दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट यूजी पेपर लीक और शिक्षा सुधारों को लेकर हुए प्रदर्शन के बाद तरह-तरह के दावे किए जा रहे थे कि जंतर-मंतर को विरोध प्रदर्शनों के लिए बंद कर दिया गया है. हालांकि अब दिल्ली पुलिस ने आधिकारिक तौर पर स्पष्ट कर दिया है कि यह दावे पूरी तरह से झूठे, गलत और निरर्थक हैं.
दिल्ली पुलिस की ओर से आधिकारिक तौर पर स्पष्ट किया गया है कि जंतर मंतर को विरोध प्रदर्शन के लिए बंद होने को लेकर अफवाहें फैलाई जा रही हैं. यह पूरी तरह झूठ हैं, इनमें कोई सच्चाई नहीं है. जंतर-मंतर शांतिपूर्ण और अधिकृत विरोध प्रदर्शन के लिए सक्रिय जगह है, यहां ज्यादा से ज्यादा 1000 लोगों के एकत्रित होने की अनुमति दी जा सकती है.
दिल्ली पुलिस ने स्पष्टीकरण जारी किया है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन करते हुए दिल्ली पुलिस मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) का पालन करती है. दिल्ली पुलिस ने नागरिकों को बिना किसी पुष्टि के ऐसी किसी भ्रामक जानकारी पर विश्वास न करने की सलाह दी है.
यह भी पढ़ें: पैलेट गन के इस्तेमाल पर SOP क्या है? सुप्रीम कोर्ट ने सरकार से पूछे तल्ख सवाल
बता दें, बीते दिन दिल्ली के जंतर-मंतर पर बैरिकेड्स को पक्का करने की प्रक्रिया की जा रही थी. इस दौरान बैरिकेड्स की वेल्डिंग की जा रही थी जिससे इसे और मजबूत करके स्थायी किया जा सके. हालांकि बैरिकेड्स की वेल्डिंग के बाद से ही यह दावे किए जा रहे थे कि जंतर-मंतर को प्रदर्शन के लिए बंद किया जा रहा है. लेकिन दिल्ली पुलिस ने स्पष्टीकरण जारी करते हुए बाताया है कि यह दावे झूठे हैं और जंतर मंतर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए अब भी सक्रिय बना हुआ है. दिल्ली पुलिस ने नागरिकों को ऐसी अफवाहों से बचने की सलाह दी है.
जंतर मंतर पर सुरक्षा के भी पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं. पुलिस, सुरक्षाबलों की वहां तैनाती देखने को मिलती है.