इटली (Italy), दक्षिणी और पश्चिमी यूरोप का एक देश है. भूमध्य सागर के मध्य में स्थित, जो कई द्वीपों से घिरा हुआ है. इटली की जमीनी सीमाएं फ्रांस, स्विट्जरलैंड, ऑस्ट्रिया, स्लोवेनिया और वेटिकन सिटी और सैन मैरिनो के माइक्रोस्टेट्स के साथ साझा करती हैं. इसका स्विट्जरलैंड, कैंपियोन और अफ्रीकी प्लेट में कुछ द्वीपों में एक क्षेत्रीय एक्सक्लेव भी है (Italy, Geographical Location).
इटली का क्षेत्रफल 3,01,340 वर्ग किमी है, जिसकी आबादी लगभग 60 मिलियन है. यह यूरोपीय संघ का तीसरा सबसे अधिक आबादी वाला सदस्य राज्य है. यह यूरोप में छठा सबसे अधिक आबादी वाला देश है. इटली क्षेत्रफल के हिसाब से महाद्वीप का दसवां सबसे बड़ा देश (Italy Population). इसकी राजधानी रोम (Rome) है (Capital of Italy).
इटली में एक प्रमुख उन्नत पूंजीवादी मिश्रित अर्थव्यवस्था है, जो यूरोजोन में तीसरी सबसे बड़ी और दुनिया में आठवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है. यह देश जी7, यूरोजोन और ओईसीडी का संस्थापक सदस्य है. इसे दुनिया के सबसे औद्योगिक देशों में से एक और विश्व व्यापार और निर्यात में अग्रणी देश माना जाता है (Italy Economy).
लोग सदियों से इटली का दौरा करते रहे हैं, फिर भी पर्यटक कारणों से प्रायद्वीप का दौरा करने वाले पहले लोग ग्रैंड टूर के दौरान अभिजात वर्ग के लोग थे, जो 17वीं सदी में शुरू हुआ और 18वीं और 19वीं सदी में फला-फूला. इटली की प्राचीन वास्तुकला, स्थानीय संस्कृति का अध्ययन करने और प्राकृतिक सुंदरता को देखने के लिए दुनियाभर के सैलानी आते हैं (Italy Tourism).
रेस्टोरेंट और कैफे में पास्ता की प्लेट के साथ गार्लिक ब्रेड सर्व किया जाता है जिसे लोग काफी चाव से खाते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसका कारण क्या होता है? दरअसल, इसके पीछे इटली की एक बेहद पुरानी और दिलचस्प परंपरा है.
यूरोप में आई हीटवेव को लेकर वैज्ञानिकों ने बड़ा दावा किया है. क्लाइमेट चेंज ने गर्मी इतनी बढ़ा दी कि करीब 1500 लोगों की मौत इससे जुड़ी पाई गई.
एक समय ट्रंप और मेलोनी को स्वाभाविक राजनीतिक सहयोगी माना जाता था. दोनों नेता आव्रजन, राष्ट्रीय संप्रभुता और सुरक्षा जैसे मुद्दों पर समान रूढ़िवादी विचार रखते हैं. 2025 में ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने वाली मेलोनी एकमात्र यूरोपीय नेता थीं. इससे यह धारणा बनी थी कि यूरोप में इटली, अमेरिका का सबसे करीबी सहयोगी बन सकता है.
इटली के सिसिली में माउंट एटना ज्वालामुखी एक बार फिर एक्टिव हो गया है और इससे लगातार लावा निकल रहा है. इस वजह से आसपास के इलाके और आसमान में लाल चमक दिखाई दे रही है.
भारी-भरकम लोन के जाल और शहर की थका देने वाली भागदौड़ को अलविदा कहकर, यह अमेरिकी कपल अब इटली की शांत वादियों में आ चुका है, यहां वे बिना किसी आर्थिक तनाव के, बेहद किफायती और सुकून भरी जिंदगी का आनंद ले रहे हैं.
इटली की राजधानी में प्रतिष्ठित स्कूटर ब्रांड के लंबे सफर का जश्न खास अंदाज में मनाया गया. शहर की सड़कों पर रैली निकली, जिसमें अलग अलग देशों के लोगों ने हिस्सा लिया. यह आयोजन ब्रांड की विरासत, डिजाइन और बदलते समय के साथ उसकी लोकप्रियता को दर्शाता है.
World Famous Forts: दुनियाभर में कई ऐसे भव्य किले मौजूद हैं जो आज भी समृद्ध संस्कृति, शौर्य और शानदार वास्तुकला की गवाही देते हैं. अगर आप इतिहास को करीब से जानना चाहते हैं और घूमने-फिरने के शौकीन हैं तो दुनिया के इन खूबसूरत किलों की सैर आपके लिए किसी यादगार अनुभव से कम नहीं होगी.
