कर्नाटक के हावेरी जिले के नरेगल गांव में मंगलवार को पारंपरिक काराहुन्निमे त्योहार के दौरान दो पक्षों के बीच हिंसक झड़प हो गई. जुलूस के दौरान पटाखे फोड़ने को लेकर शुरू हुई ये बहस इतनी बढ़ गई कि दोनों तरफ से जमकर मारपीट हुई. इस झड़प में 8 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं. सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हालात पर काबू पाया.
इस त्योहार के दौरान हिंदू युवक पारंपरिक रीति-रिवाज के तहत एक बैल को भगाने के लिए पटाखे फोड़ रहे थे. जब ये जुलूस गांव की मस्जिद और ग्राम पंचायत भवन के पास पहुंचा, तो मुस्लिम समुदाय के कुछ लोगों ने इस पर ऐतराज जताया. उन्होंने युवकों से बैल को रोकने और उसे बांधने के लिए कहा.
इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में तीखी बहस शुरू हो गई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई. आरोप है कि इस दौरान हंसिया और अन्य धारदार हथियारों से हमला किया गया. इस घटना का एक सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है.
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मस्जिद के पास पटाखा फोड़ने पर शुरू हुई बहस
हावेरी की एसपी यशोदा ने मामले की पूरी जानकारी देते हुए कहा कि आज दोपहर, अदूर पुलिस स्टेशन के इलाके में आने वाले नरेगल गांव में काराहुन्नि मे उत्सव के दौरान लोग सजे हुए बछड़ों के साथ जुलूस निकाल रहे थे. मस्जिद और ग्राम पंचायत भवन एक-दूसरे के बिल्कुल बगल में हैं. उस जगह पर पटाखे फोड़े गए, जिसके बाद खाजा और लोहित नाम के दो युवकों के बीच मामूली बहस हो गई. आरोप है कि खाजा ने लोहित के साथ मारपीट की.
इस घटना के सिलसिले में कुल आठ लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. उनमें से तीन को आगे के अच्छे इलाज के लिए किम्स अस्पताल रेफर किया गया है. उन्होने आगे बताया कि अभी तक एफआईआर दर्ज नहीं की गई है. हम खुद मौके पर जाकर जांच कर चुके हैं.
पुलिस बल तैनात, स्थिति नियंत्रण में
एसपी यशोदा के मुताबिक, गांव में स्थिति बिल्कुल शांतिपूर्ण है. हमने दोनों समुदायों के नेताओं और गांव की महिलाओं से बात की है. फिलहाल कोई समस्या नहीं है. ये दो लोगों का आपसी विवाद लग रहा है और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. शिकायतकर्ता शिकायत दर्ज कराने आ रहे हैं. शिकायत मिलते ही हम एफआईआर दर्ज करेंगे और आगे की कानूनी कार्रवाई करेंगे.
गांव में कानून-व्यवस्था की कोई समस्या नहीं है. मैंने खुद गांव का दौरा किया और दोनों पक्षों के नेताओं से बात की. लड़ाई में शामिल लोगों का कोई भी साथ नहीं दे रहा है. स्थिति पूरी तरह शांत है. गांव में कोई पाबंदी लगाने की जरूरत नहीं है. फिर भी, हमने एहतियात के तौर पर पर्याप्त पुलिस सुरक्षा तैनात कर दी है.
क्यों शुरू हुआ विवाद?
एसपी के अनुसार, ये विवाद असल में क्यों शुरू हुआ, इसकी पूरी जांच की जा रही है. लेकिन शुरुआती तौर पर ऐसा लगता है कि झगड़ा तब शुरू हुआ जब कुछ लोगों ने टोकते हुए पूछा कि उस जगह के पास से गुजरते समय पटाखे क्यों फोड़े जा रहे थे. अभी तक आधिकारिक तौर पर कोई शिकायत दर्ज नहीं हुई है. मैं अभी सिर्फ शुरुआती जानकारी साझा कर रही हूं. एफआईआर दर्ज होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी. जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा.
बता दे कि, इस झड़प में कुल आठ लोग घायल हुए हैं.पुलिस के अनुसार, घायलों में एक तरफ से खाजा और उनके पिता बाशा शामिल हैं, जबकि दूसरी तरफ से छह अन्य लोगों को चोटें आई हैं. अदूर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है.