राजपाल यादव बुधवार को चेक बाउंस केस में सुप्रीम कोर्ट पहुंचे. वहां उन्होंने अपनी मजबूरी और डूबे पैसों पर बात की. एक्टर ने फिलहाल के लिए 1.15 करोड़ चुकाए हैं. बचे हुए 85 लाख वो 13 अक्टूबर तक शिकायतकर्ता को सौपेंगे. सुप्रीम कोर्ट से निकलते हुए राजपाल के कुछ वीडियो सामने आए हैं. इनमें उनका लुक देखकर लोगों ने मजे लिए हैं.
सूट पहनकर कोर्ट पहुंचे राजपाल
राजपाल सुनवाई के लिए कोर्ट में सूट पहनकर पहुंचे थे. एक्टर लाइट ब्लू सूट पैंट और व्हाइट शर्ट पहने जज के सामने पेश हुए. एक्टर का टशन और स्वैग कुछ लोगों को अखर गया है. यूजर्स ने जमकर एक्टर के मजे लिए हैं. एक शख्स ने कहा- इनके पास देने को पैसे नहीं हैं, लेकिन स्टाइल में कोई कमी नहीं होनी चाहिए. दूसरे ने लिखा- इन्हें देखकर नहीं लग रहा इनपर कोई कर्ज है. लोगों का कहना है ऐसे अटायर में कौन कोर्ट में पेश होता है.
किसी ने कहा- राजपाल किसी शादी या फंक्शन को अटेंड करने गए थे जो सूट पहनकर पहुंचे हैं. ट्रोलिंग के बीच फैंस ने राजपाल का बचाव किया. उन्होंने कहा कि राजपाल को शूटिंग पर जाना होगा शायद इसलिए इस अटायर में कोर्ट के सामने पेश हुए.
कोर्ट में राजपाल की दलील
दूसरी तरफ, इंटरनेट पर एक और वीडियो सामने आया है जिसमें राजपाल कोर्ट के अंदर जज के सामने अपनी दलील दे रहे हैं. राजपाल अपनी आर्थिक स्थिति पर बात कर रहे हैं. सुनवाई के बाद राजपाल यादव और बेंच के बीच हल्की-फुल्की बातचीत भी हुई. उनकी फिल्म अता पता लापता का जिक्र हुआ. राजपाल ने बताया कि इस फिल्म की वजह से उन्हें करीब 200-250 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था. इस पर CJI ने मजाकिया अंदाज में कहा कि फिल्म के नाम की तरह उनका पैसा भी अता पता लापता हो गया है.
CJI ने राजपाल से कहा कि कोई अच्छी सी मूवी बनाकर लोगों को एंटरटेन करो, आपकी इज्जत दोबारा बन जाएगी. सुप्रीम कोर्ट के कुछ वकील भी अच्छे एक्टर्स हैं. उन्हें भी रोल दे सकते हैं. जवाब में राजपाल ने हाथ जोड़कर कहा- 2010 से 2026 तक, सोलह सोमवार झेल के. ये मेरी फिल्म का टाइटल होगा.
हालांकि, सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट राजपाल यादव के रवैये से काफी नाराज नजर आया. कोर्ट ने उन्हें चेतावनी दी कि उनकी सजा बढ़ाई जा सकती है. कोर्ट ने कहा कि बार-बार समय इसलिए दिया जा रहा है ताकि शिकायतकर्ता को उसका पैसा मिल सके. इसी दौरान अदालत ने कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा- कानून का इस तरह इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए.
मालूम हो, कर्ज का ये मामला 2010 का है, जब मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड ने राजपाल यादव को उनकी फिल्म अता पता लापता के लिए लोन दिया था. फिल्म पिटी और सारा पैसा डूब गया.