दिल्ली पुलिस (Delhi Police) राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली की पुलिस व्यवस्था का प्रमुख अंग है. यह भारत सरकार के गृह मंत्रालय के अधीन कार्य करती है. दिल्ली पुलिस का मुख्य कार्य राजधानी में कानून व्यवस्था बनाए रखना, अपराधों की रोकथाम करना, अपराधियों की पहचान करना और नागरिकों की सुरक्षा से जुड़ी जिम्मेदारियों का निर्वहन करना है. दिल्ली पुलिस में साल 2024 में स्वीकृत पदों की कुल संख्या 83,762 थी. इस संख्या में भारतीय रिजर्व बटालियन के पद भी शामिल थे. दिल्ली पुलिस के कुल बल का लगभग 25 प्रतिशत हिस्सा विशिष्ट व्यक्तियों की सुरक्षा के लिए निर्धारित किया गया है.
दिल्ली पुलिस का इतिहास वर्ष 1854 से जुड़ा हुआ है. उस समय मुगल शाही दरबार के साथ नियुक्त ब्रिटिश रेजिडेंट के सहायक के अधीन एक छोटी सुरक्षा व्यवस्था स्थापित की गई थी. वर्ष 1861 में भारतीय पुलिस अधिनियम लागू होने के बाद दिल्ली पुलिस पंजाब पुलिस का हिस्सा बनी रही. भारत की स्वतंत्रता के साल 1947 तक दिल्ली की पुलिस व्यवस्था पंजाब पुलिस के अंतर्गत ही संचालित होती थी. उस समय दिल्ली में सदर बाजार, सब्जी मंडी, मेहरौली और मुंडका जैसे क्षेत्रों में पुलिस थाने स्थापित किए गए थे.
वर्ष 1948 में दिल्ली पुलिस का पुनर्गठन किया गया. डी. डब्ल्यू. मेहरा दिल्ली पुलिस के पहले प्रमुख बने. वर्ष 1951 में दिल्ली पुलिस में लगभग 8,000 कर्मचारी थे. उस समय पुलिस महानिरीक्षक के साथ आठ पुलिस अधीक्षक नियुक्त थे. वर्ष 1956 में पुलिस उपमहानिरीक्षक का पद बनाया गया. वर्ष 1961 तक दिल्ली पुलिस की संख्या बढ़कर 12,000 से अधिक हो गई थी.
साल 1966 में खोसला आयोग की रिपोर्ट के आधार पर दिल्ली पुलिस का एक बार फिर पुनर्गठन किया गया. इस दौरान दिल्ली को उत्तर, मध्य, दक्षिण और नई दिल्ली नाम से चार पुलिस जिलों में विभाजित किया गया. वर्ष 1978 में दिल्ली पुलिस अधिनियम पारित किया गया. इसी अधिनियम के तहत पुलिस आयुक्त प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया गया. एक जुलाई 1978 से दिल्ली में पुलिस आयुक्त प्रणाली प्रभावी हुई.
जे. एन. चतुर्वेदी दिल्ली पुलिस के पहले पुलिस आयुक्त बने. उन्होंने अक्टूबर 1978 से जनवरी 1980 तक इस पद पर कार्य किया. इसके बाद दिल्ली पुलिस की प्रशासनिक व्यवस्था में समय के साथ कई बदलाव हुए. पुलिस आयुक्त के अधीन विभिन्न वरिष्ठ अधिकारी नियुक्त किए जाने लगे. इनमें विशेष पुलिस आयुक्त और संयुक्त पुलिस आयुक्त जैसे पद शामिल हैं.
साल 2008 में छठे केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों के बाद भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों की पदोन्नति व्यवस्था में भी बदलाव किया गया. अधिकारियों को निर्धारित सेवा अवधि के आधार पर उच्च पदों पर पदोन्नति देने की व्यवस्था लागू की गई. इसके तहत 4, 9, 13, 14 और 18 वर्ष की सेवा अवधि के आधार पर पदोन्नति के अवसर निर्धारित किए गए.
दिल्ली पुलिस का मुख्यालय राजधानी दिल्ली में स्थित है. इसकी प्रशासनिक व्यवस्था विभिन्न पुलिस जिलों, थानों और विशेष इकाइयों के माध्यम से संचालित होती है. दिल्ली पुलिस यातायात नियंत्रण, अपराध जांच, महिला सुरक्षा, साइबर अपराध, आतंकवाद से संबंधित मामलों और विशिष्ट व्यक्तियों की सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में भी कार्य करती है. राजधानी की जनसंख्या, प्रशासनिक गतिविधियों और राष्ट्रीय महत्व के संस्थानों को देखते हुए दिल्ली पुलिस की जिम्मेदारियां व्यापक हैं. दिल्ली पुलिस का संचालन पुलिस आयुक्त के नेतृत्व में किया जाता है.
दिल्ली हाईकोर्ट ने मंगलवार को एसीपी मनस्वी वशिष्ठ पर वकीलों को कथित रूप से धमकाने के मामले में स्वतः संज्ञान लेने से इनकार कर दिया है. वकीलों ने एसीपी की कथित टिप्पणियों का जिक्र किया, जिसमें AK-47 जिक्र और वकीलों को काले कोट के गुंडे कहने की बात शामिल है.
