इलेक्ट्रिक कार
एक इलेक्ट्रिक कार (Electric Car), बैटरी इलेक्ट्रिक कार, या ऑल-इलेक्ट्रिक कार एक ऑटोमोबाइल है जो केवल बैटरी में संग्रहीत ऊर्जा का उपयोग करके एक या एक से अधिक इलेक्ट्रिक मोटरों द्वारा संचालित होती है. Internal combustion engine (ICE) वाहनों की तुलना में, इलेक्ट्रिक कारें सस्ती और वातावरण के लिए अच्छी होती है (Electric Cars Environment Friendly). विभिन्न चार्जिंग स्टेशनों पर इलेक्ट्रिक कार को चार्ज किया जा सकता है. इन चार्जिंग स्टेशनों को घरों और सार्वजनिक क्षेत्रों दोनों में स्थापित किया जा सकता है (Charging Station for Electric Car).
2021 तक, दुनिया भर में 6.6 मिलियन प्लग-इन इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री हुई जो 2020 की बिक्री के दोगुने से अधिक है, और वैश्विक नई कार बाजार में 9% की बाजार हिस्सेदारी हासिल कर रही है. 2021 में सभी इलेक्ट्रिक कारों ने प्लग-इन कार की बिक्री का 71% प्रतिनिधित्व किया. दिसंबर 2021 तक, दुनिया की सड़कों पर 16 मिलियन प्लग-इन इलेक्ट्रिक कारें उतर चुकी थीं (Selling of Electric Cars).
चीनी इलेक्ट्रिक कार निर्माता कंपनी Li Auto अपनी मशहूर एमपीवी Mega को बिल्कुल नए अंदाज में 2 सितंबर को पेश करने जा रही है.
MG Hector Tomahawk Phev: एमजी मोटर ने आज इंडियन मार्केट में अपनी हेक्टर के ईवी और प्लग-इन हाइब्रिड दोनों मॉडलों को लॉन्च किया है. Tomahawk PHEV देश की पहली प्लग-इन हाइब्रिड एसयूवी है. कंपनी का कहना है कि, फुल टैंक में ये एसयूवी 1100 किमी तक की रेंज देगी.
GoSun Moonrider Solar Tractor: गोसन मूनराइडर इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर की ख़ास बात ये है कि, इसमें रिमूवेबल सोलर पैनल दिया गया है. कंपनी का दावा है कि, इस पैनल की मदद से इस ट्रैक्टर की बैटरी खेतों में काम करने के दौरान ही चार्ज होती रहती है. डीजल ट्रैक्टरों के मुकाबले इसकी रनिंग कॉस्ट और मेंटनेंस काफी किफायती है.
टाटा के पोर्टफोलियो में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक कारें शामिल हैं. इसका फायदा कंपनी को हो रहा है. जहां टाटा की पेट्रोल-डीजल कारों की सेल्स नहीं हो रही थी. वहां इलेक्ट्रिक कारों ने अपना दम दिखाया है. टाटा हैरियर ईवी इसका एक अच्छा उदाहरण है. इस कार की लॉन्चिंग के बाद टाटा की बड़ी एसयूवी की सेल कई गुना बढ़ गई है.
बीवाईडी ने अपनी प्रीमियम एसयूवी का नया वेरिएंट लॉन्च किया है. ये वेरिएंट 8 लाख रुपये कम कीमत पर आता है. कीमत कम रखने के लिए कंपनी ने इसमें छोटी बैटरी और कुछ फीचर्स में कटौती की है. हम बात कर रहे हैं BYD Sealion 7 की. अब ये कार तीन वेरिएंट्स में आती है. इसमें 500KM से ज्यादा की रेंज मिलती है.
CAQM ने अपने फैसले के पीछे वाहनों से निकलने वाले PM2.5 प्रदूषण को भी प्रमुख वजह बताया है. ये नया नियम 1 जनवरी 2027 से लागू किया जाएगा, जो पूरे दिल्ली-एनसीआर में फेज़्ड मैनर में शुरू किया जाएगा.
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने सेंट्रल मोटर व्हीकल रूल, 1989 में बदलाव का ड्राफ्ट पेश किया है. जिसके तहत EV, CNG और हाइड्रोजन वाहनों का लाइफ स्पैन ( इस्तेमाल करने की उम्र) बढ़ाने की बात कही गई है.
Aerospace X1: सैकड़ों किलोमीटर की उड़ान और खर्च सिर्फ 480 रुपये. अमेरिका के एक स्टार्टअप के इलेक्ट्रिक विमान X1 ने पहली टेस्ट फ्लाइट के साथ हवाई सफर का फ्यूचर दिखा दिया है. अब कंपनी 30 यात्रियों वाले ES-30 हाइब्रिड एयरक्रॉफ्ट के जरिए उड़ान का खर्च 40 फीसदी से ज्यादा घटाने की तैयारी में है.
