भूटान
भूटान (Bhutan), जिसे आधिकारिक तौर पर भूटान का साम्राज्य (Kingdom of Bhutan) के रूप में जाना जाता है, पूर्वी हिमालय में चीन और भारत के बीच स्थित एक भूमि से घिरा देश है. भूटान को 'ड्रुक यूल" या "थंडर ड्रैगन की भूमि' के रूप में भी जाना जाता है. नेपाल और बांग्लादेश भूटान के नजदीक स्थित हैं, लेकिन एक भूमि सीमा साझा नहीं करते हैं (Geography of Bhutan). देश की जनसंख्या 754,000 से अधिक है और 38,394 वर्ग किलोमीटर में फैला है जो क्षेत्रफल के मामले में 133वें स्थान पर और जनसंख्या में 160वें स्थान पर है (Area and Population of Bhutan). भूटान राज्य धर्म के रूप में वज्रयान बौद्ध धर्म के साथ एक संवैधानिक राजतंत्र है. भूटान की राजधानी और सबसे बड़ा शहर थिम्फू है (Thimphu, Capital of Bhutan).
भूटान और पड़ोसी तिब्बत में बौद्ध धर्म का खूब प्रसार हुआ. पहली सहस्राब्दी में, वज्रयान बौद्ध धर्म बंगाल के पाल साम्राज्य से भूटान में फैला. 16वीं शताब्दी के दौरान, न्गवांग नामग्याल ने भूटान की घाटियों को एक राज्य के रूप में एकीकृत किया. 17वीं शताब्दी के दौरान, भूटान ने पूर्वोत्तर भारत, सिक्किम और नेपाल के बड़े हिस्से को नियंत्रित किया. 19वीं सदी में भूटान युद्ध के दौरान भूटान ने बंगाल ड्यूअर्स को ब्रिटिश भारत को सौंप दिया था. 1910 में, भूटान में आंतरिक स्वायत्तता के बदले इसने विदेश नीति में ब्रिटिश सलाह की गारंटी दी. 1949 में भारत के साथ एक नई संधि के तहत यह व्यवस्था जारी रही जिसमें दोनों देशों ने एक दूसरे की संप्रभुता को मान्यता दी. भारतीय सेना पर निर्भर रहते हुए, भूटान अपनी सैन्य इकाइयों का रखरखाव करता है. भूटान 1971 में संयुक्त राष्ट्र में शामिल हुआ (History of Bhutan).
भूटान में एक निर्वाचित नेशनल असेंबली और एक राष्ट्रीय परिषद के साथ एक संसदीय सरकार है. भूटान सार्क का संस्थापक सदस्य है. 2020 में, मानव विकास सूचकांक में भूटान श्रीलंका और मालदीव के बाद दक्षिण एशिया में तीसरे स्थान पर था (Bhutan in Human Development Index). भूटान जलवायु संवेदनशील मंच, गुटनिरपेक्ष आंदोलन, बिम्सटेक, आईएमएफ, विश्व बैंक, यूनेस्को और विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) का भी सदस्य है (Bhutan in World Forums). 2016 में आर्थिक स्वतंत्रता, व्यापार करने में आसानी, शांति और भ्रष्टाचार की कमी के मामले में भूटान सार्क में पहले स्थान पर था. भूटान के पास दुनिया में जलविद्युत के लिए सबसे बड़ा जल भंडार है. जलवायु परिवर्तन के कारण पिघलने वाले ग्लेशियर भूटान में एक बढ़ती हुई चिंता है (Concern in Bhutan).
भूटान की लगभग दो-तिहाई आबादी वज्रयान बौद्ध धर्म का पालन करती है, जो कि राज्य धर्म भी है. लगभग एक चौथाई से एक तिहाई हिंदू धर्म के अनुयायी हैं (Religion in Bhutan).
भूटान की राष्ट्रीय भाषा जोंगखा (भूटानी) है. इसे स्थानीय रूप से छोके कहा जाता है. भूटान में, अंग्रेजी शिक्षा का माध्यम है (Language in Bhutan).
PM मोदी को भूटान के राजा जिग्मे खेसर नामग्येल वांगचुक ने एक पवित्र बौद्ध स्तूप समर्पित किया है. यह स्तूप 108 स्तूपों में से 76वां है. केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इसे भारत के लिए बड़े सम्मान की बात बताया.