दिल्ली पुलिस ने एसीपी मनस्वी वशिष्ठ को सस्पेंड कर दिया है. यह कार्रवाई पुलिस हेडक्वार्टर के बाहर पुलिसकर्मियों के प्रदर्शन के बाद की गई है. इससे पहले महिला पुलिसकर्मियों समेत दिल्ली पुलिस के करीब 150 जवानों ने प्रदर्शन किया था.
दिल्ली हाईकोर्ट ने महिला पत्रकार के खिलाफ दर्ज एससी/एसटी एक्ट के मामले की जांच पर फिलहाल रोक लगाने से इनकार किया है. कोर्ट ने दिल्ली पुलिस और शिकायतकर्ता ACP विवेक भगत को नोटिस जारी कर 16 नवंबर तक जवाब मांगा है.
दिल्ली में एसीपी विवेक भगत की शिकायत पर स्वतंत्र पत्रकार रोजी, गजेंद्र सिंह और CJP के कुछ सदस्यों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है. शिकायत में जातिसूचक टिप्पणी, सार्वजनिक अपमान, सरकारी ड्यूटी में बाधा डालने और सोशल मीडिया पर छवि खराब करने के आरोप लगाए गए हैं.
सोशल मीडिया पर AI से बने पोस्टरों को बनाकर शेयर करने वाले कई हैंडल्स सक्रिय हैं. इसी बीच दिल्ली पुलिस के ACP विवेक भगत को एक महिला पत्रकार के साथ बदसलूकी करते दिखाने वाला फर्जी AI पोस्टर कई सोशल मीडिया हैंडल्स पर सामने आया. दिल्ली पुलिस ने इस मामले में नदीम नाम के एक शख्स को गिरफ्तार किया है.
दिल्ली सरकार ने 5 अक्टूबर 2026 का आदेश बदलकर विवेक भगत का करेंट ड्यूटी चार्ज रोक दिया है. महिला पत्रकारों से कथित बदसलूकी की जांच पूरी होने तक वह यह चार्ज नहीं लेंगे.
दिल्ली पुलिस के ADCP विवेक भगत का AI से आपत्तिजनक पोस्टर बनाने के मामले में एक शख्स गिरफ्तार हुआ है. पुलिस के मुताबिक, पोस्टर साजिश के तहत सोशल मीडिया पर डाला गया था और इस मामले में कुछ और लोग भी शामिल हो सकते हैं.
2018 बैच के DANIPS अधिकारी विवेक भगत को प्रमोट कर ADCP बनाया गया है. उनके साथ 11 अन्य अफसरों को भी पदोन्नति मिली है. विवेक भगत हाल ही में 3 अक्टूबर के विरोध प्रदर्शन में छेड़छाड़ के आरोपों और जुलाई में प्रदर्शन के दौरान हुए हमले को लेकर चर्चा में रहे थे.
दिल्ली के रामलीला मैदान में आज विपक्षी पार्टियों की बड़ी रैली आयोजित की जा रही है जिसमें राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खरगे, ममता बनर्जी, अखिलेश यादव समेत कई नेता शामिल होंगे. रैली कनॉट प्लेस से शुरू होकर मिंटो रोड जंक्शन और अजमेरी गेट होते हुए रामलीला मैदान पहुंचेगी.
जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में तोड़फोड़ के मामले में दिल्ली पुलिस ने प्रशासन की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. इस मामले को लेकर यूनिवर्सिटी में तनावपूर्ण माहौल है. जानें ये मामला.
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने हिमांशु भाऊ गैंग के मुरसलीन उर्फ गुल्लू और नवीन को गिरफ्तार किया. आरोपियों से पिस्टल और पांच जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं. मुरसलीन उर्फ गुल्लू और नवीन विदेश में बैठे गैंग के सरगनाओं से सुरक्षित मैसेजिंग ऐप के जरिए संपर्क में थे. पढ़ें पूरी कहानी.
दिल्ली पुलिस ने कांग्रेस को 1 नवंबर की रामलीला मैदान रैली के लिए NOC दी है. यह NOC 17 अक्टूबर को जारी हुई थी और रद्द नहीं की गई है. रैली शाम 5 बजे तक खत्म करनी होगी और समय नहीं बढ़ेगा. मैदान में रात रुकने, बाहर मार्च निकालने और भड़काऊ भाषण देने पर रोक है. आयोजकों को CCTV कैमरे, कंट्रोल रूम, पानी, टॉयलेट और वॉलंटियर्स का इंतजाम करना होगा.
कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ 30 अक्टूबर को जनसुनवाई की योजना बनाई थी, लेकिन दिल्ली पुलिस ने अशोका होटल और रामलीला मैदान दोनों जगह अनुमति नहीं दी. दिल्ली पुलिस का कहना है कि इसके लिए इजाजत ही नहीं मांगी गई. पार्टी ने इसे 1 नवंबर की रैली से पहले शुरुआती कार्यक्रम बताया और कहा कि कथित चुनावी गड़बड़ियों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा.
दिल्ली पुलिस ने दिलजीत दोसांझ के कॉन्सर्ट के लिए अनुमति दे दी है. अनुमति कई सुरक्षा शर्तों के साथ दी गई है. आयोजकों ने पुलिस के साथ कई बार मीटिंग कर सुरक्षा योजना बताई.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी मां के AI वीडियो पर दिल्ली पुलिस ने कार्रवाई की है. काउंटर इंटेलिजेंस स्पेशल सेल ने बिहार कांग्रेस को नोटिस भेजा है. दिल्ली पुलिस ने अमित कुमार मंडल को 5 नवंबर 2026 को पूछताछ के लिए तलब किया है.