भारत के इलेक्ट्रिक कारों के निर्यात में पहली तिमाही में बड़ी बढ़ोतरी हुई है. निर्यात कमाई 22.2 मिलियन डॉलर से बढ़कर 369 मिलियन डॉलर हो गई और गाड़ियों की संख्या 1,309 से बढ़कर 10,802 हो गई. यूरोप सबसे बड़ा बाजार बना, जिसमें स्पेन पहले और ब्रिटेन दूसरे नंबर पर रहा. जर्मनी, नॉर्वे, डेनमार्क सहित कई यूरोपीय देशों में भी मांग बढ़ी.
Tata Nano की वापसी को लेकर चर्चा तेज हो गई है. Tata Motors के इंडिया डिजाइन हेड अजय जैन ने Nano को दोबारा तैयार करने की संभावना के संकेत दिए हैं. इलेक्ट्रिक वर्जन संभावित विकल्प हो सकता है, हालांकि कंपनी ने अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है. इसलिए फिलहाल इसकी वापसी को लेकर सिर्फ संभावनाएं और अटकलें हैं
Solar Car: यह एक दो दरवाजों वाली इलेक्ट्रिक कूपे है, जिसे ट्रेडिशनल कारों से थोड़ा अलग हटकर डिजाइन किया गया है. दावा किया जा रहा है कि, इस कार को चलने के लिए जितनी बिजली की जरूरत होगी, ये उससे कहीं ज्यादा इलेक्ट्रिसिटी जेनरेट करेगी.
जुलाई महीने में इलेक्ट्रिक कारों की सेल स्थिर रही है. टॉप 5 ब्रांड्स की बात करें, तो इनकी संयुक्त सेल 32,214 यूनिट्स पर पहुंच गई है.
Electric Vehicle Sales: दिल्ली में हाल ही में नई इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी (EV Policy) लागू हुई है. जिसके बाद इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में तगड़ी रफ्तार देखने को मिली है. ताजा आंकड़ों के अनुसार पिछले 3 महीनों में करीब 30,000 इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री हुई है.
V2V communication system Explain: कार का फ्यूचर कैसा होगा. पिछले एक दशक में गाड़ियां बहुत ज्यादा बदल गई हैं. कार हो या बाइक दोनों में अब मैकेनिकल पक्ष के साथ ही टेक्नोलॉजी पर भी काफी जोर दिया जा रहा है. ऐसी ही एक टेक्नोलॉजी को जोड़ने के लिए सरकार ने ड्राफ्ट तैयार किया है. आइए जानते हैं ये टेक्नोलॉजी क्या है.
Ethanol EV charger: तेलंगाना में Keto Motors के पहले इलेक्ट्रिक कमर्शियल बस के लॉन्च के मौके पर केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी ने कहा कि, कंपनी ने एक ख़ास इक्यूपमेंट डेवलप किया है जिसकी मदद से इलेक्ट्रिक वाहनों को ट्रेडिशनल बिजली की बजाय इथेनॉल की मदद से तैयार की गई इलेक्ट्रिसिटी से चार्ज किया जा सकेगा.
टाटा की गाड़ियों को लोग उनकी सेफ्टी के लिए जानते हैं. हाल में ही टाटा की एक और कार ने 5 स्टार सेफ्टी का लेबल हासिल कर लिया है.
भारत में बनी इलेक्ट्रिक कारों की मांग अब सिर्फ घरेलू बाजार तक सीमित नहीं रही. दुनिया के कई देशों में भी भारतीय EV तेजी से अपनी पहचान बना रही हैं.
इलेक्ट्रिक वर्टिकल टेक-ऑफ और लैंडिंग (eVTOL) एयरक्रॉफ्ट (The ePlane Company) और अपोलो हॉस्पिटल इंटरप्राइजेज लिमिटेड ने एक समझौता (MoU) किया है. इस साझेदारी के तहत देश में इलेक्ट्रिक एयर एम्बुलेंस और मेडिकल डिलीवरी ड्रोन सर्विस शुरू किया जाएगा.
फ्यूचर में हमारे देश में कारें किस फ्यूल पर चलेंगी. फिलहाल देश में पेट्रोल, इथेनॉल, सीएनजी और इलेक्ट्रिक कारें आती हैं. ऐसे में एक बड़ा सवाल ये है कि फ्यूचर किसका है. यानी भविष्य में हमें कौन-सी टेक्नोलॉजी देखने को मिलेगी. इस लिस्ट में रेंज एक्सटेंडर और प्लग-इन हाइब्रिड का नाम भी जुड़ने वाला है. आइए जानते हैं ये टेक्नोलॉजीज क्या हैं.
Upcoming Electric Cars: जल्द ही भारतीय बाजार में एक से बढ़कर एक शानदार इलेक्ट्रिक कारों की एंट्री होने वाली है. जो पूरा बाजार बदल देंगी.
भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री साल 2024 के 20 लाख यूनिट से बढ़कर साल 2025 में 26 लाख यूनिट तक पहुंच गई. यानी एक साल में 26 फीसदी की शानदार बढ़ोतरी दर्ज की गई. आने वाले सालों में भी EV सेक्टर में जबरदस्त ग्रोथ का अनुमान है.