ओडिशा में अर्नब का कहर, बाढ़ में घिरे 300 गांव, लोगों को निकालने के लिए अब एयरलिफ्ट की तैयारी

चक्रवात अर्नब की बारिश ने ओडिशा के गंजम जिले में मुश्किलें बढ़ा दी हैं. करीब 300 गांव बाढ़ के पानी से घिरे हैं. लोगों को निकालने के लिए एयरलिफ्ट की तैयारी है, लेकिन खराब मौसम बचाव अभियान में रुकावट बन सकता है.

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आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में समंदर के किनारे की सड़क लहरों से टूट गई. (Photo: AP) आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में समंदर के किनारे की सड़क लहरों से टूट गई. (Photo: AP)

आजतक साइंस डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 29 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 1:51 PM IST

ओडिशा में चक्रवात अर्नब के कारण भारी बारिश हो रही है. इससे गंजम जिले में करीब 300 गांव बाढ़ के पानी से घिर गए हैं. इन गांवों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए राज्य सरकार हवाई मदद लेने की तैयारी कर रही है. इसके लिए सरकार केंद्रीय गृह मंत्रालय से बात कर रही है. हालांकि, लगातार बारिश और आसमान में नीचे तक छाए बादलों के कारण हेलिकॉप्टर से लोगों को निकालने में दिक्कत आ सकती है. राज्य के मुख्य सचिव अनु गर्ग ने गुरुवार, 29 अक्टूबर को यह जानकारी दी.

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गंजाम जिले में पिछले तीन दिनों से भारी बारिश हो रही है. इससे रुषिकुल्या नदी का पानी बढ़ गया है. नदी का पानी आसपास के गांवों और कस्बों में भर गया है. हालात को देखते हुए NDRF और ओडिशा की बचाव टीमें लोगों को सुरक्षित निकालने में जुटी हैं.

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गंजाम जिले में करीब 300 गांव बाढ़ के पानी से घिर गए हैं. इससे इन गांवों में रहने वाले लोगों तक पहुंचना मुश्किल हो गया है. राज्य सरकार अब लोगों को हेलिकॉप्टर की मदद से निकालने की तैयारी कर रही है. इसके लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय से बातचीत की जा रही है.

मुख्य सचिव अनु गर्ग के मुताबिक, खराब मौसम के कारण लोगों को हेलिकॉप्टर से निकालने में देरी हो सकती है. लगातार बारिश और नीचे तक छाए बादलों की वजह से हेलिकॉप्टर उड़ाने में परेशानी आ सकती है. ऐसे में मौसम को देखते हुए बचाव अभियान चलाया जाएगा.

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सोरड़ा में बाढ़ का ज्यादा असर

गंजम जिले के सोरड़ा इलाके में बाढ़ का ज्यादा असर पड़ा है. अधिकारियों के मुताबिक, रुषिकुल्या नदी का पानी बढ़ने से आसपास के गांवों और कस्बों में पानी भर गया है. पिछले तीन दिनों से हो रही भारी बारिश के कारण नदी का जलस्तर बढ़ा है.

नदी का पानी गांवों में भरने से लोगों की आवाजाही पर असर पड़ा है. कई गांव पानी से घिरे होने के कारण बचाव टीमों को वहां पहुंचने में मुश्किल हो रही है. प्रशासन इन इलाकों पर नजर रख रहा है और लोगों को सुरक्षित निकालने की कोशिश कर रहा है.

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अस्का में खतरे के निशान के करीब नदी

गंजम जिले के अस्का इलाके में भी रुषिकुल्या नदी का पानी खतरे के निशान के करीब बह रहा है. अधिकारियों ने यह जानकारी दी है. नदी का जलस्तर बढ़ने से आसपास के इलाकों में बाढ़ का खतरा बना हुआ है. अगर बारिश जारी रहती है, तो इन इलाकों में परेशानी और बढ़ सकती है. इसलिए प्रशासन नदी के जलस्तर और बारिश पर नजर रख रहा है. बचाव टीमें बाढ़ में फंसे लोगों तक पहुंचने की कोशिश कर रही हैं.

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खराब मौसम से बचाव अभियान में दिक्कत

प्रशासन की सबसे बड़ी प्राथमिकता बाढ़ में फंसे लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाना है. इसके लिए NDRF और ओडिशा की बचाव टीमें काम कर रही हैं. जिन गांवों तक सड़क के रास्ते पहुंचना मुश्किल है, वहां लोगों को निकालने के लिए हेलिकॉप्टर की मदद लेने की तैयारी है.

हालांकि, लगातार बारिश और बादलों के कारण हवाई बचाव अभियान में परेशानी आ सकती है. ऐसे में प्रशासन को मौसम के हिसाब से आगे की योजना बनानी होगी. फिलहाल गंजम जिले में बाढ़ से घिरे गांवों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालना और उन्हें मदद पहुंचाना सबसे जरूरी है.

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