रसोई में कुछ भी काम करते हैं, तो सभी लोग सावधानी रखने और ध्यान से करने के लिए बोलते हैं. इसका एक कारण ये होता है कि जरा सा ध्यान हटते ही कोई भी चीज गिर सकती है या उफनकर गैस पर निकल सकती है. कुछ ऐसा ही गैस पर दूध गर्म करते समय लोग बोलते हैं. अक्सर ध्यान हटते ही दूध उफनकर चूल्हे पर फैल जाता है. कभी पानी उबलकर बाहर आ जाता है, तो कभी सब्जी या दाल का पानी गैस बर्नर तक पहुंच जाता है. ऐसे में ज्यादातर लोग पहले गैस बंद करते हैं, कपड़े से चूल्हा साफ करते हैं और फिर दोबारा खाना बनाने लगते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि चूल्हा ऊपर से साफ और सूखा दिखने के बावजूद उसके अंदर नमी रह सकती है?
दूध या पानी गिरने के बाद गैस चूल्हे को दोबारा जलाने में जल्दबाजी करना सही नहीं है. इससे बर्नर के ठीक से काम करने में परेशानी आ सकती है. इसलिए अगली बार ऐसा हो, तो चूल्हे को साफ करने के साथ कुछ बातों का ध्यान रखना भी जरूरी है. आइए जानते हैं कि दूध या पानी गैस पर गिर जाए, तो क्या करना चाहिए और किन गलतियों से बचना जरूरी है.
सबसे पहले गैस बंद करें
अगर दूध या पानी उफनकर गैस चूल्हे पर फैल जाए, तो सबसे पहले बर्नर बंद करें. गैस की सप्लाई भी बंद कर दें. इसके बाद चूल्हे को तुरंत दोबारा जलाने की कोशिश न करें. उफना हुआ दूध या पानी बर्नर के छेदों और आसपास के दूसरे हिस्सों में पहुंच सकता है. ऐसे में बिना चेक किए गैस जलाना परेशानी बढ़ा सकता है.
कपड़े से पोंछने के साथ चूल्हे को अच्छी तरह साफ करें
गैस बंद करने के बाद चूल्हे पर फैले दूध या पानी को साफ कपड़े से पोंछ लें. अगर दूध गिरा है, तो उसकी सफाई अच्छे से करें. क्योंकि दूध सूखने के बाद चिपचिपी लेयर छोड़ सकता है. ये लेयर बर्नर के छेदों में जम जाए, तो आग ठीक से जलने में परेशानी हो सकती है.
चूल्हे के आसपास और बर्नर के पास जमा हुए लिक्विड को भी ध्यान से साफ करना चाहिए. हालांकि, सफाई करते समय पानी को सीधे बर्नर के अंदर डालने या चूल्हे को जरूरत से ज्यादा गीला नहीं करना चाहिए.
सफाई के तुरंत बाद क्यों नहीं जलाना चाहिए चूल्हा?
कई बार लोग चूल्हे को कपड़े से पोंछने के तुरंत बाद गैस जला देते हैं. लेकिन ऐसा करना सही नहीं है. बर्नर के आसपास या उसके छोटे छेदों में नमी बची रह सकती है, जिससे गैस का फ्लो और आग जलने की प्रोसेस पर बुरा असर पड़ सकता है.
इसलिए सफाई के बाद चूल्हे को कुछ समय सूखने दें. सिर्फ ऊपर से सूखा दिखना ही काफी नहीं है. दोबारा इस्तेमाल करने से पहले ये देख लें कि बर्नर और उसके आसपास के हिस्से सूखे हों. अगर पानी या दूध अंदर तक पहुंच गया है, तो चूल्हे को दोबारा चालू करने से पहले उसे चेक करवाना सही रहता है.
गैस जल नहीं रही, तो बार-बार माचिस न लगाएं
दूध या पानी गिरने के बाद कभी-कभी गैस चूल्हा ठीक से नहीं जलता. कुछ लोग इसे जलाने के लिए बार-बार माचिस से जलाने की कोशिश करते हैं या इग्निशन का बटन ही दबाते रहते हैं. अगर आप भी ऐसा करते हैं तो ये ना करें. अगर बर्नर में गैस निकल रही है, लेकिन आग नहीं जल रही, तो गैस जमा होने का खतरा हो सकता है.
ऐसी कंडशन में बर्नर बंद कर दें और चूल्हे को सूखने का समय दें. अगर इसके बाद भी समस्या बनी रहती है, तो किसी टेक्नीशियन को बुलाकर चेक करवाएं. चूल्हे के अंदरूनी या इलेक्ट्रिकल हिस्सों को खुद खोलकर ठीक करने की कोशिश न करें.
गैस की महक आए, तो बिल्कुल न जलाएं चूल्हा
अगर सफाई के बाद गैस की अजीब सी महक महसूस हो रही है, तो चूल्हा जलाने की कोशिश बिल्कुल न करें. माचिस, लाइटर या किसी इलेक्ट्रिकल स्विच का इस्तेमाल न करें. अगर सुरक्षित तरीके से हो, तो गैस की सप्लाई बंद करें और सभी लोगों को वहां से दूर ले जाएं. इसके बाद किसी योग्य व्यक्ति से कॉन्टैक्ट करें. अगर गैस लीक होने की महक आ रही है, तो खुद से चूल्हे को रिपेयर करना खतरनाक हो सकता है. ऐसे में एक्सपर्ट की मदद लेना ही बेहतर है.