आपने आज तक बहुत सी कढ़ी खाई होंगी. कढ़ी चाहे पंजाबी स्टाइल बनी हो या फिर हरियाणवी स्टाइल सभी को बहुत स्वादिष्ट लगती है. लेकिन अगर आप कढ़ी का कोई नया वर्जन ट्राई करना चाहते हैं और रोजाना एक जैसी सब्जियां खाकर बोर हो गए हैं, तो आप राजस्थानी चना कढ़ी ट्राई कर सकते हैं. ये कढ़ी ना केवल स्वादिष्ट होती है, बल्कि पूरी तरह सात्विक भी होती है. बिना प्याज और लहसुन के बनने वाली ये ट्रेडिशनल डिश अपने गाढ़े स्वाद, देसी तड़के और चटपटे फ्लेवर के लिए खास पहचान रखती है.
दही, बेसन और उबले हुए काले चने से तैयार होने वाली ये कढ़ी खाने में इतनी स्वादिष्ट लगती है कि एक बार चखने के बाद बार-बार बनाने का मन करेगा. सरसों के तेल, मेथी दाना, हींग और कड़ी पत्ते का तड़का इसके स्वाद को कई गुना बढ़ा देता है. सबसे अच्छी बात ये है कि इसे बनाने में ज्यादा मेहनत नहीं लगती और ये रोटी, पराठे या गरमा-गरम चावल के साथ बेहद शानदार लगती है. चलिए जानते हैं कैसे बनाते हैं राजस्थानी कढ़ी.
राजस्थानी कढ़ी बनाने के लिए इंग्रेडिएंट्स
बनाने का तरीका:
1. राजस्थानी कढ़ी बनाने के लिए सबसे पहले एक कड़ाही में सरसों का तेल गरम करें. तेल गरम होने पर उसमें सरसों के दाने, साबुत लाल मिर्च, कड़ी पत्ता, मेथी दाना और हींग डालकर तड़का लगाएं.
2. अब इसमें उबले हुए काले चने डालें और 2-3 मिनट तक अच्छी तरह भून लें ताकि चनों में मसालों का स्वाद अच्छी तरह से मिल जाए.
3. अब एक बड़े बाउल में दही लें. इसमें बेसन, हल्दी, कश्मीरी लाल मिर्च पाउडर, धनिया पाउडर और पानी डालें. अब इस मिश्रण को अच्छी तरह फेंट लें ताकि इसमें कोई गांठ न रहे.
4. तैयार दही-बेसन का घोल कड़ाही में डाल दें. इसके बाद लगातार चलाते रहें जब तक इसमें पहली उबाल न आ जाए. ऐसा करने से कढ़ी फटती नहीं है.
5. उबाल आने के बाद नमक और गरम मसाला डालें. अब ढक्कन लगाकर कढ़ी को करीब 15 से 16 मिनट तक मीडियम फ्लेम पर पकने दें.
6. जब कढ़ी अच्छी तरह पक जाए तो इसमें कसूरी मेथी और बारीक कटा हुआ हरा धनिया डालें. इसके बाद सभी चीजों को अच्छी तरह मिला लें.
7. आपकी स्वादिष्ट, बिना प्याज-लहसुन वाली राजस्थानी चना कढ़ी तैयार है. इसे गरमा-गरम चावल, बाजरे की रोटी के साथ मजे से खा सकते हैं.