कैलिफोर्निया में 1000 साल का रिकॉर्ड टूटा! धरती के नीचे बढ़ा प्रेशर, लॉस एंजेलिस के पास है 'अर्थक्वेक गेट'

1000 साल के भूकंप इतिहास को खंगालने के बाद वैज्ञानिकों को कैलिफोर्निया की धरती के नीचे कुछ असामान्य मिला है. दो बड़े फॉल्ट पर प्रेशर रिकॉर्ड स्तर पर है. लॉस एंजेलिस के पास एक जगह है जो अगले बड़े भूकंप का रास्ता तय कर सकती है.

Advertisement
कैलिफोर्निया के नीचे 1000 साल से प्रेशर जमा हो रहा है. इससे भूकंप आएगा, वो भी भयानक. (Photo: ITG) कैलिफोर्निया के नीचे 1000 साल से प्रेशर जमा हो रहा है. इससे भूकंप आएगा, वो भी भयानक. (Photo: ITG)

आजतक साइंस डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 18 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 6:24 PM IST

अमेरिका के कैलिफोर्निया में भूकंप को लेकर एक नई रिसर्च सामने आई है. इसमें पता चला है कि दक्षिणी कैलिफोर्निया की दो बड़ी फॉल्ट लाइन, सैन एंड्रियास और सैन जैसिंटो के आसपास जमीन के अंदर प्रेशर पिछले 1000 साल के मुकाबले बहुत ज्यादा है. 

यूनिवर्सिटी ऑफ बर्न की अगुवाई में हुई इस रिसर्च में वैज्ञानिकों ने पिछले 1000 साल के भूकंपों का रिकॉर्ड और पुराने सबूतों का इस्तेमाल किया. रिसर्च में लॉस एंजेलिस के पास मौजूद कैजन पास को भी अहम जगह बताया गया है. हालांकि, वैज्ञानिकों ने साफ कहा है कि इससे यह पता नहीं चलता कि अगला भूकंप कब आएगा.

Advertisement

यह भी पढ़ें: अस्पताल हिल रहा था, बिजली गुल थी… फिर भी डॉक्टरों ने कराई डिलीवरी, भूकंप के बीच पैदा हुई 'जेम्पिता'

भूकंप तब आता है जब धरती के अंदर मौजूद चट्टानों पर लंबे समय तक दबाव बनता रहता है. फॉल्ट लाइन पर यह दबाव धीरे-धीरे जमा होता है. जब दबाव बहुत बढ़ जाता है तो चट्टानों में अचानक हलचल होती है. भूकंप आता है. दक्षिणी कैलिफोर्निया में सैन एंड्रियास और सैन जैसिंटो फॉल्ट इसलिए अहम हैं. वैज्ञानिकों ने पुराने भूकंपों के डेटा से यह समझने की कोशिश की कि इन फॉल्ट पर पिछले 1000 साल में दबाव कैसे बढ़ता और घटता रहा.

1000 साल के भूकंपों का बनाया मॉडल

वैज्ञानिकों ने एक कंप्यूटर मॉडल बनाया, जिसमें पिछले 1000 साल में आए भूकंपों को शामिल किया गया. इसके लिए जमीन में पुराने भूकंपों के निशान, रेडियोकार्बन डेटिंग, पेड़ों की सालाना ग्रोथ में बदलाव और पुराने रिकॉर्ड जैसी जानकारी ली गई.

Advertisement

इस मॉडल से यह देखा गया कि भूकंप आने के बाद आसपास की फॉल्ट लाइन पर दबाव कैसे बदलता है. फिर शांत समय में दबाव कैसे दोबारा जमा होता है. इससे वैज्ञानिकों को आज फॉल्ट पर मौजूद दबाव को समझने में मदद मिली.

यह भी पढ़ें: पहले आया 7.7 का भूकंप, फिर झील में दिखा काला पदार्थ… पाताल से क्या निकला?

सैन जैसिंटो फॉल्ट पर सबसे ज्यादा प्रेशर

रिसर्च के मुताबिक सैन जैसिंटो-बर्नार्डिनो हिस्से में प्रेशर 3.6 MPa तक पहुंच गया है. यह पिछले 1000 साल के मॉडल में इस हिस्से पर सबसे ज्यादा दर्ज प्रेशर है. वहीं सैन एंड्रियास फॉल्ट के मोजावे साउथ हिस्से में प्रेशर 2.8 MPa है.

वैज्ञानिकों के मुताबिक सिर्फ एक फॉल्ट पर ज्यादा दबाव होना जरूरी नहीं है. यह भी देखना जरूरी है कि दोनों फॉल्ट पर दबाव किस तरह बढ़ रहा है. अगर दोनों पर दबाव एक साथ बहुत ज्यादा हो, तो भूकंप एक फॉल्ट से दूसरे फॉल्ट तक भी फैल सकता है.

कैजन पास क्यों है अहम?

लॉस एंजेलिस के उत्तर-पूर्व में मौजूद कैजन पास दोनों फॉल्ट के पास एक अहम जगह है. वैज्ञानिकों ने इसे 'अर्थक्वेक गेट' कहा है. आसान भाषा में कहें तो यह ऐसी जगह है, जहां से पता चल सकता है कि भूकंप एक फॉल्ट पर रुकता है या दूसरे फॉल्ट तक पहुंचता है.

Advertisement

इतिहास में इसके दोनों उदाहरण मिले हैं. 1857 का फोर्ट तेजोन भूकंप कैजन पास पर रुक गया था. इसकी तीव्रता करीब 7.9 थी. वहीं 1812 का राइटवुड भूकंप दोनों फॉल्ट सिस्टम तक पहुंचा था.

यह भी पढ़ें: भूकंप से पहले आसमान में सिग्नल भेजती है धरती, सैटेलाइट ने पकड़ी हलचल

क्या जल्द आएगा बड़ा भूकंप?

वैज्ञानिकों ने साफ कहा है कि यह रिसर्च भूकंप की तारीख या समय नहीं बताती. इसका मकसद यह समझना है कि अभी फॉल्ट पर कितना दबाव है और अगर बड़ा भूकंप आता है तो वह किस तरह आगे बढ़ सकता है.

यह जानकारी इसलिए अहम है क्योंकि इस इलाके में लॉस एंजेलिस, सैन बर्नार्डिनो और रिवरसाइड जैसे बड़े और घनी आबादी वाले इलाके हैं. कैजन पास से हाईवे, रेलवे और एनर्जी से जुड़ी जरूरी सुविधाएं भी गुजरती हैं. ऐसे मॉडल से भूकंप के लिए तैयारी और जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर को सुरक्षित बनाने में मदद मिल सकती है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »