उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में कालपी बार संघ के अध्यक्ष गयादीन अहिरवार की अपहरण के बाद हुई जघन्य हत्या के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को दबोच लिया. 31 अक्टूबर को कालपी थाने में अपहरण की सूचना मिलने पर स्वाट, सर्विलांस, एसओजी और थाना पुलिस की चार टीमें गठित की गई थीं. 1 नवंबर को पुलिस टीमों ने कानपुर से तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार किया और उनकी निशानदेही पर अपहृत का शव तथा आला-ए-कत्ल बरामद किया.
इस बीच कालपी कोतवाली क्षेत्र के जंगल में वारदात में इस्तेमाल कार और बरामदगी के दौरान आरोपियों ने झाड़ियों में छिपे तमंचे से पुलिस पर जानलेवा फायरिंग कर दी. पुलिस की आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में दो आरोपी आशीष विश्वकर्मा और सर्वेश शुक्ला पैर में गोली लगने से घायल हो गए, जबकि तीसरे साथी को घेराबंदी करके गिरफ्तार कर लिया गया.
कानपुर से गिरफ्तार हुए तीन शातिर आरोपी
जालौन पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई करते हुए इस पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया है. पुलिस की संयुक्त टीमों ने कानपुर में लगातार दबिश देकर तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार किया था. पूछताछ के बाद पुलिस उन्हें घटना से जुड़े प्रमुख साक्ष्यों की बरामदगी के लिए लेकर आई थी.
पुलिस पर फायरिंग
कानपुर से गिरफ्तारी के बाद आरोपियों की निशानदेही पर अपहृत का शव और आला-ए-कत्ल बरामद कर लिया गया था. इसके बाद अभियुक्तों ने बताया कि उन्होंने वारदात में इस्तेमाल की गई कार को थाना कालपी क्षेत्र के जंगलों में छिपा रखा है.
जब एसएचओ कालपी और एसओजी की टीम गाड़ी बरामद करने के लिए मौके पर पहुंची, तो आरोपियों ने दुस्साहस दिखाया. अभियुक्तों ने पुलिस टीम को चकमा देकर झाड़ियों में पहले से छिपाकर रखे तमंचे से अचानक दो राउंड जानलेवा फायर झोंक दिए.
पुलिस की आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग
आरोपियों द्वारा अचानक की गई फायरिंग के बाद पुलिस टीम ने आत्मरक्षा में त्वरित और सटीक कार्रवाई की. पुलिस टीम की तरफ से की गई 6 राउंड जवाबी क्रास फायरिंग में दो शातिर आरोपी आशीष विश्वकर्मा और सर्वेश शुक्ला पैर में गोली लगने से घायल हो गए.
तीसरे आरोपी को घेराबंदी कर मौके से दबोचा
फायरिंग के दौरान पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए मौके से भागने की कोशिश कर रहे तीसरे आरोपी को चारों तरफ से घेर लिया. पुलिस की मजबूत घेराबंदी के कारण तीसरा अभियुक्त मौके से सुरक्षित दबोच लिया गया.
घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में कराया भर्ती
मुठभेड़ में पैर में गोली लगने से घायल हुए दोनों अपराधियों आशीष विश्वकर्मा और सर्वेश शुक्ला को पुलिस अभिरक्षा में तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया. अस्पताल में डॉक्टरों द्वारा दोनों घायल आरोपियों का उपचार किया जा रहा है.
अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी का बयान
मामले की जानकारी देते हुए अपर पुलिस अधीक्षक जालौन डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि 31 अक्टूबर 2026 को बार संघ अध्यक्ष ज्ञानी अहिरवार (गयादीन अहिरवार) के अपहरण की सूचना प्राप्त हुई थी. सूचना मिलते ही पुलिस की चार विशेष टीमों का गठन किया गया था.
अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी के नेतृत्व में हुई इस त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र में कानून का खौफ मजबूत हुआ है. पुलिस ने साफ किया है कि अपराध करके भागने या पुलिस पर हमला करने वालों को किसी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा.
आपराधिक इतिहास और हत्या के कारणों की जांच
पुलिस ने इस घटना के संबंध में थाना कालपी पर सुसंगत धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया है. फिलहाल पुलिस की टीमें पकड़े गए अभियुक्तों के आपराधिक इतिहास, हत्या के मुख्य कारणों और पर्दे के पीछे शामिल अन्य संलिप्त चेहरों को बेनकाब करने में जुटी हैं.