यूक्रेन ने गुरुवार को मॉस्को के एक प्रमुख तेल रिफाइनरी पर एक हफ्ते के अंदर दूसरी बार हमला किया है. राजधानी मॉस्को के ऊपर काला धुएं का विशाल गुबार उठा और हवाई अड्डों पर उड़ानें प्रभावित हुईं. चार साल बाद यह यूक्रेन के सबसे बड़े ड्रोन हमलों में से एक था. हमले के बाद शहर के दक्षिण-पूर्वी किनारे पर स्थित मॉस्को ऑयल रिफाइनरी से मोटा काला धुआं और लपटें उठ रही थीं. यह जगह क्रेमलिन से मात्र 15 किलोमीटर दूर है.
खास बात यह है कि इस हमले के बाद यूक्रेन के राष्ट्रपति के रूख और भी तल्ख हैं. जेलेंस्की ने तीखी चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर यूक्रेन जलेगा, तो आपका मॉस्को भी जलेगा. उन्होंने आगे कहा कि यह हमला रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को बातचीत की मेज पर लाने की कीव की कोशिश का हिस्सा था. अब आक्रामकता खत्म करने और इस युद्ध को समाप्त करने का समय आ गया है."
उम्मीद थी कि ज़ेलेंस्की गुरुवार को बाद में ब्रुसेल्स में NATO और यूरोपीय संघ के नेताओं के साथ बातचीत करेंगे. इसमें बैलिस्टिक मिसाइलों से बचाव के लिए एक कॉन्टिनेंटल सिस्टम बनाने की संभावना पर भी चर्चा होनी थी. रूस ने यूक्रेन पर लगातार ऐसी मिसाइलों से हमले किए हैं, जिनका मुकाबला करना एयर डिफेंस सिस्टम के लिए मुश्किल होता है.
मॉस्को पर हुआ यह हमला पुतिन के लिए एक और शर्मनाक घटना थी. इससे पहले इसी महीने उनके गृहनगर सेंट पीटर्सबर्ग में यूक्रेनी ड्रोन से हमला हुआ था, जब वह शहर में अपने खास इकोनॉमिक फोरम में विदेशी VIP का स्वागत कर रहे थे.
रिफाइनरी में आग भड़की
मॉस्को से आ रहे वीडियो में दिखा कि कारों पर कालिख वाली काली बारिश गिर रही थी. यह रिफाइनरी रूस की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक है और मॉस्को क्षेत्र की एक तिहाई से ज्यादा ईंधन आपूर्ति करती है.
मॉस्को के मेयर सर्गेई सोब्यानिन ने कहा कि रिफाइनरी में लगी आग "मुख्य रूप से काबू में" है और बाकी पॉइंट पर बुझाई जा रही है. मंगलवार को भी इसी रिफाइनरी पर यूक्रेनी ड्रोन हमला हुआ था.
इस हमले पर यूक्रेन की विदेश मंत्री आंद्री सिबिहा ने रूसियों पर तंज कसते हुए कहा, "आज सुबह मॉस्को के लोगों के सबसे आम सवालों में से एक यह है कि 'क्या हो रहा है?' मैं इसका जवाब दे सकता हूं. आपके देश ने हमारे देश के खिलाफ हमलावर युद्ध शुरू किया है. सालों से यह हमारे लोगों को मार रहा है. अब जब आप जानते हैं कि क्या हो रहा है, तो पुतिन से पूछिए कि वे इसे कब खत्म करने की योजना बना रहे हैं."
इसकी आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार यह रिफाइनरी रूस की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक है और मॉस्को क्षेत्र के कुल ईंधन का एक-तिहाई से अधिक उत्पादन करती है. मंगलवार को यूक्रेनी ड्रोन ने इस पर हमला किया था, जिससे इसमें आग लग गई थी, लेकिन अधिकारियों ने बताया कि आग पर जल्द ही काबू पा लिया गया.
जैसे-जैसे यूक्रेन ने रूस के एनर्जी सेंटर्स पर हमले तेज किए ईंधन की सप्लाई पर दबाव बढ़ता दिखा. कई क्षेत्रों में गैस स्टेशन ने गैस की खरीद को सीमित कर दिया है.
रूस के स्वतंत्र समाचार आउटलेट 'एजेंटस्ट्वो' ने रिपोर्ट दी है कि देश में हर चार में से एक गैस स्टेशन ने किसी न किसी तरह के प्रतिबंध लागू किए हैं.
हम चुप नहीं बैठेंगे- जेलेंस्की
रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि उसकी एयर डिफेंस ने रात भर में कई इलाकों में 555 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए; इनमें से लगभग 200 ड्रोन तब रोके गए जब वे मॉस्को की ओर बढ़ रहे थे. यूक्रेनी वायु सेना के अनुसार यह संख्या उन ड्रोन की संख्या से लगभग दोगुनी थी जो रूस ने रात भर में यूक्रेन पर छोड़े थे.
यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की ने पत्रकारों के साथ एक ग्रुप चैट में भेजे गए वॉइस मैसेज में कहा, "अगर पुतिन इस युद्ध को खत्म नहीं करना चाहते और इसे जारी रखना चाहते हैं, तो हम चुप नहीं बैठेंगे, हम जवाब देंगे." बता दें कि यूक्रेन के राष्ट्रपति ने ट्रंप की बिना शर्त युद्धविराम की मांग मान ली है, लेकिन पुतिन ने इससे इनकार कर दिया है और अमेरिका की अगुवाई में शांति की कोशिशें ठंडे बस्ते में चली गई हैं.