महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे ने मुंबई में आयोजित मनसे रेलवे कामगार सेना के स्थापना दिवस कार्यक्रम के दौरान ‘मिसिंग लिंक’ मुद्दे को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस पर तीखा हमला बोला. उन्होंने विधानसभा में मुख्यमंत्री द्वारा दिए गए बयानों पर पलटवार करते हुए कहा कि अगर सरकार से जरूरी सवाल पूछना राजनीति है तो विपक्ष में रहते हुए भारतीय जनता पार्टी द्वारा किए गए तमाम आंदोलन क्या राजनीति नहीं थे?
राज ठाकरे ने कहा कि मुख्यमंत्री विधानसभा में ‘मिसिंग लिंक’ पर राजनीति न करने और महाराष्ट्र का अपमान न करने की बात कहते हैं, लेकिन हादसे पर सवाल पूछने में राज्य का कोई अपमान नहीं है.
BJP ने ही शुरू किया तीखी भाषा का इस्तेमाल
उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि लोकतंत्र के अंदर देश की जनता को अपनी सरकार से सवाल पूछने का पूरा अधिकार है. राज ठाकरे ने आरोप लगाया कि विरोधियों पर व्यक्तिगत हमले और तीखी भाषा की शुरुआत खुद बीजेपी ने की थी, लेकिन अब जब वैसा ही माहौल उनके खिलाफ बन रहा है तो उन्हें तकलीफ हो रही है.
CM के बयान पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा विधानसभा के अंदर दिए गए 'देख लेंगे' वाले बयान पर भी मनसे प्रमुख ने कड़ा निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जैसे गरिमामयी पद पर बैठे व्यक्ति को इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना बिल्कुल भी शोभा नहीं देता है. इसके साथ ही राज ठाकरे ने ये भी बड़ा सवाल उठाया कि जब ये सदन पूरी तरह महाराष्ट्र का है और वहां के अधिकांश विधायक मराठी भाषी हैं तो मुख्यमंत्री को अचानक विधानसभा में हिंदी में बोलने की क्या जरूरत पड़ी.
बीजेपी में चल रही है खींचतान
अपने संबोधन के अंत में मनसे प्रमुख ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि इस वक्त बीजेपी के अंदर अंदरूनी खींचतान चल रही है और आने वाले वक्त में इसके और संकेत देखने को मिलेंगे.