एअर इंडिया ने फुकेट-दिल्ली फ्लाइट के पायलट को नौकरी से निकाला, नशे में उड़ाया था प्लेन

एअर इंडिया ने फुकेत से दिल्ली आने वाली फ्लाइट AI2379 के पायलट-इन-कमांड को नौकरी से निकाल दिया है. AAIB की रिपोर्ट के बाद यह कार्रवाई हुई. दरअसल, पायलट का साइकोएक्टिव पदार्थ का टेस्ट पॉजिटिव आया था. एअरलाइन ने सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अपनी जीरो टॉलरेंस नीति के तहत यह कदम उठाया है.

Advertisement
  फुकेट से दिल्ली आ रही फ्लाइट में टर्बुलेंस की वजह से 20 यात्री और 4 क्रू मेंबर घायल हो गए थे. (File Photo-ITG) फुकेट से दिल्ली आ रही फ्लाइट में टर्बुलेंस की वजह से 20 यात्री और 4 क्रू मेंबर घायल हो गए थे. (File Photo-ITG)

अमित भारद्वाज

  • नई दिल्ली,
  • 04 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 8:49 PM IST

एअर इंडिया ने सुरक्षा से जुड़े एक मामले में बड़ी कार्रवाई की है. एअरलाइन ने फुकेत से दिल्ली आने वाली फ्लाइट AI2379 के पायलट-इन-कमांड को नौकरी से निकाल दिया है. पायलट की जांच में साइकोएक्टिव सब्सटेंस यानी नशीले या मानसिक प्रभाव डालने वाले पदार्थ की मौजूदगी पाई गई थी. इसके बाद एअर इंडिया ने तत्काल प्रभाव से उसकी सर्विस खत्म कर दी हैं.

Advertisement

एअर इंडिया ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि यात्रियों की सुरक्षा उसकी सबसे बड़ी प्राथमिकता है. एअरलाइन ने पायलट के खिलाफ कार्रवाई को अपनी जीरो टॉलरेंस नीति के तहत बताया है. कंपनी का कहना है कि, सुरक्षा, फिटनेस या किसी भी नियमों का उल्लंघन किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा.

एअर इंडिया के प्रवक्ता ने कहा कि फुकेत-दिल्ली उड़ान के पायलट-इन-कमांड का साइकोएक्टिव सब्सटेंस टेस्ट पॉजिटिव आया था. इसके बाद एअरलाइन ने बिना देरी किए उसकी नौकरी खत्म करने का फैसला लिया. यह कार्रवाई तत्काल प्रभाव से लागू की गई है.

यह भी पढ़ें: नशे में विमान उड़ा रहा था पायलट... फुकेट-दिल्ली Air India विमान हादसे की सामने आई रिपोर्ट

AAIB रिपोर्ट के बाद सामने आया मामला

पायलट के खिलाफ यह कार्रवाई एअरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) की रिपोर्ट के बाद हुई है. रिपोर्ट में मामले से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद एयर इंडिया ने अपने स्तर पर कार्रवाई की. कंपनी ने साफ किया कि उड़ानों के संचालन में सुरक्षा नियमों का पालन सबसे अहम है.

Advertisement

एअरलाइन ने कहा कि पायलटों की फिटनेस और सरकारी नियमों के मानकों को लेकर किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. खासकर विमान उड़ाने वाले पायलट के लिए नशीले या साइकोएक्टिव पदार्थ से जुड़ा पॉजिटिव टेस्ट गंभीर मामला माना जाता है.

एअर इंडिया ने कहा कि वह सुरक्षा मानकों को लेकर लगातार सख्त कदम उठा रही है. कंपनी के मुताबिक, किसी भी कर्मचारी की ओर से सुरक्षा नियमों का उल्लंघन होने पर कार्रवाई की जाएगी. एअरलाइन ने यह भी संकेत दिया कि सुरक्षा से जुड़े मामलों में पद या जिम्मेदारी के आधार पर कोई रियायत नहीं दी जाएगी.

टर्बुलेंस से 300 फीट नीचे आया था विमान

दरअसल यह मामला 4 अगस्त 2026 को फुकेत से दिल्ली आ रही Air India की फ्लाइट AI2379 का है. प्लेन करीब 36 हजार फीट की ऊंचाई पर उड़ रहा था. तभी विमान के तीनों हाइड्रॉलिक सिस्टम में अचानक खराबी आ गई. इससे ऑटोपायलट बंद हो गया और विमान में स्टॉल की चेतावनी आई. 

यह भी पढ़ें: वो खौफनाक 7 सेकंड... जरा सी चूक से हो जाता बड़ा हादसा! एअर इंडिया प्लेन टर्बुलेंस केस में नया खुलासा

विमान कुछ ही सेकंड में करीब 300 फीट नीचे आ गया. इस दौरान 20 यात्री और 4 क्रू मेंबर घायल हुए. प्लेन बाद में सुरक्षित दिल्ली पहुंचा. जांच के दौरान दोनों पायलटों का नशे से जुड़े पदार्थों का टेस्ट कराया गया. को-पायलट की रिपोर्ट निगेटिव आई, जबकि पायलट-इन-कमांड की जांच में साइकोएक्टिव पदार्थ की पुष्टि हुई.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »