स्थानीय निकाय चुनाव ( Local Body Election) भारत के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों को चुनने के लिए आयोजित किए जाते हैं. राज्य चुनाव आयोग, राज्य कानूनों में निर्धारित प्रक्रियाओं के अनुसार इन चुनावों का संचालन करता है. दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश भारत में 2,50,000 सरकारी निकायों में 31 लाख निर्वाचित प्रतिनिधि हैं, जिनमें महिलाओं की संख्या 13 लाख हैं.
भारत के संविधान के 73वें संशोधन के प्रावधानों के अनुसार, स्थानीय निकाय चुनाव भारत के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में समय-समय पर आयोजित किए जाते हैं. इन स्थानीय निकायों के गठन के मुख्य कारणों में लोकतांत्रिक प्रक्रिया का विकेंद्रीकरण और स्थानीय स्तरों पर सत्ता का हस्तांतरण शामिल है. स्थानीय निकाय चुनावों का संचालन राज्य चुनाव आयोग द्वारा किया जाता है.
हरियाणा नगर निकाय चुनावों की मतगणना में बीजेपी ने बाजी मार ली है. धारूहेड़ा और सांपला में भाजपा उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की, जबकि उकलाना में पार्टी को हार का सामना करना पड़ा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा की जीत पर हरियाणा की जनता और पार्टी कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए इसे विकास और सुशासन पर जनता के भरोसे की जीत बताया.
Gujarat Election Result 2026 Live Updates: गुजरात में हुए नगर निगम चुनावों के नतीजे आज चुके हैं. नगर निगम चुनावों में 55 फीसदी से ज्यादा मतदाताओं ने अपने मताधिकार का उपयोग किया था.
गुजरात में 15 नगर निगम, 84 नगरपालिकाओं, 260 तालुका पंचायत और 34 जिला पंचायतों के लिए मतदान होगा. इस बार चुनाव OBC आरक्षण के नए नियमों के तहत होंगे। कुल 9992 सीटों पर एक ही चरण में EVM से वोटिंग होगी. राज्य में 4.18 करोड़ से ज्यादा मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे.
गुजरात के स्थानीय निकाय चुनाव से पहले कांग्रेस ने 243 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की है, जिसमें अहमदाबाद समेत सात नगर निगम शामिल हैं. वहीं आम आदमी पार्टी ने सूरत नगर निगम के लिए 75 उम्मीदवार घोषित किए हैं. भारतीय जनता पार्टी अभी उम्मीदवार घोषित नहीं की है. मतदान 26 अप्रैल और मतगणना 28 अप्रैल को होगी.
गुजरात में स्थानीय निकाय चुनावों के शोर के बीच ब्यूरोक्रेसी का एक बड़ा चेहरा राजनीति के मैदान में उतर गया है. 2006 बैच के पूर्व IPS अधिकारी मनोज निनामा ने आधिकारिक तौर पर भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया है.
गुजरात के स्थानीय निकाय चुनाव से पहले भाजपा ने ‘नो रिपिट फॉर्मूला’ लागू करते हुए 60 फीसदी से ज्यादा मौजूदा पार्षदों के टिकट काट दिए हैं. अहमदाबाद में सबसे ज्यादा बदलाव हुआ है, जबकि सूरत में सबसे कम.
गुजरात में स्थानीय निकाय चुनाव के 26 अप्रैल को मतदान होगा. इस बीच जानकारी मिली है कि नामांकन वापसी के अंतिम दिन से पहले कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों को सुरक्षित ठिकानों पर भेज दिया है.
गुजरात निकाय चुनाव में मतदान से पहले ही तस्वीर साफ हो गई है. 10 हजार सीटों में से 730 सीटें निर्विरोध घोषित हुईं, जिनमें 715 सीटें बीजेपी को मिलीं. राज्य में 26 अप्रैल को 30 हजार मतदान केंद्रों और 50 हजार बूथों पर वोटिंग होगी. सुरक्षा के लिए पुलिस अलर्ट है और संवेदनशील बूथों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी.
गुजरात में स्थानीय निकाय चुनाव के लिए वोटिंग शुरू हो गई है. अहमदाबाद, सूरत, राजकोट समेत 9,262 सीटों के लिए मतदान जारी है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले ही पोस्टल बैलेट से मतदान कर चुके हैं. अमित शाह समेत कई केंद्रीय मंत्री भी आज अपने परिवार के साथ वोट देंगे.
Gujarat Local Body Elections 2026: इस चुनाव में बीजेपी सबसे अधिक 9,237 उम्मीदवारों के साथ मैदान में है. वहीं कांग्रेस ने 8,443 और आम आदमी पार्टी (AAP) ने 5,261 प्रत्याशी उतारे हैं.