स्लोवाकिया (Slovakia), आधिकारिक तौर पर स्लोवाक गणराज्य (Slovak Republic), मध्य यूरोप में एक भूमि से घिरा देश है. इसकी सीमा उत्तर में पोलैंड, पूर्व में यूक्रेन, दक्षिण में हंगरी, दक्षिण-पश्चिम में ऑस्ट्रिया और उत्तर-पश्चिम में चेक गणराज्य से लगती है (Slovakia Neighboring Countries). स्लोवाकिया का ज्यादातर पहाड़ी क्षेत्र लगभग 49,000 वर्ग किलोमीटर में फैला है (Slovakia Area). इसकी आबादी 5.4 मिलियन से अधिक है (Slovakia Population). इसकी राजधानी और सबसे बड़ा शहर ब्रातिस्लावा है (Capital of Slovakia).
स्लाव पांचवीं और छठी शताब्दी में वर्तमान स्लोवाकिया के क्षेत्र में पहुंचे थे. सातवीं शताब्दी में, उन्होंने सामो साम्राज्य की स्थापना की. नौवीं शताब्दी में, उन्होंने नाइट्रा की रियासत की स्थापना की, जिसे बाद में मोराविया की रियासत ने जीतकर ग्रेट मोराविया की स्थापना की. सवीं शताब्दी में, ग्रेट मोराविया के विघटन के बाद, इस क्षेत्र को हंगरी की रियासत में एकीकृत कर दिया गया. 1241 और 1242 में, यूरोप के मंगोल आक्रमण के बाद, इसका अधिकांश क्षेत्र नष्ट हो गया था (History of Slovakia).
प्रथम विश्व युद्ध और ऑस्ट्रो-हंगेरियन साम्राज्य के विघटन के बाद, चेकोस्लोवाकिया राज्य की स्थापना हुई थी (Formation of Czechoslovakia) 1948 में तख्तापलट के बाद, चेकोस्लोवाकिया साम्यवादी प्रशासन के अधीन आ गया, और सोवियत नेतृत्व वाले पूर्वी ब्लॉक का हिस्सा बन गया. 1989 में, वैल्वेट क्रांति ने चेकोस्लोवाकिया में कम्युनिस्ट शासन को शांतिपूर्वक समाप्त कर दिया. चेकोस्लोवाकिया के शांतिपूर्ण विघटन के बाद 1 जनवरी 1993 को स्लोवाकिया एक स्वतंत्र राज्य बन गया (Formation of Slovakia).
स्लोवाकिया एक विकसित देश है जिसकी उन्नत उच्च आय वाली अर्थव्यवस्था है. इसकी मानव विकास सूचकांक में उच्च रैंकिंग है. यह दुनिया का सबसे बड़ा प्रति व्यक्ति कार उत्पादक है; इसने 2019 में कुल 1.1 मिलियन कारों का निर्माण किया, जो इसके कुल औद्योगिक उत्पादन का 43% है (Slovakia Economy).
यह नागरिक स्वतंत्रता, प्रेस स्वतंत्रता, इंटरनेट स्वतंत्रता, लोकतांत्रिक शासन और शांति के मापन में भी बेहतर स्थिति में है. स्लोवाकिया अपने नागरिकों को एक सार्वभौमिक स्वास्थ्य देखभाल, मुफ्त शिक्षा, और ओईसीडी में सबसे लंबे समय तक पैरेंटल लीव देने वाला देश है (Slovakia Citizen Facility).
स्लोवाकिया यूरोपीय संघ, यूरोज़ोन, शेंगेन क्षेत्र, संयुक्त राष्ट्र, नाटो, सर्न, ओईसीडी, विश्व व्यापार संगठन, यूरोप की परिषद, विसेग्राद समूह और ओएससीई का सदस्य है (Slovakia in World Forums).
स्लोवाकिया दौरे के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पारंपरिक बिहारी ठेकुआ भेंट कर सांस्कृतिक जुड़ाव का संदेश दिया. इस खास उपहार को स्लोवाक नेता ने सोशल मीडिया पर साझा किया, जिसमें उन्होंने इसकी बनावट और स्वाद की सराहना की. ये अनोखा तोहफा लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है.
