राजस्थान के शहरी निकाय चुनाव के दूसरे और आखिरी चरण के लिए जारी है. इस चरण में 147 निकायों में 18,266 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला 87 लाख से ज्यादा मतदाता करेंगे. वोटिंग के दौरान EVM की गड़बड़ी से कुछ बूथों पर मतदान प्रभावित रहा.
मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ और शाम 6 बजे तक चलेगा. छह नगर निगम, 24 नगर परिषद और 117 नगर पालिकाओं में वोट डाले जा रहे हैं. राज्य निर्वाचन आयोग के अनुसार, दूसरे चरण में 87,60,884 मतदाता 4,774 वार्डों के लिए 9,758 मतदान केंद्रों पर अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे.
जिन छह नगर निगमों में चुनाव हो रहा है, उनमें जयपुर, अजमेर, जोधपुर, कोटा, उदयपुर और पाली शामिल हैं. राजस्थान की पूर्व मंत्री और एनजेपी नेता अनिता भदेल शुरुआती मतदाताओं में शामिल रहीं. वोट देने के बाद केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि मतदान जितना बड़ा अधिकार है, उतना ही महत्वपूर्ण कर्तव्य भी है. स्वस्थ, जागरूक और सक्षम लोकतंत्र के लिए वोट डालना एक बड़ी जिम्मेदारी है.
उन्होंने कहा कि मतदान करते समय व्यक्ति को जिस पार्टी का समर्थन कर रहा है, उसकी विचारधारा और अंतिम लक्ष्यों को समझना चाहिए. साथ ही समय के हिसाब से उसकी प्रासंगिकता और उपयुक्तता को देखना चाहिए और वोट डालने से पहले संबंधित उम्मीदवार की योग्यता का आकलन करना चाहिए. शेखावत ने कहा कि जनता अब विकास और व्यापक दृष्टिकोण को ध्यान में रखकर मतदान करने लगी है. वोट बैंक और तुष्टिकरण की राजनीति पर निर्भर रहने वाली पार्टियां हाशिए पर चली गई हैं. इसके बजाय देश और राज्य की जनता विकास की राजनीति करने वालों को समर्थन दे रही है. उन्होंने कहा कि इस बार भारतीय जनता पार्टी की शानदार जीत निश्चित है.
विवाद भी देखने को मिला
जयपुर में वार्ड 114 के एक मतदान केंद्र पर मतदान शुरू होने के कुछ ही देर बाद मामूली विवाद हो गया. निर्दलीय उम्मीदवार के समर्थकों ने मतदान केंद्र के अंदर कांग्रेस उम्मीदवार की मौजूदगी पर आपत्ति जताई. विवाद के बाद पुलिस मौके पर पहुंची. झुंझुनूं जिले में चिड़ावा नगरपालिका चुनाव से पहले एक निर्दलीय उम्मीदवार पर कथित हमला हुआ. उम्मीदवार अशोक शर्मा ने आरोप लगाया कि मोटरसाइकिल सवार तीन लोगों ने उन पर हमला किया, जिससे उनके सिर पर चोट लगी.
150 वार्ड वाला जयपुर नगर निगम दूसरे चरण में चुनाव होने वाला सबसे बड़ा निकाय है. यहां 24.33 लाख मतदाता और 2,256 मतदान केंद्र हैं. राज्य की राजधानी में 723 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं. जोधपुर नगर निगम में 100 वार्ड और 7.12 लाख मतदाता हैं, जबकि कोटा नगर निगम में भी 100 वार्ड हैं और यहां 8.26 लाख मतदाता हैं.
इस दिन आएगा रिजल्ट
अजमेर नगर निगम में 80 वार्ड और 4.38 लाख मतदाता हैं. उदयपुर नगर निगम में 80 वार्ड और 4.16 लाख मतदाता हैं, जबकि पाली नगर निगम में 65 वार्ड और 1.81 लाख मतदाता हैं. पहले चरण में 9 सितंबर को 162 शहरी निकायों में मतदान हुआ था. इस दौरान 76.41 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था. राजस्थान के 309 शहरी निकायों के चुनाव दो चरणों में कराए जा रहे हैं. इनमें 10 नगर निगम, 51 नगर परिषद और 248 नगर पालिकाएं शामिल हैं.
दोनों चरणों में पार्षद पदों के लिए पड़े वोटों की गिनती 14 सितंबर को सुबह 8 बजे से होगी. मेयर और सभापति का चुनाव 21 सितंबर को होगा, जबकि डिप्टी मेयर, डिप्टी चेयरपर्सन और नगर पालिका के उपाध्यक्ष का चुनाव 22 सितंबर को होगा.