राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान सोमवार को आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोला. संजय सिंह ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के माघ मेला स्नान किए बगैर लौट जाने से लेकर मणिकर्णिका घाट पर मूर्तियां तोड़े जाने को लेकर विवाद और यूजीसी की नई नियमावली पर सुप्रीम रोक तक, महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए.
उन्होंने कहा कि पिछले दिनों मिर्जापुर से वाराणसी तक की पदयात्रा कर रहा था. उस दौरान मणिकर्णिका घाट पर माता अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा, मणि तोड़ने का कार्य किया गया. संजय सिंह ने कहा कि वीडियो ट्वीट कर दिया तो मुझपर एफआईआर कर ली गई. उन्होंने कहा कि बीजेपी की नेता सुमित्रा महाजन ने कहा कि मूर्ति तोड़ी गई है, बीजेपी विधायक रवींद्र जायसवाल ने कहा कि मंदिर तोड़े गए हैं. तोड़फोड़ करने वाले गुनहगारों पर कार्रवाई करनी चाहिए थी, लेकिन की मुझपर जा रही है.
आम आदमी पार्टी के सांसद ने सत्ताधारी दल को चुनौती देते हुए कहा कि मैं तो कहता हूं कि तीन सदस्य मणिकर्णिका भेजे जाएं, तीनों के तीनों बीजेपी के हों. उन्होंने कहा कि ये वहां जाएं और दिखाएं कि अहिल्याबाई की प्रतिमा, मणि जस के तस हैं. फिर मुझ पर कार्रवाई करिए. काशी की गलियां देखने लोग आते हैं. लेकिन वहां तोड़फोडड़ कर रहे हैं. कई मूर्तियां पड़ी हैं लंका थाने में. संजय सिंह ने कहा कि आपको (बीजेपी को) धर्म में भी धंधा करना है. 2047 में आप विकसित भारत बनाने का सब्जबाग दिखा रहे हैं. एक हजार साल बाद कौन पूछने वाला रहेगा.
संजय सिंह ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और ग्रामीण विकास के बजट में कटौती की है आपने, विकसित भारत कैसे होगा. अशिक्षित, अस्वस्थ्य, अविकसित गांवों के साथ कैसे करेंगे विकसित भारत का निर्माण. उन्होंने कहा कि आपकी सीएजी रिपोर्ट में आया है कि 25 करोड़ का फ्रॉड हुआ है आयुष्मान योजना में. संजय सिंह ने कहा कि आप प्रशिक्षण नहीं दे सकते, रोजगार दूर की बात है. माघ मेला हुआ, बड़ी चर्चा हुई. वहां दुखद घटना हुई. शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद स्नान करने जा रहे थे. उनके शिष्यों और बटुकों को चोटी पकड़ घसीट के मारा गया.
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उन्होंने कहा कि शंकराचार्य की मांग थी कि सरकार-प्रशासन गलती मान ले, तो स्नान करूंगा. बिना स्नान किए शंकराचार्य चले गए. संजय सिंह ने कहा कि कितने बड़े धर्म के ठेकेदार हो, कि तहसील के माध्यम से चिट्ठी भेजते हो- बताओ तुम शंकराचार्य हो कि नहीं हो. उन्होंने कहा कि इस देश में अब अरावली पर्वत को बताना है कि पर्वत हो कि नहीं हो, दिल्ली कि हवाओं को बताना होगा कि तुम प्रदूषित हो कि नहीं हो. इस देश के वोटर को बताना होगा कि वो देश के नागरिक हैं कि नहीं हैं.
जो 12 साल में डिग्री नहीं दिखा पाए, वे शंकराचार्य से सबूत मांगते हैं- संजय
संजय सिंह ने कहा कि जो 12 साल में अपनी डिग्री नहीं दिखा पाए, वे शंकराचार्य से शंकराचार्य होने का प्रमाण मांगते हैं. उन्होंने दुनिया में भारत की धाक बढ़ने के दावे को लेकर कहा कि हमने देखा कि किस तरह से बेड़ियों में जकड़ के अमेरिका से भारतीयों को वापस लाया गया. हमने देखा कि ट्रंप ने बार-बार कहा कि टैरिफ और डील की धमकी देकर भारत-पाकिस्तान युद्ध रुकवाया. संजय सिंह ने कहा कि चीन कह रहा है कि शक्सगाम वैली में वह निर्माण कराएगा और उसी दिन बीजेपी के दफ्तर में वहां की पार्टी के लोग बैठकर मीटिंग करते हैं.
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संजय सिंह ने कहा कि एपस्टीन फाइल में प्रधानमंत्री पर आरोप लगता है और आप स्पष्टीकरण नहीं दे रहे. एक जज की टिप्पणी आती है और उसी दिन उस जज का आप ट्रांसफर कर देते हैं. उन्होंने कहा कि पूरे देश में एसआईआर के नाम पर वोट काट रहे हैं. यूपी की नगर निकाय और पंचायतों की वोटर लिस्ट में 17 करोड़ नाम हैं और ज्ञानेश कुमार की वोटर लिस्ट में 12 करोड़. संजय सिंह ने कहा कि हमारी पार्टी के नेताओं को पकड़ के जेल में डाल दे रहे हैं. एसआईआर में आप नेता जी सुभाष चंद्र बोस के परिवार, अमर्त्य सेन के परिवार को नोटिस भेज रहे हैं. ये चुनावी घोटाला है.
उस विचारधारा की हत्या करें, जिसने गांधी की हत्या की- संजय
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद ने कहा, आप कहते हैं कि गांधी की हत्या से संघ का कोई लेना-देना नहीं. उन्होंने कहा कि हम कहते हैं कि आइए, हम सब मिलकर उस विचारधारा की हत्या करें, जिसने गांधी की हत्या की. क्या बजरंगबली ने कहा है कि चर्च में हनुमान चालीसा पढ़ो. राम जी ने कहा है कि मस्जिद के सामने रामचरित मानस का पाठ करो. राम मंदिर में जाइए और पाठ करिए, आशीर्वाद लेकर आइए देश के लिए. आप देश को बांटने का काम कर रहे हैं. संजय सिंह ने कहा कि इस देश के अंदर ये हो रहा है. नफरत की राजनीति को पहले मारना होगा और आपकी ये राजनीति रुक नहीं रही है. वह असीमित है.
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उन्होंने कहा कि अभी आप एक बिल लेकर आए, उस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह अस्पष्ट है. यूजीसी का ऐसा बिल लेकर क्यों आए, देश में झगड़े का माहौल क्रिएट किया. संजय सिंह ने कहा कि आप कभी भी दलित-पिछडड़ा-आदिवासी के हितैषी रहे ही नहीं हैं. आप बस हल्ला मचा रहे थे, सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दिया. उन्होंने कहा कि आपने इस देश के अंदर विश्वविद्यालयों के अंदर आरक्षण खतम किया है, ये सच्चाई है. 80 फीसदी से ज्यादा पोस्ट आरक्षित वर्ग की खाली पड़ी है.
45 में 38 यूनिवर्सिटी के वीसी सामान्य वर्ग के- संजय सिंह
संजय सिंह ने कहा कि 45 सेंट्रल यूनिवर्सिटीज में से 38 के वीसी सवर्ण हैं. केवल सात दलित-पिछड़े आदिवासी हैं. इसका मतलब आपकी मानसिकता है कि दलित-पिछड़ा आदिवासी वीसी बनने, प्रोफेसर बनने के योग्य नहीं हैं. उन्होंने कहा कि आप न्याय नहीं, नौटंकी करते हैं. अगर आपकी नीयत साफ है तो हर यूनिवर्सिटी में दो तरह की कमेटी बनाइए. संजय सिंह ने कहा कि एक कमेटी जाति आधारित भेदभाव के लिए और दूसरी कमेटी भाषा और अन्य भेदभाव के लिए बनाते. कोई झगड़ा नहीं होता.
एपस्टीन फाइल्स की बात पर बीजेपी ने किया पलटवार
संजय सिंह के एपस्टीन फाइल्स का जिक्र करने पर बीजेपी ने पलटवार किया. बीजेपी के राज्यसभा सांसद डॉक्टर सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि इस फाइल का जिक्र करना विक्षिप्त मानसिकता का परिचायक है. एक सजायाफ्ता अपराधी का नाम लेकर यहां बोलना ठीक नहीं है. उन्होंने कहा कि पीएम इजरायल में आधिकारिक यात्रा पर थे. एक-एक मुलाकात रिकॉर्ड पर है. डॉक्टर त्रिवेदी ने कहा कि राष्ट्रवाद के मेरु पर ये वार बहुत ही हल्का है. विकसित भारत रोकने के लिए ये कुत्सित प्रयास है.