कथित वक्तव्य को लेकर AAP ने इतिहास से छेड़छाड़ और शहीदों के अपमान का आरोप लगाया है. वायरल वीडियो के सहारे पार्टी ने सरकार को घेरा, जबकि बयान की मंशा और शब्दों पर तीखी बहस छिड़ गई है.
आर्थिक विशेषज्ञों का मानना है कि यह समझौता दिल्ली को अन्य राज्यों के समान एक मजबूत और पूर्ण वित्तीय ढांचे की ओर ले जाने वाला कदम है. इससे न केवल राजकोषीय अनुशासन मजबूत होगा, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर दिल्ली की आर्थिक साख भी और बेहतर होगी.
दिल्ली सरकार रेबीज से होने वाली मौतों को शून्य करने के लक्ष्य के तहत इसे महामारी रोग अधिनियम के अंतर्गत ‘अधिसूचित रोग’ घोषित करने जा रही है. अधिसूचना जारी होने के बाद सभी सरकारी-निजी अस्पतालों और डॉक्टरों के लिए रेबीज मामलों की रिपोर्टिंग अनिवार्य होगी.
दिल्ली के उपराज्यपाल वी.के. सक्सेना ने विधानसभा के शीतकालीन सत्र में कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार ने 10 महीनों में जनकल्याण के लिए कई अहम कदम उठाए हैं, हालांकि प्रशासनिक जड़ता और नकारात्मकता बड़ी चुनौती रही.
दिल्ली विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन AAP ने आतिशी के नेतृत्व में प्रदूषण और डेटा चोरी के आरोपों पर प्रदर्शन किया. सदन में हंगामा भी हुआ. एलजी के भाषण के दौरान एक विधायक बाहर किए गए, जिसके बाद AAP विधायकों ने वॉकआउट किया.
दिल्ली सरकार ने गरीब परिवारों के लिए खुशियों भरा ऐलान करते हुए अंत्योदय अन्न योजना के तहत 15 महीनों तक मुफ्त चीनी देने का फैसला किया है. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की कैबिनेट ने अब खुली चीनी के बजाय स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए ब्रांडेड पैकेट बांटने को मंजूरी दी है.