अमेरिकी शेयर बाजार में गुरुवार को ऐसी गिरावट आई कि बड़ी-बड़ी टेक कंपनियों की कीमतों में लाखों करोड़ रुपये की कमी आ गई. सबसे ज्यादा मार AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़ी कंपनियों पर पड़ी. नैस्डैक-100 की बड़ी कंपनियों के बाजार मूल्य से एक ही दिन में 2.5 ट्रिलियन डॉलर कम हो गए. भारतीय रुपये में यह रकम करीब 236 लाख करोड़ रुपये बैठती है. इस गिरावट के पीछे डेमोक्रेट्स की चुनावी जीत के बाद AI कंपनियों पर सख्ती बढ़ने की आशंका को बड़ी वजह माना जा रहा है.
अमेरिका में डेमोक्रेटिक पार्टी ने मिडटर्म चुनाव में बड़ी जीत हासिल की है. इसके बाद निवेशकों को चिंता है कि AI कंपनियों के कामकाज पर ज्यादा नजर रखी जा सकती है. खासकर डेटा सेंटर बनाने पर नियम सख्त होने या इनके निर्माण की रफ्तार धीमी पड़ने का डर है. डेटा सेंटर वे बड़ी जगहें होती हैं, जहां AI सिस्टम को चलाने के लिए हजारों कंप्यूटर और सर्वर लगाए जाते हैं.
नैस्डैक में 5.5% की गिरावट
इस चिंता का असर गुरुवार को बाजार खुलते ही दिखा. न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, टेक कंपनियों वाले नैस्डैक कंपोजिट इंडेक्स में 5.5 फीसदी की गिरावट आई. अप्रैल 2025 में 'लिबरेशन डे' के बाद यह इसकी एक दिन की सबसे बड़ी गिरावट रही. नैस्डैक-100 की बड़ी कंपनियों के कुल बाजार मूल्य में 2.5 ट्रिलियन डॉलर की कमी आई.
AI कंपनियों के शेयरों में लगातार दूसरे दिन गिरावट जारी रही. इसका असर चिप बनाने वाली कंपनियों पर भी दिखा. इन कंपनियों का इंडेक्स करीब 12 फीसदी लुढ़ककर छह महीने से ज्यादा के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया. वहीं, AI से जुड़ी कंपनी CoreWeave के शेयरों में भी 10 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई.
अक्टूबर के रिकॉर्ड स्तर से 12% नीचे नैस्डैक
नैस्डैक कंपोजिट 6 अक्टूबर के अपने रिकॉर्ड स्तर से करीब 12 फीसदी नीचे आ चुका है. शेयर बाजार में जब कोई इंडेक्स अपने हालिया रिकॉर्ड स्तर से 10 फीसदी या उससे ज्यादा गिर जाता है, तो इसे 'करेक्शन' कहा जाता है. यानी नैस्डैक अब इस स्थिति में पहुंच चुका है.
अक्टूबर के मध्य से अब तक नैस्डैक में 500 से ज्यादा अंकों की गिरावट पांच बार दर्ज की गई है. बाजार के जानकारों की चिंता डेटा सेंटर बनाने की रफ्तार धीमी पड़ने को लेकर है. ऊंची ब्याज दरों के चलते छोटी AI कंपनियों के लिए पहले से ही पैसा जुटाना मुश्किल है. ऐसे में नियम सख्त होने की आशंका उनकी मुश्किलें और बढ़ा सकती है.
ट्रंप ने डेमोक्रेट्स की जीत को बताया वजह
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी शेयर बाजार की गिरावट पर प्रतिक्रिया दी. उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि चुनाव के नतीजों की वजह से बाजार ने अपने इतिहास के सबसे खराब दिनों में से एक देखा है. ट्रंप ने इसके लिए डेमोक्रेट्स को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा कि बाजार में गिरावट से लोगों के 401(k) रिटायरमेंट खातों की रकम भी कम हुई है. साथ ही भरोसा जताया कि अमेरिका जल्द फिर मजबूत स्थिति में लौटेगा. ट्रंप ने अपनी पोस्ट में डेमोक्रेट्स को 'Dumocrats' लिखकर निशाना बनाया.
फिलहाल बाजार की चिंता इस बात को लेकर है कि AI कंपनियों के लिए आगे नियम कितने सख्त होंगे. डेटा सेंटर बनाने की योजनाओं पर इसका कितना असर पड़ेगा, यह भी अभी साफ नहीं है. लेकिन इस आशंका ने AI शेयरों में तेजी से बिकवाली करा दी है.