रोज-रोज ऑमलेट और अंडे की भुर्जी खाकर बोर हो गए हैं? तो इस बार भूटान की मशहूर डिश एमा दत्शी को नए अंदाज में बनाएं. फूड इंफ्लुएंसर अक्षदा देसाई लोबो ने इसमें अंडे, चीज और हरी मिर्च का ट्विस्ट दिया है, जानें इसकी आसान रेसिपी.
भूटान की शिंताफू झील में हिमनद झील फटने के बाद असम सरकार ने धुबरी और कोकराझार के संवेदनशील इलाकों को अलर्ट पर रखा है. संकोश नदी का जलस्तर फिलहाल स्थिर है, लेकिन प्रशासन, राहत दल और एनडीआरएफ संभावित अचानक बढ़ोतरी से निपटने के लिए तैयार हैं.
भूटान की शिंताफू झील फटने की चेतावनी 5 साल पहले ही वैज्ञानिकों ने दे दी थी. इसकी वजह से संकोश नदी में बाढ़ का खतरा बना हुआ है. अलीपुरद्वार में 10 हजार लोग शिफ्ट किए गए है. NDRF-SDRF तैनात है.
शिंताफू झील से ग्लेशियल लेक आउटबर्स्ट फ्लड (GLOF) के खतरे को देखते हुए पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार में अलर्ट जारी है. करीब 10 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित जगहों और राहत शिविरों में पहुंचाया गया है. NDRF-SDRF की टीम तैनात है.
भूटान के पुनाखा में मो छू नदी में आए फ्लैश फ्लड से एक सोलर इरिगेशन लिफ्टिंग सिस्टम को नुकसान पहुंचा है. इसके चलते सोलर प्रोजेक्ट ने काम करना बंद कर दिया है.
भूटान के गासा जिले में शिंताफू ग्लेशियर झील के फटने से भारत के पश्चिम बंगाल और असम के सीमावर्ती इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. भारत सरकार ने संकोश नदी के जलस्तर में अचानक वृद्धि को लेकर विशेष चेतावनी जारी की है.
भूटान में शिंताफू झील से पानी निकलने की खबर के बाद पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार और जलपाईगुड़ी जिलों में अलर्ट जारी किया गया है. कुमारग्राम के विधायक और वन मंत्री मनोज कुमार ओरांव ने संकोश नदी के किनारे रहने वाले लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है.
शहरों के शोर-शराबे, ट्रैफिक और वर्क प्रेशर से दूर शांति की तलाश कर रहे लोगों के लिए 'नॉइज़-फ्री नेशंस इंडेक्स' ने दुनिया के 8 सबसे शांत देशों की लिस्ट जारी की है. इसमें भारत का पड़ोसी देश पहले नंबर पर है, जानिए नामीबिया, बोत्सवाना और गैबॉन जैसे सुकून भरे देशों के बारे में.
Budget International Trips: अक्टूबर में मौसम सुहाना होने लगता है, ऐसे में यह विदेश घूमने के लिए भी अच्छा समय है. अगर आप कम बजट में दिल्ली से इंटरनेशनल ट्रिप का प्लान बना रहे हैं तो भूटान, थाईलैंड, श्रीलंका, वियतनाम और बाली जैसे डेस्टिनेशन एक्सप्लोर कर सकते हैं.
यूएनजीए में भूटान के प्रधानमंत्री त्शेरिंग टोबगे ने भारत को भरोसेमंद दोस्त और साझेदार बताया, साथ ही जीलेफू माइंडफुलनेस सिटी के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भारत सरकार और असम के समर्थन का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि यह परियोजना लोकेशन, बाजारों तक पहुंच, कनेक्टिविटी और भरोसे जैसी मजबूत बुनियाद के साथ आगे बढ़ रही है.
गृह मंत्री अमित शाह अपने सिलीगुड़ी के दो दिवसीय दौरे के दौरान अंतरराष्ट्रीय सीमाओं की सुरक्षा, सिलीगुड़ी कॉरिडोर के प्रबंधन और सुरक्षा एजेंसियों के बीच समन्वय को मजबूत करने के लिए उच्चस्तरीय बैठकों और परियोजनाओं की समीक्षा करेंगे.
