बांग्लादेश क्रिकेट में बड़ा प्रशासनिक बदलाव हुआ है. नेशनल स्पोर्ट्स काउंसिल (NSC) ने मंगलवार (7 अप्रैल) को बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) को भंग करने का फैसला लिया. यह कदम 2025 के बोर्ड चुनाव में 'व्यापक अनियमितताओं' के आरोपों के बाद उठाया गया है.
क्रिकबज के मुताबिक- NSC ने मौजूदा अमीनुल इस्लाम बुलबुल की अगुवाई वाले बोर्ड को हटाते हुए 11 सदस्यीय एड-हॉक कमेटी गठित की है. इस नई कमेटी की कमान बांग्लादेश के पूर्व कप्तान तमीम को सौंपी गई है.
एड-हॉक कमेटी (11 सदस्य)
प्रेसिडेंट: तमीम इकबाल
मेंबर: रश्ना इमाम, मिर्ज़ा यासिर अब्बार, सैयद इब्राहिम अहमद, इसराफिल खोसरू, मिन्हाजुल आबेदीन नन्नू, अतहर अली खान, तंजील चौधरी, सलमान इस्पहानी, रफीकुल इस्लाम बाबू, फहीम सिन्हा, अहर अली खान
NSC के खेल निदेशक अमीनुल अहसान ने बताया कि जांच समिति की रिपोर्ट में चुनाव प्रक्रिया में गंभीर खामियां सामने आईं. उनके मुताबिक, बुलबुल द्वारा 10 पूर्व क्रिकेटरों को एकतरफा नामित करना चुनाव पर असर डाल सकता था और इससे नतीजों को प्रभावित करने की आशंका बनी.
उन्होंने कहा कि मंत्रालय और NSC की जांच में स्पष्ट रूप से अनियमितताओं की बात सामने आई है, जिसके आधार पर यह कड़ा फैसला लिया गया.
NSC ने इस फैसले की जानकारी इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) को भी ईमेल के जरिए दे दी है. साथ ही यह भी बताया गया है कि नई एड-हॉक कमेटी अगले तीन महीनों (90 दिन) के भीतर चुनाव कराएगी.
इस दौरान यह कमेटी एक निर्वाचित बोर्ड की तरह ही सभी प्रशासनिक और क्रिकेट संचालन से जुड़े फैसले लेने के लिए अधिकृत रहेगी.
NSC का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य खेल प्रशासन में पारदर्शिता लाना, लोगों के बीच भरोसा बहाल करना और क्रिकेट के समग्र विकास को सुनिश्चित करना है. परिषद को उम्मीद है कि ICC से इस फैसले पर जल्द सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलेगी.
इससे पहले भी संकेत मिल चुके थे कि बोर्ड को भंग किया जा सकता है. NSC अधिकारियों ने ICC के साथ चर्चा की बात कही थी, वहीं जांच समिति ने निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सुधारों की सिफारिश की थी.
राज्य खेल मंत्री अमीनुल हक ने भी पहले कहा था कि रिपोर्ट पर ICC से परामर्श के बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा. अब NSC ने कार्रवाई करते हुए अंतरिम व्यवस्था लागू कर दी है और नई शुरुआत की दिशा में कदम बढ़ा दिया है.