कूटनीति सिर्फ समझौतों और आधिकारिक बैठकों तक सीमित नहीं होती. कई बार किसी देश की संस्कृति, परंपरा और स्वाद भी रिश्तों को नई मजबूती दे देते हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्लोवाकिया दौरे के दौरान दिया गया एक पारंपरिक भारतीय उपहार भी कुछ ऐसा ही साबित हुआ, जिसकी चर्चा अब सोशल मीडिया पर तेजी से हो रही है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यूरोपीय देश स्लोवाकिया ने अपने सबसे बड़े राष्ट्रीय सम्मान "ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस" से नवाजा है. यह सम्मान उन लोगों को दिया जाता है जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देशों के बीच संबंध मजबूत करने में बड़ा योगदान दिया हो. इस सम्मान के साथ PM मोदी को अब तक दुनिया के अलग-अलग देशों से मिले वैश्विक सम्मानों की कुल संख्या 33 हो गई है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्लोवाकिया की ऐतिहासिक यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच व्यापक साझेदारी की घोषणा की है. स्लोवाकिया ने यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल में भारत की स्थायी सदस्यता का खुलकर समर्थन किया है. इसके अलावा, स्लोवाकिया ने न्यूक्लियर सप्लायर्स ग्रुप में भारत की सदस्यता का भी समर्थन किया है.
स्लोवाकिया ने पीएम मोदी को अपने सर्वोच्च सम्मान से सम्मानित किया. पीएम मोदी को स्लोवाकिया के राष्ट्रपति ने 'आर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस' अवॉर्ड से नवाजा. दोनों देशों के बीच रक्षा, व्यापार समेत कई क्षेत्रों में समझौते हुए. स्लोवाकिया ने UNSC में भारत की स्थायी सदस्यता का भी समर्थन किया. देखें वीडियो.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की स्लोवाकिया यात्रा के दौरान दोनों देशों ने द्विपक्षीय संबंधों को 'व्यापक साझेदारी' के स्तर तक पहुंचाने का ऐतिहासिक फैसला किया. भारत-ईयू मुक्त व्यापार समझौते को जल्द लागू करने पर सहमति बनी. स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको ने भारत की आर्थिक प्रगति, डिजिटल क्रांति और एआई क्षेत्र में उपलब्धियों की सराहना की.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्लोवाकिया के राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी और प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको के साथ बैठक करेंगे. ये यात्रा व्यापार, निवेश, ऑटोमोबाइल और रेलवे निर्माण जैसे क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण है.
पीएम मोदी 14 से 16 जून तक स्लोवाकिया का दौरा करेंगे, जहाँ वे दोनों देशों के बीच नए सहयोग के क्षेत्र पर चर्चा करेंगे. इसके बाद वे फ्रांस वापस लौटेंगे. 16-17 जून को पीएम मोदी एवियन में आयोजित जी से समिट में हिस्सा लेकर विभिन्न वैश्विक नेताओं से मुलाकात करेंगे. इस दौरे में भारत और स्लोवाकिया के बीच द्विपक्षीय संबंध मजबूत होंगे और वैश्विक मुद्दों पर महत्वपूर्ण विचार-विमर्श होगा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस और स्लोवाकिया की एक सप्ताह लंबी यात्रा शुरू की है. इसमें वे G7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे और द्विपक्षीय तथा वैश्विक मुद्दों पर बातचीत करेंगे. G7 में भारत की लगातार आठवीं बार भागीदारी वैश्विक मंच पर देश की बढ़ती भूमिका को दर्शाती है.
प्रधानमंत्री मोदी फ्रांस और स्लोवाकिया दौरे पर जाएंगे और G7 समिट में शामिल होंगे. इस यात्रा का फोकस AI, रक्षा, निवेश और टेक्नोलॉजी सहयोग रहेगा.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू रविवार देर रात पुर्तगाल के लिस्बन पहुंच गई हैं. पुर्तगाल के राष्ट्रपति मार्सेलो रेबेलो डी सूसा के निमंत्रण पर राष्ट्रपति मुर्मू पुर्तगाल की यात्रा पर हैं जो 7 से 10 अप्रैल तक पुर्तगाल और स्लोवाकिया की उनकी चार दिवसीय राजकीय यात्रा की शुरुआत है.
स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फ़िको एक गोलीबारी में घायल हो गए और उन्हें अस्पताल ले जाया गया है. वह राजधानी से करीब डेढ़ सौ किलोमीटर दूर एक मीटिंग में थे. इसके बाद वह वहां मौजूद लोगों से बात कर रहे थे, जब गोलियां चली. कहा जा रहा है कि चार गोलियां चलाई गईं जिसमें एक पीएम को लगी.
संदीप 12 साल की उम्र में ऋषिकेश के भरत मिलाप आश्रम चला गया था. योग की शिक्षा लेने के बाद उसने ऋषिकेश में लोगों को योग सिखाना शुरू किया. साल 2018 में यूरोप की रिबेका योग सीखने पहुंची थी. इसी बीच उनके गुरु स्वामी रामकृपालु ने दोनों के सामने एक-दूसरे से शादी करने का प्रस्ताव रखा.