मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना का लाभ पाने से वंचित रह गई महिलाओं के लिए राहत की उम्मीद जगी है. राज्य सरकार योजना से छूटी हुई महिलाओं के नाम जोड़ने के लिए पोर्टल दोबारा खोलने पर विचार कर सकती है. स्वास्थ्य राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने इस संबंध में संकेत दिए हैं. बुधवार को पत्रकारों से बातचीत के दौरान मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निकट भविष्य में लाड़ली बहना योजना से छूटी हुई महिलाओं के नाम जोड़ने की बात कही है. इसके लिए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को योजना के दायरे से बाहर रह गई महिलाओं की संख्या का आकलन करने के निर्देश दिए हैं. मंत्री के इस बयान के बाद उन महिलाओं को उम्मीद बंधी है, जो पात्र होने के बावजूद अब तक योजना में अपना नाम नहीं जुड़वा सकी हैं. हालांकि, अभी पोर्टल दोबारा खोलने को लेकर कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है.
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को दिए आकलन के निर्देश
मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने स्पष्ट किया कि फिलहाल यह नहीं बताया जा सकता कि लाड़ली बहना योजना का पोर्टल कब खोला जाएगा. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अधिकारियों को पहले यह पता लगाने के निर्देश दिए हैं कि योजना के लाभ से कितनी महिलाएं बाहर रह गई हैं. सरकार की ओर से इस आकलन के बाद आगे की प्रक्रिया पर निर्णय लिया जा सकता है. यदि पोर्टल दोबारा खोलने का फैसला होता है, तो योजना से वंचित रह गई महिलाओं को आवेदन करने का अवसर मिल सकता है.
हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि नए आवेदन कब से लिए जाएंगे, आवेदन की प्रक्रिया क्या होगी और पात्रता की शर्तों में कोई बदलाव किया जाएगा या नहीं. इन सभी बातों पर सरकार की आधिकारिक घोषणा का इंतजार है. 1.25 करोड़ महिलाओं के खातों में आई 41वीं किस्त लाड़ली बहना योजना को लेकर यह बयान ऐसे समय आया है, जब बुधवार, 14 अक्टूबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उमरिया जिले के गुरुवाही ग्राम में आयोजित राज्य स्तरीय लाड़ली बहना सम्मेलन में योजना की 41वीं किस्त जारी की.
मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक के जरिए योजना की 1.25 करोड़ पात्र महिलाओं के बैंक खातों में राशि ट्रांसफर की. इस दौरान करीब 1834 करोड़ रुपये से अधिक की राशि भेजी गई. इस कार्यक्रम के साथ ही योजना से जुड़ी महिलाओं के खातों में किस्त पहुंचने की प्रक्रिया आगे बढ़ी. वहीं, अब योजना से बाहर रह गई महिलाओं के नाम जोड़ने को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है.
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 23,882.81 करोड़ रुपये का बजट
मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के लिए मध्य प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में 23,882.81 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया है. योजना के तहत पात्र महिलाओं को आर्थिक सहायता दी जाती है. अब सरकार की ओर से योजना के दायरे से बाहर रह गई महिलाओं की संख्या का आकलन कराया जा रहा है. इस प्रक्रिया के बाद पोर्टल दोबारा खोलने को लेकर फैसला लिए जाने की संभावना है. फिलहाल महिलाओं को आवेदन शुरू होने की तारीख और पात्रता से जुड़ी आधिकारिक जानकारी का इंतजार करना होगा. मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल के बयान से पोर्टल दोबारा खुलने की उम्मीद जरूर जगी है, लेकिन अभी इसे लेकर अंतिम फैसला सामने नहीं आया है.