अगर आप किसी ऐसे शेयर की तलाश में हैं जो कम समय में तगड़ा रिटर्न देने की कुव्वत रखता हो, तो आप जापानी ब्रोकरेज फर्म नोमुरा (Nomura) की सलाह पर लेंसकार्ट सॉल्यूशंस (Lenskart Solutions) के शेयरों पर दांव लगा सकते हैं. लेंसकार्ट के शेयर में 31 अगस्त को जोरदार तेजी देखने को मिली. कारोबार के दौरान शेयर करीब 5 फीसदी तक चढ़ गया और अंत में 4.23 फीसदी की बढ़त के साथ बंद हुआ. लेंसकार्ट के शेयर में मंगलवार को भी तेजी बरकरार रही और सुबह के कारोबारी सत्र में यह ₹668.60 के भाव पर ट्रेड कर रहा था.
लेंसकार्ट के शेयर में इस तेजी के पीछे ब्रोकरेज फर्म नोमुरा की बाय रेटिंग और ₹888 का टारगेट प्राइस प्रमुख वजह माना जा रहा है. नोमुरा के मुताबिक, लेंसकार्ट के शेयर में अपने मौजूदा स्तर से करीब 40% तक तेजी आने की गुंजाइश है. इस जापानी ब्रोकरेज फर्म ने हाल ही में लेंसकार्ट सॉल्यूशंस को कवर करना शुरू किया है. लेंसकार्ट को कवर करने वाले 23 एनालिस्ट्स में नोमुरा का ₹888 का टारगेट प्राइस सबसे ज्यादा है. ब्रोकरेज का मानना है कि भारत की प्रिस्क्रिप्शन आईवियर कैटेगरी में लेंसकार्ट ने अपनी उपस्थिति लगातार मजबूत की है.
एक महीने में 15%, सालभर में 64% चढ़ा शेयर
लेंसकार्ट के मुताबिक, भारत के काफी हद तक असंगठित प्रिस्क्रिप्शन आईवियर मार्केट में उसकी हिस्सेदारी करीब 5% है. यह हिस्सेदारी प्रिस्क्रिप्शन आईवियर कैटेगरी की दूसरी बड़ी कंपनियों के मुकाबले लगभग दोगुनी है. लेंसकार्ट के शेयर ने हाल के महीनों में भी मजबूत प्रदर्शन किया है. पिछले एक महीने में इसमें करीब 15 फीसदी की तेजी आई है, जबकि एक साल की अवधि में शेयर करीब 64 फीसदी चढ़ चुका है. कंपनी का IPO नवंबर 2025 में आया था, जिसमें निवेशकों को ₹402 प्रति शेयर के भाव पर शेयर अलॉट हुए थे. वहीं, इसकी लिस्टिंग ₹395 पर हुई थी, जो इश्यू प्राइस से करीब 1.74 फीसदी कम थी. हालांकि, दिसंबर 2025 के बाद लेंसकार्ट के शेयर की चाल बदल गई और इसमें लगातार तेजी देखने को मिली. पिछले 6 महीने में लेंसकार्ट के शेयर ने निवेशकों को बड़ा रिटर्न दिया है.
MSCI Index में शामिल होगा लेंसकार्ट सॉल्यूशंस
शेयर में तेजी का एक और बड़ा कारण MSCI India Standard Index में लेंसकार्ट का शामिल होना है. इसके कारण कंपनी में फॉरेन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टमेंट (FIIs) बढ़ने की उम्मीद है. अनुमान है कि MSCI India Standard Index में लेंसकार्ट का वेटेज करीब 0.3 फीसदी हो सकता है. इसके चलते कंपनी के करीब 5.7 करोड़ शेयर खरीदे जा सकते हैं, जो कंपनी के औसत ट्रेडिंग वॉल्यूम का लगभग 13 गुना है. इससे करीब 35.2 करोड़ डॉलर का विदेशी निवेश आने की संभावना जताई जा रही है. अगर यह अनुमान सही रहता है, तो इंडेक्स में शामिल होने के कारण लेंसकार्ट के शेयर में खरीदारी का दबाव बढ़ सकता है. यही वजह है कि निवेशकों की नजर अब MSCI में शामिल होने के बाद शेयर की चाल पर बनी हुई है.
निवेशकों के लिए क्या है खास?
अगर आप लेंसकार्ट के शेयर पर नजर रख रहे हैं, तो फिलहाल दो बड़े ट्रिगर अहम हैं. पहला, नोमुरा की बाय रेटिंग और ₹888 का टारगेट प्राइस. दूसरा, MSCI India Standard Index में कंपनी की एंट्री, जिससे करीब 35.2 करोड़ डॉलर का संभावित विदेशी निवेश आने की उम्मीद है. हालांकि, ब्रोकरेज का टारगेट संभावित रिटर्न का अनुमान है, इसकी कोई गारंटी नहीं होती. शेयर की वास्तविक चाल बाजार की स्थिति, कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और इंडेक्स में शामिल होने के बाद होने वाली खरीदारी समेत कई फैक्टर्स पर निर्भर करेगी.
आजतक बिजनेस डेस्क