उत्तर प्रदेश पुलिस जिस श्रद्धा दुबे की तलाश में जुटी है, उसके आगरा कनेक्शन का 'आजतक' ने बड़ा खुलासा किया है. श्रद्धा दुबे ने आगरा में करीब 24 घंटे बिताए. ताज नगरी फेज-1 के ओम पैलेस होटल में उसकी मौजूदगी के सीसीटीवी फुटेज सामने आए हैं. फुटेज में श्रद्धा के साथ एक युवक और एक युवती भी नजर आ रहे हैं. होटल के रजिस्टर में युवक का नाम देवराज यादव दर्ज बताया जा रहा है. लेकिन सबसे बड़ा सवाल ये है कि आखिर श्रद्धा दुबे आगरा क्यों आई थी? उसके साथ मौजूद युवक और युवती कौन हैं? और जब तक आगरा एसटीएफ और लखनऊ क्राइम ब्रांच की टीमें होटल पहुंचीं, तब तक तीनों वहां से निकल चुके थे.
आगरा में श्रद्धा के 24 घंटे का पूरा घटनाक्रम
17 अक्टूबर की सुबह 6 बजकर 33 मिनट पर श्रद्धा दुबे की गाड़ी ताज नगरी फेज-1 स्थित ओम पैलेस होटल पहुंचती है. इसके ठीक 20 मिनट बाद, सुबह 6 बजकर 53 मिनट पर श्रद्धा होटल में दाखिल होती है. 'आजतक' के पास उस गाड़ी की तस्वीर भी है, जिससे श्रद्धा के आगरा पहुंचने की जानकारी सामने आई है. गाड़ी का नंबर यूपी 32 RT 8043 बताया जा रहा है.
सीसीटीवी फुटेज में श्रद्धा के साथ एक युवक और एक युवती भी नजर आ रहे हैं. होटल के रजिस्टर में युवक का नाम देवराज यादव दर्ज होने की जानकारी मिली है. होटल के रिसेप्शनिस्ट मयंक के मुताबिक, देवराज ने ही रजिस्टर में एंट्री कराई थी.
कमरे में रही युवती, पहचान छिपाने की कोशिश?
होटल के रिसेप्शनिस्ट मयंक के मुताबिक, उनके साथ आई युवती 24 घंटे के दौरान अपने कमरे से बाहर नहीं निकली. युवती ने बुर्के जैसी पोशाक या कपड़ा पहन रखा था. इससे उसकी पहचान को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं. हालांकि, युवती ने पहचान छिपाने के इरादे से ही ऐसा पहनावा अपनाया था या इसके पीछे कोई दूसरी वजह थी, इसकी स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है.
18 अक्टूबर सुबह 6:30 बजे तीनों होटल से निकले
17 अक्टूबर की सुबह होटल पहुंचने के करीब 24 घंटे बाद, अगले दिन यानी 18 अक्टूबर की सुबह लगभग 6 बजकर 30 मिनट पर तीनों लोग होटल से निकल जाते हैं. उनके जाने के लिए आगरा नंबर की एक अर्टिगा गाड़ी का इस्तेमाल किए जाने की जानकारी सामने आई है. इस गाड़ी का नंबर यूपी 80 HT 9511 बताया जा रहा है.
इसी बीच 'आजतक' की मुलाकात राम प्रकाश नाम के उस व्यक्ति से भी हुई, जो अपने बेटे सचिन की तलाश कर रहे हैं. राम प्रकाश के मुताबिक, सामने आए घटनाक्रम में अर्टिगा गाड़ी का जिक्र अहम है. होटल के रिसेप्शनिस्ट मयंक के अनुसार, देवराज यादव ने होटल में दो कमरे लिए और उसमें जो एड्रेस लिखा है पुष्प वाटिका रामजीपुरम रायबरेली है.
टीम पहुंची, लेकिन तब तक निकल चुके थे तीनों
श्रद्धा दुबे के होटल से निकल जाने के बाद आगरा एसटीएफ यूनिट और लखनऊ क्राइम ब्रांच की टीम वहां पहुंची. लेकिन तब तक श्रद्धा और उसके साथ मौजूद दोनों लोग होटल छोड़ चुके थे. अब सवाल है कि क्या टीमों को उनके आगरा में ठहरने की जानकारी देर से मिली, या उनके निकलने से पहले उनकी लोकेशन का पता नहीं चल सका?
फिलहाल, होटल के सीसीटीवी फुटेज, रजिस्टर में दर्ज नाम और दोनों गाड़ियों के नंबर इस पूरे घटनाक्रम की जांच में अहम सुराग साबित हो सकते हैं.
नितिन उपाध्याय