आपने देखा होगा कि जब भी लोग ट्रेन में यात्रा करते हैं और उनके पास कंफर्म सीट नहीं होती है तो वो कहते हैं- 'कुछ नहीं होगा, ट्रेन में जाकर टीटीई से कोई ना कोई जुगाड़ कर लेंगे.' लेकिन, क्या आप जानते हैं ट्रेन में टीटीई से लगाए जाने वाला ये जुगाड़ कभी आपको जेल में भी पहुंचा सकता है. अक्सर देखने को मिलता है कि जब ट्रेन टिकट नहीं होती है तो लोग टीटीई से डिफरेंस और पेनल्टी देकर सीट ले लेते हैं, जो एकदम कानूनी तरीका है. लेकिन, कई बार लोग टीटीई को कुछ पैसे देकर सीट का जुगाड़ करते हैं, जो गैरकानूनी है. कभी ये जुगाड़ जेल की हवा खिला सकता है.
आप सोच रहे होंगे कि जब टीटीई से बात हो गई है और उसने सीट दे दी है तो भला क्या दिक्कत हो सकती है. लेकिन, ऐसा नहीं है. बिना रसीद के किया गया जुगाड़ मुश्किल में डाल सकता है. इसका कारण ये है कि ट्रेन में सिर्फ टीटीई ही टिकट चेक नहीं करता है, बल्कि टीटीई के अलावा भी चेकिंग की जा सकती है. अगर ऐसा होता है तो जुगाड़ की सीट मुश्किल में डाल सकती है.
कैसे होती है वो चेकिंग?
दरअसल, आमतौर पर टिकट की चेकिंग दो जगह होती है. एक तो जब आप ट्रेन में यात्रा करते हैं तो टीटीई ट्रेन के अंदर यात्री की टिकट चेक करता है. इसके अलावा एक बार टिकट चेक स्टेशन पर होती है, जब आप स्टेशन से बाहर निकलते हैं तो टीसी यात्री की टिकट चेक कर सकता है. लेकिन, कई बार ट्रेन यात्रा के दौरान फ्लाइंग भी टिकट चेक कर सकती है. ये ट्रेन रूट में किसी भी स्टेशन से चढ़ जाते हैं और फिर यात्रियों की टिकट चेक करते हैं.
ऐसे में अगर किसी ने टीटीई को बिना रसीद लिए पैसे दिए हैं और सीट को जुगाड़ किया है तो मुश्किल हो सकती है. ऐसे में अगर आप अनारक्षित टिकट के साथ यात्रा कर रहे हैं या फिर बिना टिकट के यात्रा कर रहे हैं तो आप पर कार्रवाई की जा सकती है. अगर ईटिकट ली है और टिकट कंफर्म नहीं है तो आप बिना टिकट माने जाएंगे और उसके बाद फ्लाइंग टीम के सदस्य आप पर कार्रवाई कर सकते हैं. इस स्थिति में जुर्माना लगाया जाएगा और जुर्माना न देने पर जेल भी हो सकती है.
टिकट ना हो तो क्या करें?
अगर आपके पास टिकट नहीं हैं तो आप जनरल की टिकट लेकर आरक्षित डिब्बे में जा सकते हैं. लेकिन, उसके बाद टीटीई से डिस्टेंस की रसीद कटवा लें और नियमों के अनुसार जो चार्ज बनता है, वो टीटीई को देकर रसीद ले लें. इस स्थिति में आप आसानी से यात्रा कर सकते हैं. इसलिए कभी भी बिना रसीद के टीटीई को पैसे ना दें.