नेशनल स्किल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (NSDC) की जारी रिपोर्ट के अनुसार 2022 तक भारत को रियल एस्टेट और कंस्ट्रक्शन सेक्टर में करीब 8 करोड़
ये आकंड़े ने 24 सेक्टरों की स्टडी करने के बाद सामने रखे है. लेकिन 2013-2022 तक रियल एस्टेट सेक्टर में सबसे ज्यादा वर्कफोर्स की जरूरत पड़ेगी.
दरअसल, साल 2030 तक एफोर्डेबल हाउसिंग की डिमांड 2 करोड़ 90 लाख से 3 करोड़ 80 लाख हो जाएगी. इसीलिए रियल एस्टेट सेक्टर में वर्कफोर्स की डिमांड भी बढ़ेगी.
NSDC की जारी रिपोर्ट के अनुसार भविष्य को देखते हुए यह बात भी साफ हो गई है कि कंस्ट्रक्शन सेक्टर में आने वाले समय में नौकरी पाने के बेहतरीन अवसर होंगे.