भावनगर में सोशल मीडिया के जरिए हनीट्रैप का मामला सामने आया है, जहां एक व्यापारी को फेसबुक पर महिला से दोस्ती करना भारी पड़ गया. महिला ने उसे सारंगपुर दर्शन के बहाने बुलाया और लौटते समय उसके साथियों ने खुद को अहमदाबाद क्राइम ब्रांच का अधिकारी बताकर रोक लिया. आरोपियों ने व्यापारी पर ड्रग्स और गांजे के कारोबार में शामिल होने का झूठा आरोप लगाया. एनकाउंटर की धमकी देकर उससे 3.05 लाख रुपये ऐंठ लिए गए. मामले में भावनगर क्राइम ब्रांच ने महिला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
पुलिस के मुताबिक, भावनगर के व्यापारी की फेसबुक पर एक महिला से दोस्ती हुई थी. महिला ने खुद व्यापारी को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजी थी. इसके बाद उसने व्यापारी को सारंगपुर दर्शन के लिए चलने के लिए राजी किया. व्यापारी महिला के साथ दर्शन करने के लिए सारंगपुर गया था. दर्शन करके लौटते समय आरोपियों ने वारदात को अंजाम दिया.
दर्शन करके लौट रहे व्यापारी की कार को आरोपियों ने काले रंग की कार से रोक लिया. उन्होंने खुद को अहमदाबाद क्राइम ब्रांच का स्टाफ बताया. इसके बाद व्यापारी पर ड्रग्स और गांजे के घोटाले में शामिल होने का झूठा आरोप लगाया. आरोपियों ने उस पर एक लड़की को भगाकर ले जाने का भी आरोप लगाया. इन आरोपों के बाद व्यापारी को एनकाउंटर करने की धमकी दी गई.
आरोपियों ने व्यापारी को एनकाउंटर की धमकी देकर शुरुआत में 7 से 8 लाख रुपये की मांग की थी. धमकी से घबराए व्यापारी से आखिरकार 3.05 लाख रुपये जबरन ऐंठ लिए गए. इस मामले में व्यापारी की शिकायत पर बोरतलाव पुलिस स्टेशन में केस दर्ज किया गया था. इसके बाद भावनगर लोकल क्राइम ब्रांच ने मामले की जांच शुरू की. जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर उन्हें पकड़ने की कार्रवाई की.
भावनगर क्राइम ब्रांच ने जांच के दौरान फुलसर इलाके में स्वामीनारायण मंदिर के पीछे कार्रवाई की. पुलिस ने घनश्याम उर्फ श्याम लाठिया, राजेश कथरोटिया और एक स्थानीय महिला को कार के साथ हिरासत में लिया. आरोपियों से पूछताछ की गई, जिसमें उन्होंने व्यापारी को हनीट्रैप में फंसाकर पैसे ऐंठने की बात कबूल की. पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को आगे की कार्रवाई के लिए बोरतलाव पुलिस स्टेशन को सौंप दिया है.
पुलिस के मुताबिक, पकड़े गए आरोपी घनश्याम उर्फ श्याम धीरूभाई लाठिया के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज हैं. उसके खिलाफ बगदाना, सूरत, अहमदाबाद ग्रामीण, आणंद-तारापुर और अमरेली में मामले दर्ज होने की बात सामने आई है. वहीं, राजेश भीखाभाई काथरोटिया के खिलाफ सूरत और अमरेली में कई मामले दर्ज होने की जानकारी मिली है. पुलिस इन मामलों के रिकॉर्ड की जांच कर रही है.
क्राइम ब्रांच ने बताया कि गिरफ्तार महिला विलास पुरानी के खिलाफ दाठा पुलिस स्टेशन में पहले भी हनीट्रैप की शिकायत दर्ज हो चुकी है. पुलिस के मुताबिक, महिला और उसका गिरोह पहले भी कई लोगों को हनीट्रैप में फंसा चुका है. इस मामले में पुलिस ने तीनों आरोपियों को बोरतलाव पुलिस स्टेशन के हवाले कर दिया है. वहीं, वारदात में शामिल दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी है.
इस अपराध में शामिल दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं. पुलिस उनकी पहचान रमेश उर्फ कानो सागरका और निकुंज सोलंकी के रूप में कर रही है. दोनों को पकड़ने के लिए तलाश शुरू कर दी गई है. पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है.