स्कैंडिनेविया से आल्प्स तक यूरोप में भीषण लू ने कई देशों को प्रभावित किया है, जिससे दर्जनों मौतें हुई हैं और तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया है.
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने भारत में हुए अपने शानदार स्वागत को लेकर एक दिलचस्प बात शेयर की है. मेलोनी ने बताया है कि उन्हें भारत में जैसा स्वागत मिला, उसकी उन्होंने उम्मीद नहीं की थी.
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने अपने 2023 के भारत दौरे से जुड़ा एक खास अनुभव साझा किया है. उन्होंने बताया कि नई दिल्ली में उनके स्वागत और विदाई के लिए लगाए गए पोस्टर उन्हें आज भी याद हैं. यह किस्सा उनकी नई किताब में दर्ज है. भारत दौरे के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनकी मुलाकात और 'मेलोडी' की चर्चा भी दुनिया भर में सुर्खियों में रही थी.
बांदा से ब्रिटेन तक गर्मी की मार एक जैसी है. यूरोप भीषण गर्मी की चपेट में है. अल-नीनो से फ्रांस में 41.9 डिग्री तापमान पहुंचा, जहां 2 बच्चों समेत 18 लोगों की मौत हो गई.
यूरोप इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है. फ्रांस, जर्मनी, स्पेन और इटली समेत कई देशों में तापमान रिकॉर्ड स्तर के करीब पहुंच गया है. हालात को देखते हुए फ्रांस ने कुछ क्षेत्रों में सार्वजनिक आयोजनों के दौरान शराब पीने पर रोक लगा दी है, जबकि कई देशों में हीट अलर्ट जारी किया गया है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने उनके साथ बार-बार तस्वीरें खिंचवाने का अनुरोध किया था. ट्रंप का कहना है कि मेलोनी की लोकप्रियता का ग्राफ गिर रहा है.
जी7 शिखर सम्मेलन के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के बीच बयानबाजी ने नया विवाद खड़ा कर दिया है. ट्रंप के एक दावे पर मेलोनी ने खुलकर आपत्ति जताई और उसे पूरी तरह गलत बताया. मामले ने इतना तूल पकड़ लिया कि इटली के विदेश मंत्री ने अपना अमेरिका दौरा भी रद्द कर दिया. अब यह मुद्दा अंतरराष्ट्रीय राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है.
मौजूदा हालात हमेशा से ऐसे नहीं थे. ये वही मेलोनी हैं, जो 2025 में ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने वालीं एकमात्र यूरोपीय नेता थीं. लेकिन अब जानकारों का मानना है कि डेढ़ साल बाद मेलोनी के ट्रंप के साथ रिश्ते बुरी तरह बिगड़ चुके हैं.
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने डोनाल्ड ट्रंप के उस दावे को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने कहा था कि मेलोनी उनके साथ फोटो खिंचवाने को उत्सुक थीं. मेलोनी ने बयान को मनगढ़ंत बताते हुए कहा, इटली कभी किसी के आगे नहीं झुकता. हालांकि दोनों देशों के आधिकारिक संबंध सामान्य बने हुए हैं.
इटली में वहां के बुजुर्गों की एक आदत गौर करने वाली है. वहां रिटायर्ड लोग किसी भी कंस्ट्रक्शन वर्क के पास खड़े हो जाते हैं और दिनभर उसे गौर से देखते रहते हैं. बुजुर्गों की इन आदत को वहां के प्रशासन को इस्तेमाल करने का आइडिया आया और इनमें से इंटरेस्टेड कुछ बुजुर्गों के ऐसे सार्वजनिक काम की निगरानी और उसकी रिपोर्ट बनाने के लिए हायर किया जाने लगा. लेकिन इसकी एक शर्त भी थी.
दुनियाभर के ये नेता फ्रांस में जियोपॉलिटिक्स को लेकर जुटे हुए थे लेकिन फुटबॉल एक ऐसा विषय था, जिस पर सभी एक सुर में सुर मिला रहे थे. माइक्रोफोन में रिकॉर्ड बातचीत में कई नेताओं को फीफा वर्ल्डकप की बातें करते सुना गया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत में सबसे लंबे समय तक लगातार प्रधानमंत्री रहने का रिकॉर्ड बनाने पर इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी ने बधाई दी है.
PM Modi Five-Nation Tour LIVE Updates: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पांच देशों के दौरे के अंतिम चरण में रोम पहुंचे हैं. इटली में रक्षा, व्यापार, कनेक्टिविटी और रणनीतिक सहयोग पर बातचीत होने की उम्मीद है.
टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी ने एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है. ममता ने कहा कि प्रधानमंत्री विदेशों में घूम रहे हैं और इटली में चॉकलेट बांट रहे हैं, जबकि असली चॉकलेट तो देश के बच्चों को मिलनी चाहिए.