नंदीग्राम उपचुनाव के लिए बीजेपी ने हसिरानी रथ को अपना उम्मीदवार बनाया है. हसिरानी रथ, चंद्रनाथ रथ की मां हैं, जो मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के पीए थे. पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के कुछ समय बाद चंद्रनाथ रथ की हत्या कर दी गई थी.
नंदीग्राम सीट शुभेंदु अधिकारी के इस्तीफे के बाद खाली हुई है. 2026 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने नंदीग्राम के साथ भवानीपुर सीट से भी जीत दर्ज की थी. बाद में उन्होंने नंदीग्राम सीट छोड़ दी. अब इसी सीट पर उपचुनाव हो रहा है. बीजेपी ने इस चुनाव में हसिरानी रथ को उतारकर चंद्रनाथ रथ के नाम से जुड़े पुराने मामले को भी फिर चुनावी चर्चा में ला दिया है.
चुनाव के बाद हुई थी चंद्रनाथ की हत्या
चंद्रनाथ रथ की हत्या विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के कुछ समय बाद हुई थी. 6 मई 2026 की रात उत्तर 24 परगना जिले के मध्यमग्राम इलाके में उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. उस वक्त चंद्रनाथ की उम्र 42 साल थी. वह शुभेंदु अधिकारी के पीए थे. हत्या के बाद यह मामला काफी चर्चा में रहा. अब चंद्रनाथ की मां हसिरानी रथ नंदीग्राम के चुनावी मैदान में हैं. बीजेपी ने उन्हें अपना उम्मीदवार बनाया है.
एक सीट, तृणमूल के दो गुट और त्रिकोणीय मुकाबला
नंदीग्राम का रण इस बार सिर्फ बीजेपी बनाम तृणमूल नहीं है. असली पेच तृणमूल के भीतर खिंची लकीर ने बढ़ा दिया है. ममता बनर्जी वाले गुट ने संचिता प्रधान दे को मैदान में उतारा है. दूसरी तरफ ऋतब्रत बनर्जी की अगुआई वाले बागी टीएमसी गुट ने मोहम्मद एतेशामुल हक को उम्मीदवार बनाया है. यानी नंदीग्राम में बीजेपी के सामने तृणमूल के दो उम्मीदवार भी चुनाव लड़ रहे हैं.
बीजेपी ने चंद्रनाथ रथ की मां हसिरानी रथ को टिकट दिया है. ऐसे में मुकाबला तीन तरफ का हो गया है. एक तरफ बीजेपी की हसिरानी रथ हैं, दूसरी तरफ ममता बनर्जी वाले गुट की संचिता प्रधान दे, जबकि तीसरे मोर्चे पर रितब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाला बागी टीएमसी गुट है. अब नंदीग्राम का चुनावी नतीजा बताएगा कि इस बहुकोणीय मुकाबले में किस उम्मीदवार को बढ़त मिलती है.
क्यों खाली हुई नंदीग्राम सीट?
2026 के विधानसभा चुनाव में शुभेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम से जीत दर्ज की थी. उन्हें 1,27,301 वोट मिले थे, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी पबित्र कर को 1,17,636 वोट मिले.इसी चुनाव में शुभेंदु अधिकारी भवानीपुर सीट से भी जीते थे. नियम के मुताबिक कोई उम्मीदवार एक साथ दो विधानसभा सीटों का सदस्य नहीं रह सकता. इसलिए उन्होंने नंदीग्राम सीट छोड़कर भवानीपुर सीट अपने पास रखी. इसी वजह से नंदीग्राम में अब उपचुनाव हो रहा है.
नंदीग्राम उपचुनाव के लिए नामांकन की आखिरी तारीख 16 सितंबर है. 17 सितंबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, जबकि 19 सितंबर तक उम्मीदवार अपना नाम वापस ले सकेंगे. इसके बाद 6 अक्टूबर को वोटिंग होगी. 9 अक्टूबर को वोटों की गिनती की जाएगी. चुनाव आयोग ने 11 अक्टूबर तक पूरी चुनाव प्रक्रिया खत्म करने की समयसीमा तय की है.
हसिरानी रथ के मैदान में आने के बाद अब इस सीट पर चुनावी मुकाबला और दिलचस्प हो गया है. उनकी उम्मीदवारी के साथ चंद्रनाथ रथ का नाम भी एक बार फिर नंदीग्राम की राजनीति में चर्चा में है.