गुलजार आत्महत्या केस में बड़ा एक्शन, गांव के सरपंच समेत 5 पर दर्ज हुई FIR

पंजाब के गुलजार सिंह की ड्रग्स के मुद्दे पर उठी आवाज अब FIR तक पहुंच गई है. पुलिस ने सरपंच समेत पांच लोगों पर केस दर्ज किया है. गौर करने वाली बात ये है कि मंत्री हरपाल चीमा का नाम FIR में नहीं है.

Advertisement
ड्रग्स का मुद्दा उठाने वाले गुलजार सिंह के मामले में पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है.(Photo:X @officeofssbada) ड्रग्स का मुद्दा उठाने वाले गुलजार सिंह के मामले में पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है.(Photo:X @officeofssbada)

aajtak.in

  • चंडीगढ़,
  • 08 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 12:00 PM IST

पंजाब के संगरूर के तुर बंजारा गांव से उठा ड्रग्स का मामला अब पुलिस केस तक पहुंच गया है.गुलजार सिंह मामले में दिर्बा थाने की पुलिस ने सरपंच समेत पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. आरोपियों पर आत्महत्या के लिए उकसाने, उत्पीड़न और SC/ST Act के तहत मामला दर्ज किया गया है. हालांकि, इस FIR में पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा का नाम शामिल नहीं है.

Advertisement

50 साल के गुलजार सिंह ने गांव में खुलेआम ड्रग्स बिकने का मुद्दा पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के सामने उठाया था. यह मामला गांव में आयोजित एक विकास कार्यक्रम के दौरान सामने आया था. गुलजार ने मंत्री को बताया था कि उनके गांव में ड्रग्स की बिक्री खुले तौर पर हो रही है और उनका बेटा भी 'चिट्टा' का आदी है.

इसके बाद गुलजार के परिवार और कुछ ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पंचायत के लोगों ने उन पर माफी मांगने का दबाव बनाया. परिवार का कहना था कि इस दबाव के बाद गुलजार काफी परेशान हो गए और हताश होकर उन्होंने जहरीला पदार्थ खा कर अपनी जान दे दी.

घटना के बाद उन्हें पहले संगरूर के सरकारी अस्पताल ले जाया गया. बाद में पटियाला के राजिंदरा अस्पताल और फिर लुधियाना के DMC अस्पताल में इलाज कराया गया. वरिष्ठ पुलिस अधिकारी रुपिंदर कौर बाजवा भी अस्पताल पहुंची थीं. उस समय पुलिस ने गुलजार और उनके परिवार के बयान दर्ज करने की बात कही थी.

Advertisement

सरपंच पक्ष ने आरोपों को नकारा

वहीं सरपंच पक्ष ने गुलजार पर किसी तरह का दबाव या धमकी देने के आरोपों को खारिज किया है. सरपंच के पति बलजीत सिंह ने कहा था कि गुलजार ने मंत्री के सामने ड्रग्स का मुद्दा उठाया था और इसके बाद उनसे बात कर उन्हें कार्रवाई का भरोसा दिया गया था. उन्होंने किसी विवाद या धमकी से इनकार किया.

यह भी पढ़ें: नशा छोड़ने के लिए आगे आ रहे लोग, पंजाब के सरकारी केंद्रों में 164% बढ़े दाखिले

अब पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. सबसे अहम बात यह है कि FIR में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा को आरोपी नहीं बनाया गया है.

कुछ दिन पहले भी उठा था ड्रग्स का मुद्दा

यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब संगरूर में कुछ दिन पहले भी ड्रग्स को लेकर विरोध हुआ था. 2 सितंबर को मुख्यमंत्री भगवंत मान के सुनाम विधानसभा क्षेत्र के शेरों गांव में हुए लोक मिलनी कार्यक्रम के दौरान 37 वर्षीय मोहंजीत सिंह ने सरकार के ड्रग्स विरोधी अभियान पर सवाल उठाते हुए विरोध किया था.

गुलजार सिंह मामले की नई FIR के बाद अब पुलिस जांच पर नजर है. परिवार के आरोप, सरपंच पक्ष का पक्ष और FIR में दर्ज धाराएं, इन सभी पहलुओं के आधार पर आगे की तस्वीर साफ होगी.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »