नीट विवाद और प्रदर्शन के दबाव के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार (25 जुलाई) को अपने पद से इस्तीफा दे दिया. पद छोड़ने के तुरंत बाद ही वे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर भी एक्शन मोड में नजर आए. धर्मेंद्र प्रधान ने अपने आधिकारिक एक्स (ट्विटर) हैंडल का बायो अपडेट करते हुए उसमें से 'शिक्षा मंत्री' का टैग हटा दिया है. अब उनके एक्स बायो में केवल 'सांसद (लोकसभा), संबलपुर, विचार व्यक्तिगत हैं.' लिखा हुआ है.

जंतर-मंतर पर डटे छात्रों और विभिन्न संगठनों के आंदोलन के आगे इसे सरकार का बड़ा कदम माना जा रहा है. NEET परीक्षा रद्द करने और सुधारों की मांग को लेकर एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक भी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे थे. शुक्रवार (24 जुलाई) को जब उन्होंने अपना अनशन समाप्त किया, उसके बाद से ही देश के राजनीतिक गलियारों में शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को लेकर कयासबाजी चरम पर पहुंच गई थी मामले की शुरुआत से ही विपक्षी दल और छात्र संगठन लगातार शिक्षा मंत्री से जवाबदेही तय करते हुए इस्तीफे की मांग कर रहे थे, 20 जून को 'चलो संसद' मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई तीखी झड़प के बाद यह आंदोलन और भी उग्र हो गया था.केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार (25 जुलाई) को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. इसके बाद उन्होंने अपने एक्स पर उन्होंने अपना प्रोफाइल बदल दिया है.