भारत में E20 पेट्रोल को लेकर जारी विवाद के बीच भूटान ने भारतीय तेल कंपनियों से एथेनॉल-ब्लेंडेड फ्यूल लेने से इनकार कर दिया है. भूटान का कहना है कि उसके पुराने अंडरग्राउंड फ्यूल टैंक, पहाड़ी भूभाग और अत्यधिक नमी वाली जलवायु E20 पेट्रोल के लिए उपयुक्त नहीं हैं.
Budget Friendly Foreign Trips: अगर आप कम बजट में विदेश घूमने का प्लान बना रहे हैं तो भारत के पड़ोसी देश आपके लिए बेहतरीन ऑप्शन हो सकते हैं. यहां आपको खूबसूरत प्राकृतिक नजारे, अलग-अलग संस्कृतियों को करीब से जानने का मौका और यादगार ट्रैवल एक्सपीरियंस मिलेगा.
मेघालय के उमरई में 20 से 31 मई तक बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास 'प्रगति 2026' आयोजित होगा. भूटान, नेपाल, श्रीलंका, इंडोनेशिया समेत 12 देश भाग लेंगे.
अगर आप भी ट्रैफिक लाइट और हॉर्न की पो-पो से परेशान हो जाते हैं तो आपको एक बार इस देश में जरूर घूमने जाना चाहिए. जहां पर न तो कोई ट्रैफिक लाइट है, न जाम और न ही हॉर्न की आवाज सुनाई देती है. सबसे अच्छी बात यह है कि यह देश भारत के एकदम पास है और जहां जाने के लिए आपको किसी पासपोर्ट की भी जरूरत नहीं पड़ेगी.
भूटान एक ऐसा देश है जहां एक भी ट्रैफिक लाइट नहीं है, फिर भी ट्रैफिक पूरी तरह व्यवस्थित रहता है. अनुशासन, कम वाहन और मजबूत रोड कल्चर इसकी खासियत है. भारतीय नागरिक यहां बिना वीज़ा-पासपोर्ट के यात्रा कर सकते हैं, जिससे ये एक अनोखा और शांत टूरिस्ट डेस्टिनेशन बनता है.
अगर आप घूमने का प्लान बना रहे हैं और कुछ नई जगहों को एक्सप्लोर करना चाहते हैं तो भारत के पड़ोसी देश आपके लिए बेहतरीन ऑप्शन हो सकते हैं. यहां आपको अलग-अलग संस्कृतियां, खूबसूरत नजारे और शानदार ट्रैवल एक्सपीरियंस देखने को मिलेंगे.
ईरान युद्ध की वजह से खाड़ी देशों से ऊर्जा आपूर्ति में बाधाएं आई हैं. लेकिन भारत इस संकट की घड़ी में अपने पड़ोसी देशों के साथ खड़ा है. भारत लगातार श्रीलंका, भूटान, नेपाल और बांग्लादेश जैसे पड़ोसी देशों को ईंधन की आपूर्ति कर रहा है.
पश्चिम बंगाल का जयगांव भारत-भूटान बॉर्डर पर स्थित एक खास जगह है, जहां से लोग आसानी से भूटान के फुंशोलिंग पहुंच सकते हैं. बिना वीजा-पासपोर्ट, सिर्फ परमिट के जरिए एंट्री संभव है. यह ऑफबीट ट्रैवल डेस्टिनेशन टूरिस्ट्स को एक ही दिन में दो देशों का अनुभव देता है.
भारत के पड़ोसी देशों में नेपाल और भूटान दोनों ही जगहें बेहद खूबसूरत हैं, नेपाल के बारे में तो आपने बहुत देखा और सुना होगा. लेकिन क्या आप जानते हैं कि भारत के पश्चिम बंगाल में ऐसी जगह है, जहां से कुछ ही मिनट में भूटान पहुंच सकते हैं. इस इलाके के लोग पैदल ही चलकर दोनों देशों में घूमते रहते हैं. आइए आपको इस खास जगह के बारे में बताते हैं, जो उन लोगों के लिए किसी जन्नत से कम नहीं है, जिन्हें ऑफबीट लोकेशन देखने में मजा आता है.